बाजार में मंदी भूल जाइए! इन शेयरों में आने वाला है ‘बुल रन’, ब्रोकरेज ने बताए 2026 के कमाई वाले शेयर

नई दिल्ली. साल 2025 भारतीय शेयर बाजार के लिए उतार-चढ़ाव से भरा रहा. इस साल मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में दबाव देखने को मिला. वैश्विक अनिश्चितता, ब्याज दरों को लेकर आशंकाएं और विदेशी निवेशकों की बिकवाली ने व्यापक बाजार की चाल को कमजोर किया. नया साल लगने में अब बस कुछ ही दिन बाकी है. अब हर कोई जानना चाहता है कि साल 2026 में शेयर बाजार की चाल कैसी रहेगी और किन शेयरों में पैसा बनेगा.
घरेलू ब्रोकरेज फर्म बजाज ब्रोकिंग ने 2026 के लिए अपने चुनिंदा टॉप स्टॉक पिक्स जारी किए हैं. ब्रोकरेज का मानना है कि मजबूत तकनीकी संकेतकों, बेहतर चार्ट पैटर्न और सकारात्मक मोमेंटम के दम पर ये शेयर आने वाले समय में निवेशकों को डबल डिजिट रिटर्न देने की क्षमता रखते हैं. बजाज ब्रोकिंग की इस सूची में एटरनल, इटरनल (Eternal), लॉयड्स मेटल्स एंड एनर्जी और कोटक महिंद्रा बैंक शेयर शामिल हैं.
कैसा है इटरनल शेयर का भविष्य
Eternal पिछले दो से तीन महीनों से करेक्शन फेज में बना हुआ है. हालांकि, अब यह शेयर एक अहम डिमांड ज़ोन के पास कंसोलिडेट करता दिखाई दे रहा है. बजाज ब्रोकिंग का कहना है कि तकनीकी नजरिए से यह स्थिति निवेशकों के लिए आकर्षक मानी जाती है, क्योंकि यहां रिस्क सीमित और संभावित रिवॉर्ड ज्यादा नजर आता है. फिलहाल Eternal का शेयर ₹280–270 के मजबूत डिमांड ज़ोन के आसपास बेस बना रहा है. इस स्तर पर कई तकनीकी संकेतक एक साथ सपोर्ट देते दिख रहे हैं, जिससे यह संभावना बढ़ जाती है कि शेयर यहां से बुलिश रिवर्सल दिखा सकता है.
ओवरसोल्ड कंडीशन से धीरे-धीरे बाहर निकलना भी इस बात का संकेत है कि दबाव कम हो रहा है. बजाज ब्रोकिंग का मानना है कि आने वाले महीनों में Eternal ₹323 के स्तर की ओर बढ़ सकता है. यह स्तर न केवल ₹368 से ₹280 की गिरावट का 50 फीसदी फिबोनाची रिट्रेसमेंट है, बल्कि नवंबर 2025 के हाई के आसपास भी आता है. इस वजह से यह एक अहम रेजिस्टेंस ज़ोन माना जा रहा है.
लॉयड्स मेटल्स एंड एनर्जी शेयर
बजाज ब्रोकिंग का कहना है कि Lloyds Metals and Energy ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण तकनीकी संकेत दिया है. शेयर ने पिछले छह महीनों से बनी फॉलिंग चैनल संरचना के ऊपर निर्णायक ब्रेकआउट दर्ज किया है. यह ब्रेकआउट इस बात का संकेत है कि करेक्टिव ट्रेंड अब खत्म हो सकता है और एक नया बुलिश फेज शुरू होने की संभावना बन रही है.
लॉन्ग-टर्म ट्रेंड के लिहाज से देखें तो 52-महीने का EMA पिछले पांच वर्षों से इस शेयर के लिए मजबूत सपोर्ट के रूप में काम करता रहा है. यह औसत फिलहाल ₹1,209 के आसपास स्थित है, जो गिरावट की स्थिति में मजबूत सुरक्षा कवच प्रदान करता है. ब्रोकरेज को उम्मीद है कि Lloyds Metals and Energy धीरे-धीरे ₹1,523 के स्तर की ओर बढ़ सकता है. यह टारगेट ₹1,612 से ₹1,170 की गिरावट का 80 फीसदी फिबोनाची रिट्रेसमेंट है. इसके अलावा, मोमेंटम इंडिकेटर्स भी इस तेजी की पुष्टि कर रहे हैं. वीकली चार्ट पर 14-पीरियड RSI का अपने 9-पीरियड एवरेज के ऊपर जाना एक स्पष्ट बाय सिग्नल माना जा रहा है.
कोटक महिंद्रा शेयर खरीदने की भी सलाह
बजाज ब्रोकिंग का कहना है कि कोटक महिंद्रा बैंक शेयर ₹1,600–2,000 की लगभग पांच साल पुरानी कंसोलिडेशन रेंज के ऊपर मजबूती से निकल चुका है. यह ब्रेकआउट दीर्घकालिक प्राइस स्ट्रक्चर में सुधार और ट्रेंड में बदलाव को दर्शाता है. लंबे समय तक साइडवेज रहने के बाद इस तरह का ब्रेकआउट आमतौर पर मजबूत अपट्रेंड की शुरुआत माना जाता है. ₹2,000 का स्तर, जो पहले एक बड़ा रेजिस्टेंस था, अब मजबूत सपोर्ट ज़ोन में तब्दील हो चुका है. इसके अलावा, 52-महीने का EMA भी पिछले पांच वर्षों में लगातार सपोर्ट देता रहा है.
फिलहाल कोटक महिंद्रा शेयर ₹1,860–1,900 के दायरे में है और लॉन्ग-टर्म ट्रेंडलाइन के साथ मेल खाता है. इससे डाउनसाइड रिस्क सीमित होता दिख रहा है. बजाज ब्रोकिंग के अनुसार, 5 साल की रेंज ब्रेकआउट के मेज़र्ड मूव को देखें तो कोटक महिंद्रा बैंक शेयर अगले एक साल में ₹2,400 के आसपास तक पहुंच सकता है. कुल मिलाकर, मीडियम से लॉन्ग टर्म के नजरिए से इस शेयर का आउटलुक सकारात्मक बना हुआ है.
(Disclaimer: यहां बताए गए स्टॉक्स ब्रोकरेज हाउसेज की सलाह पर आधारित हैं. यदि आप इनमें से किसी में भी पैसा लगाना चाहते हैं तो पहले सर्टिफाइड इनवेस्टमेंट एडवायजर से परामर्श कर लें. आपके किसी भी तरह की लाभ या हानि के लिए लिए जिम्मेदार नहीं होगा.)



