कागज को कहा अलविदा….अब टैबलेट से होगी बाड़मेर की जनगणना, ट्रायल किया शुरू

बाड़मेर. जनगणना का पारंपरिक तरीका अब डिजिटल रूप लेने जा रहा है, राजस्थान में पहली बार बाड़मेर जिले के चुनिंदा हिस्सों में डिजिटल जनगणना का प्री-टेस्ट शुरू किया गया है. इस पहल में बाड़मेर तहसील के 30 गांव और नगर परिषद क्षेत्र के 12 वार्ड शामिल किए गए हैं. इसके साथ ही प्रदेश के जयपुर नगर निगम हैरिटेज के किशनपोल क्षेत्र और डूंगरपुर जिले की गलियाकोट तहसील में भी यह सर्वे किया जा रहा है.
जनगणना के इतिहास में पहली बार कलम और कागज की जगह अब टैबलेट और मोबाइल ऐप लेने जा रहे हैं. बाड़मेर तहसील के 30 गांवों और नगर परिषद के 12 वार्डों में डिजिटल जनगणना का ट्रायल शुरू हुआ है, जिसमें परिवारों से 34 तरह की जानकारियां मोबाइल ऐप के जरिए जुटाई जा रही हैं. इस डिजिटल सर्वे में घर-घर जाकर परिवारों से कई तरह के सवाल पूछे जाएंगे.
घर-घर जाकर पूछे जाएंगे ये 34 सवाल, जिनसे होगी डिजिटल जनगणना
इसमें यह पूछा जाएगा कि आपके पास लैपटॉप या स्मार्टफोन है या नहीं, घर में शौचालय है या नहीं, मकान पक्का है या कच्चा, वाहन कौन-कौन से हैं और पीने के पानी का मुख्य स्रोत क्या है. इसके साथ ही 34 तरह की जानकारियां ली जाएंगी, जो सरकार की विकास योजनाओं की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगी.
सुदूर बाड़मेर तहसील और नगर परिषद को शामिल किया गया
बाड़मेर जनसांख्यिकी अधिकारी जसवंत गौड़ के मुताबिक, बाड़मेर जैसे सरहदी जिले में इस पहल की शुरुआत अपने आप में महत्वपूर्ण है. अब तक कागज और कलम से होने वाली जनगणना जब मोबाइल स्क्रीन पर पहुंचेगी, तो यह गांवों से लेकर शहरों तक डिजिटल इंडिया की दिशा में एक और बड़ा कदम साबित होगा. बाड़मेर के प्रगणकों की 3 से 5 नवंबर को ट्रेनिंग आयोजित करवाई जा रही है. बाड़मेर तहसील क्षेत्र में 35 प्रगणक और नगर परिषद बाड़मेर क्षेत्र में 27 प्रगणकों की ड्यूटी लगाई गई है.
बाड़मेर ग्रामीण तहसील के 30 और नगर परिषद के 10 वार्डों से होगी शुरुआत
बाड़मेर तहसील के भादरेश, गांधी, झरवा, दौलाणियों की ढाणी, शिवपुरा, मीठासर, बीबेरा, गुडीसर, रावली ढाणी, आदर्श बस्ती गुडीसर, लूणू कल्ला, लूणू आगोर, चूली, हापों की ढाणी, जेठेजी की ढाणी, लूणू खुर्द, जसवंतसिंहपुरा, ऊदल नगर, दरूड़ा, दांता, उम्मेद नगर, असाड़ा की बेरी, विश्वकर्मा बस्ती, मनशोणियों की बस्ती, तनसिंहपुरा, वीरम नगर, सोमाणियों की ढाणी, गेहूं, जोगनगर, वीरभान नगर, मीठड़ी खुर्द समेत 30 गांव शामिल हैं, जबकि बाड़मेर नगर परिषद में वार्ड संख्या 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10, 11, 12 और 29 को शामिल किया गया है.
कलेक्टर टीना डाबी बोलीं – “डिजिटल जनगणना से पारदर्शिता और सटीक आंकड़े आएंगे”
बाड़मेर जिला कलेक्टर टीना डाबी के मुताबिक, बाड़मेर जिले में डिजिटल जनगणना का यह प्री-टेस्ट प्रदेश स्तर पर एक महत्वपूर्ण प्रयोग है. इससे यह परखा जाएगा कि तकनीक के जरिए आंकड़े किस तरह अधिक सटीक और तेज़ी से जुटाए जा सकते हैं. उन्होंने कहा कि जनगणना कर्मियों को टैबलेट और ऐप के उपयोग का प्रशिक्षण दिया गया है, ताकि डेटा संकलन पूरी तरह सटीक और पारदर्शी हो.



