Health

फोन देखने से पहले 10 मिनट करें ओम का जाप, मन से लेकर नींद तक मिलेंगे चौंकाने वाले फायदे, आज से ही करें शुरू

होमताजा खबरधर्म

फोन देखने से पहले 10 मिनट करें ओम का जाप, मन से लेकर नींद तक मिलेंगे कई फायदे

Last Updated:October 01, 2026, 22:01 IST

Om Chanting Benefits: सुबह कुछ मिनट ओम का जाप करना दिन की शुरुआत में शांत समय देने वाला आसान अभ्यास हो सकता है. सांस और आवाज पर ध्यान लगाने से रिलैक्स महसूस करने और फोकस बनाने में मदद मिल सकती है. इसे नियमित दिनचर्या का हिस्सा बनाया जा सकता है.

ख़बरें फटाफट

फोन देखने से पहले 10 मिनट करें ओम का जाप, मन से लेकर नींद तक मिलेंगे कई फायदेZoomOm Chanting Benefits: सुबह 10 मिनट जाप के फायदे (Image-AI generated)

Om Chanting Benefits: सुबह आंख खुलते ही फोन देखने के बजाय अगर कुछ मिनट खुद के साथ बिताए जाएं तो दिन की शुरुआत थोड़ी अलग महसूस हो सकती है. ओम का जाप इसी तरह का सरल अभ्यास है, जिसके लिए किसी खास तैयारी या जगह की जरूरत नहीं पड़ती. शांत बैठकर कुछ देर ओम का उच्चारण करना और अपनी सांस पर ध्यान देना कई लोगों के लिए मेडिटेशन जैसा अनुभव देता है. खासकर जब सुबह से ही काम, घर और दूसरी जिम्मेदारियों की लिस्ट दिमाग में घूमने लगे, तब 5 से 10 मिनट का यह ब्रेक मन को ठहरने का मौका दे सकता है.

हालांकि ओम जाप को किसी बीमारी का इलाज नहीं माना जाना चाहिए. इसे रोजमर्रा की दिनचर्या में एक रिलैक्सेशन अभ्यास के तौर पर अपनाया जा सकता है.

ओम जाप से सुबह की शुरुआत क्यों करें

सुबह का शुरुआती समय अक्सर पूरे दिन की रफ्तार तय करता है. उठते ही फोन, मैसेज और काम की चिंता शुरू हो जाए तो दिमाग को शांत होने का मौका कम मिलता है. ऐसे में कुछ मिनट एक जगह बैठकर ओम का जाप करना ध्यान को एक बिंदु पर लाने का आसान तरीका हो सकता है. ओम का उच्चारण करते समय आवाज, सांस और शरीर की स्थिति पर ध्यान देना होता है. इससे कुछ देर के लिए दूसरे विचारों से दूरी बनाने में मदद मिल सकती है. शुरुआत में पांच मिनट का अभ्यास भी पर्याप्त हो सकता है. आदत बनने पर इसे 10 मिनट तक किया जा सकता है.

तनाव और बेचैनी में मिल सकता है आराम

दिनभर की व्यस्तता के बीच दिमाग में कई तरह के विचार चलते रहते हैं. कभी ऑफिस का काम, कभी घर की जिम्मेदारियां और कभी आने वाले दिन की चिंता. ऐसे समय में शांत बैठना अपने आप में एक छोटा ब्रेक बन जाता है. ओम जाप के दौरान लगातार आवाज और सांस पर ध्यान रखने से मन को कुछ देर एक ही गतिविधि में लगाए रखने में मदद मिल सकती है. यह तनाव का इलाज नहीं है, लेकिन रिलैक्सेशन रूटीन का हिस्सा जरूर बनाया जा सकता है.

सांस पर ध्यान देना भी है अहम

ओम का जाप करते समय आमतौर पर सांस लेकर धीरे-धीरे उसका उच्चारण किया जाता है. इससे व्यक्ति कुछ समय तक अपनी सांस की गति पर ध्यान देता है. धीमी और सहज सांस लेने का अभ्यास कई लोगों को शांत महसूस करा सकता है. हालांकि, सांस लेने में परेशानी या किसी अन्य स्वास्थ्य समस्या से जूझ रहे लोगों को केवल इस अभ्यास पर निर्भर नहीं रहना चाहिए. जरूरत पड़ने पर डॉक्टर की सलाह लेना ज्यादा जरूरी है.

सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी.

एकाग्रता बढ़ाने वाली आदत बन सकती है

आजकल लगातार नोटिफिकेशन और स्क्रीन के कारण ध्यान एक जगह टिकाना मुश्किल हो जाता है. ओम जाप के दौरान कुछ मिनट फोन से दूर रहकर सिर्फ आवाज और सांस पर ध्यान देने से मन को एक गतिविधि पर केंद्रित करने का अभ्यास मिलता है. सुबह पढ़ाई या काम शुरू करने से पहले कुछ मिनट यह अभ्यास करना एक शांत शुरुआत दे सकता है. इसका मतलब यह नहीं कि इससे एकाग्रता की समस्या खत्म हो जाएगी, लेकिन ध्यान लगाने की नियमित आदत बनाने में मदद मिल सकती है.

रात में भी कर सकते हैं ओम का जाप

ओम जाप सिर्फ सुबह तक सीमित नहीं है. जिन लोगों को रात में सोने से पहले दिमाग शांत करने में परेशानी होती है, वे इसे अपने रिलैक्सेशन रूटीन में शामिल कर सकते हैं. कुछ मिनट शांत बैठकर धीमी सांस के साथ जाप करने से सोने से पहले स्क्रीन और दिनभर की भागदौड़ से दूरी बनाने का मौका मिल सकता है. अगर नींद की परेशानी लगातार बनी हुई है तो उसकी वजह समझना जरूरी है. ऐसे मामलों में सिर्फ ओम जाप को उपचार मानना सही नहीं होगा.

10 मिनट ओम जाप करने का आसान तरीका

सुबह किसी शांत जगह पर आराम से बैठें. आंखें बंद करें और कुछ सामान्य सांसें लें. इसके बाद धीरे-धीरे सांस छोड़ते हुए ओम का उच्चारण करें. आवाज पर ध्यान रखने की कोशिश करें और मन भटके तो दोबारा सांस और जाप पर ध्यान ले आएं. शुरुआत पांच मिनट से की जा सकती है. सहज लगे तो इसे धीरे-धीरे 10 मिनट तक बढ़ाएं. अभ्यास के दौरान फोन को दूर रखना और जल्दबाजी न करना बेहतर रहेगा.

About the AuthorKeerti Rajpoot

कीर्ति राजपूत हिंदी डिजिटल मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया की एक अनुभवी पत्रकार हैं. उन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 13 साल का अनुभव है. वर्तमान में वह साल 2021 से हिंदी की धर्म टीम के साथ जुड़ी हैं, जहां…

और पढ़ेंFirst Published :

October 01, 2026, 22:01 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj