राजस्थान को आज भी भिगोएगी बारिश, 17 जिलों में अलर्ट, 40-50 Kmph की रफ्तार से चलेंगी तेज हवाएं

जयपुर. राजस्थान में मानसून की विदाई के बीच सितंबर के आखिरी दिनों में मौसम एक बार फिर करवट ले रहा है. दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की रेखा अब राजस्थान के उदयपुर तक पहुंच चुकी है, लेकिन उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय मौसमी प्रणालियों के असर से प्रदेश के कई हिस्सों में 28 और 29 सितंबर को बारिश, मेघगर्जन और तेज हवाओं का दौर देखने को मिल सकता है. आईएमडी के अनुसार 28 सितंबर को 17 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया गया है, जबकि सीकर और आसपास के इलाकों के लिए ऑरेंज अलर्ट में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तीव्र मेघगर्जन की संभावना जताई गई है. आईएमडी के मुताबिक मानसून की वापसी की रेखा गुरदासपुर, चंडीगढ़, मुजफ्फरनगर, अलीगढ़, धौलपुर, उदयपुर, डीसा और नलिया तक बनी हुई है. यानी राजस्थान के बड़े हिस्से से मानसून की विदाई की प्रक्रिया जारी है.
इसके बावजूद मौसम में यह बदलाव उत्तर प्रदेश के मध्य भागों और आसपास बना वेल मार्क्ड लो प्रेशर एरिया तथा उत्तर-पश्चिम भारत के ऊपर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से हो रहा है. राजस्थान में 27 सितंबर को मौसम ने करवट ली और पूर्वी व उत्तरी हिस्सों के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और बूंदाबांदी हुई. जयपुर, अजमेर और भरतपुर संभाग में कई जगह बादल गरजे और वज्रपात के साथ खंड वर्षा दर्ज की गई. वहीं बीकानेर, दौसा, चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, नागौर और श्रीगंगानगर के कुछ इलाकों में 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ ओला गिरे और हल्की बारिश के साथ बौछारें पड़ीं. मौसम विभाग के अनुसार अधिकांश स्थानों पर बारिश 0 से 30 मिलीमीटर के बीच रही. बारिश के बाद कई इलाकों में तापमान 5 से 10 डिग्री तक गिरा, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली. हालांकि जोधपुर, बाड़मेर और जैसलमेर समेत पश्चिमी राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहा.
राजस्थान में दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी जारी है और इसकी रेखा उदयपुर तक पहुंच चुकी है
28 सितंबर को इन जिलों में बारिश के आसार
28 सितंबर को पूर्वी राजस्थान के अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झुंझुनूं, करौली, खैरथल-तिजारा, कोटपूतली-बहरोड़ और सीकर में मेघगर्जन, वज्रपात, हल्की से मध्यम बारिश और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना है. पश्चिमी राजस्थान में बीकानेर, चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, नागौर और श्रीगंगानगर में भी गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट है.
29 सितंबर को पूर्वी राजस्थान में हल्की बारिश के आसार
जयपुर मौसम विज्ञान केन्द्र के अनुसार जयपुर, भरतपुर और अजमेर संभाग में 28 से 29 सितंबर तक कहीं-कहीं बारिश की संभावना जताई है. 28 सितंबर को बीकानेर संभाग में भी बारिश हो सकती है. वहीं 29 सितंबर को पूर्वी राजस्थान में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश की संभावना बनी रहेगी. इसके बाद पश्चिमी राजस्थान में 29 सितंबर से और पूर्वी राजस्थान में 30 सितंबर से मौसम मुख्यतः शुष्क होने का अनुमान है. अगले 5-6 दिनों में प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश की गतिविधियां सीमित रहने की संभावना है.
28 सितंबर को राजस्थान के 17 जिलों में मेघगर्जन, वज्रपात, बारिश और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज हवाओं का येलो अलर्ट है
फलोदी और जैसलमेर रहा राजस्थान का सबसे गर्म जिला
• राजस्थान में दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी जारी है और इसकी रेखा उदयपुर तक पहुंच चुकी है, लेकिन कई इलाकों में बारिश का दौर बना हुआ है.
• 28 सितंबर को राजस्थान के 17 जिलों में मेघगर्जन, वज्रपात, बारिश और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज हवाओं का येलो अलर्ट है.
• सीकर और आसपास के क्षेत्रों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहां 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज हवाओं के साथ बारिश संभव है.
• पूर्वी राजस्थान के अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झुंझुनूं, करौली और अन्य जिलों में मौसम प्रभावित रहने की संभावना है.
• पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर, चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, नागौर और श्रीगंगानगर में भी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी है.
• उत्तर प्रदेश के मध्य भागों पर बना वेल मार्क्ड लो प्रेशर एरिया कमजोर होकर लो प्रेशर एरिया में बदल रहा है, जिसका असर राजस्थान के मौसम पर भी है.
पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर, चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, नागौर और श्रीगंगानगर में भी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी है.
• उत्तर-पश्चिम भारत के ऊपर सक्रिय नया पश्चिमी विक्षोभ भी राजस्थान के कुछ हिस्सों में बादल, बारिश और तेज हवाओं की गतिविधि को प्रभावित कर रहा है.
• 29 सितंबर को पूर्वी राजस्थान में कहीं-कहीं हल्की बारिश की संभावना है, जबकि पश्चिमी राजस्थान में इसी दिन से मौसम मुख्यतः शुष्क होने लगेगा.
• 30 सितंबर से 3 अक्टूबर के बीच पूर्वी राजस्थान में भी मौसम मुख्यतः शुष्क रहने का अनुमान है और अगले पांच से छह दिनों में बारिश सीमित रह सकती है.
• फलोदी में 42 डिग्री और जैसलमेर में 40.5 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज हुआ था, जिसके बाद कई इलाकों में मौसम से राहत मिली है.
जयपुर में अधिकतम तापमान करीब 33-34 डिग्री रह सकता है
बीते दिनों तेज गर्मी के बाद मौसम में बदलाव से तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है. 26 सितंबर को फलोदी में प्रदेश का सर्वाधिक अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ था, जबकि जैसलमेर में 40.5 डिग्री तापमान रहा. इसके बाद कई इलाकों में बादल और बारिश के कारण तापमान में राहत मिली है. 28 सितंबर को जयपुर में अधिकतम तापमान करीब 33-34 और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस रह सकता है. भरतपुर में अधिकतम 31-32 और न्यूनतम 23-24 डिग्री, बीकानेर में अधिकतम 36-37 और न्यूनतम 26-27 डिग्री तथा सीकर में अधिकतम 33-35 और न्यूनतम 23-24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है. राजस्थान में बारिश सामान्य से करीब 22 प्रतिशत कम रही है. अब मानसून की वापसी के साथ प्रदेश धीरे-धीरे शुष्क मौसम की ओर बढ़ रहा है.
पूर्वी राजस्थान के अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झुंझुनूं, करौली और अन्य जिलों में मौसम प्रभावित रहने की संभावना है.
28 सितंबर को राजस्थान में कहां बारिश होगी?
28 सितंबर को राजस्थान के कई हिस्सों में बारिश की संभावना है. पूर्वी राजस्थान के अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, जयपुर, झुंझुनूं, करौली, खैरथल-तिजारा, कोटपूतली-बहरोड़ और सीकर में मेघगर्जन के साथ बारिश हो सकती है. पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर, चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, नागौर और श्रीगंगानगर में भी कहीं-कहीं बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं.
राजस्थान में बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट क्यों जारी हुआ है?
राजस्थान में मौसम बदलाव के पीछे दो प्रमुख मौसमी प्रणालियां बताई गई हैं. उत्तर प्रदेश के मध्य भागों और आसपास बना वेल मार्क्ड लो प्रेशर एरिया कमजोर होकर लो प्रेशर एरिया में बदल रहा है. इसके अलावा उत्तर-पश्चिम भारत के ऊपर नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है. इन प्रणालियों के प्रभाव से राजस्थान के कई हिस्सों में मेघगर्जन, बारिश और तेज हवाओं की संभावना बनी है.
28 सितंबर को सीकर में मौसम कैसा रहेगा?
सीकर और आसपास के क्षेत्रों के लिए मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. यहां कहीं-कहीं मध्यम से तीव्र मेघगर्जन के साथ अचानक 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. इसके साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना भी है. ऐसे में खुले स्थानों पर रहने वाले लोगों को मौसम में अचानक बदलाव के दौरान विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है.
राजस्थान में मानसून की विदाई कब तक पूरी होगी?
राजस्थान में दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की प्रक्रिया जारी है. आईएमडी के अनुसार वापसी की रेखा उदयपुर तक पहुंच चुकी है. 29 सितंबर से पश्चिमी राजस्थान में बारिश की गतिविधियां कम होने और मौसम शुष्क होने की संभावना है. पूर्वी राजस्थान में 30 सितंबर से मौसम मुख्यतः शुष्क रह सकता है. इसके बाद अगले पांच से छह दिनों में प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश की गतिविधियां सीमित रहने का अनुमान है.
राजस्थान में गर्मी से कितनी राहत मिली है?
मानसून की वापसी के बाद राजस्थान के कई हिस्सों में तापमान बढ़ गया था. फलोदी में अधिकतम तापमान 42 डिग्री और जैसलमेर में 40.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. इसके बाद पश्चिमी विक्षोभ और बारिश की गतिविधियों से कई स्थानों पर अधिकतम तापमान में गिरावट आई है. 28 सितंबर को जयपुर समेत कई शहरों में तापमान 31 से 37 डिग्री के आसपास रहने का अनुमान है.



