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बाड़मेर से जैसलमेर तक ऊंटनी के दूध की खास पहचान, क्या सच में यह है नेचुरल हेल्थ टॉनिक? जानें

Last Updated:October 12, 2026, 14:39 IST

Camel Milk Health Benefits: ऊंटनी का दूध न सिर्फ डायबिटीज़ को कंट्रोल करने में असरदार होता है बल्कि यह बुजुर्गों से लेकर बच्चों तक सभी के लिए एक नेचुरल हेल्थ टॉनिक की तरह काम करता है. बाड़मेर, जैसलमेर, बालोतरा, बीकानेर, जालौर सहित रेगिस्तानी इलाको में ऊंटनी बहुतायत में पाई जाती है.

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बाड़मेर. सुबह की चाय हो या बच्चों के पोषण का गिलास, दशकों से गाय और भैंस का दूध ही पहली पसंद रहा है लेकिन अब रेगिस्तान में एक ऐसा दूध आपकी सेहत की दुनिया में तहलका मचा रहा है, जिसने बड़े-बड़े सुपरफूड्स को पीछे छोड़ दिया है.जी हां! हम बात कर रहे हैं ऊंटनी के दूध की जिसे आज न्यूट्रिशनिस्ट और मेडिकल एक्सपर्ट्स यूं ही ‘सफेद सोना’ नहीं कहते हैं.

थार के रेगिस्तानी इलाकों में ऊंटनी का दूध सेहत का खजाना माना जाता है. बाड़मेर, जैसलमेर और बीकानेर जैसे इलाकों में आसानी से मिलने वाला ऊंटनी का दूध अब वैज्ञानिक शोध और हेल्थ मार्केट का हॉट प्रोडक्ट बन चुका है. कभी थार के पशुपालकों की रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा रहा ऊंटनी का दूध अब पोषण और स्वास्थ्य से लिहाज से बेहद गुणकारी माना गया गया है. इसमें प्रोटीन, वसा, लैक्टोज, कैल्शियम, पोटेशियम और कई विटामिन पाए जाते हैं.

खाद्य पदार्थ के बजाय पोषण महत्वपूर्ण मानाआयुर्वेद विभाग के उप निदेशक ड़ॉ रमेश धनदे के मुताबिक ऊंटनी के दूध में लैक्टोफेरिन, लाइसोजाइम और इम्युनोग्लोबुलिन जैसे जैव सक्रिय प्रोटीन पाए जाते हैं. इन घटकों से शरीर की प्रतिरक्षा और रोगाणुओं के प्रति लड़ने की दोगुनी क्षमता होती है. यही वजह है कि ऊंटनी के दूध को केवल एक पारंपरिक खाद्य पदार्थ के बजाय पोषण की दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना गया है.

डायबिटीज़ कंट्रोल में बेहद असरदार होता ऊंटनी का दूध न सिर्फ डायबिटीज़ को कंट्रोल करने में असरदार होता है बल्कि यह बुजुर्गों से लेकर बच्चों तक सभी के लिए एक नेचुरल हेल्थ टॉनिक की तरह काम करता है. बाड़मेर, जैसलमेर, बालोतरा, बीकानेर, जालौर सहित रेगिस्तानी इलाको में ऊंटनी बहुतायत में पाई जाती है. ऊंटनी के दूध में इंसुलिन जैसे गुण पाए जाते हैं जो डायबिटीज़ कंट्रोल में बेहद असरदार होता हैं.

पाचन तंत्र को मजबूत करने का काम करताबाड़मेर के बाजार में यह 100 रुपये प्रति लीटर के हिसाब से बिक रहा है. ऊंटनी का दूध गाय-भैंस, भेड़-बकरी के दूध की तुलना में पतला और कम चिपचिपा होता है. यह दूध गाय-भैंस के दूध की तुलना में कम फैट और अधिक विटामिन C से भरपूर होता है.ऊंटनी के दूध में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स त्वचा को स्वस्थ और जवां बनाए रखते हैं. यही वजह है कि इसे कई ब्यूटी प्रोडक्ट्स में भी इस्तेमाल किया जाता है. बाड़मेर आयुर्वेद विभाग के उप निदेशक ड़ॉ रमेश कुमार धनदे के मुताबिक यह डायबिटीज को कम करने, हड्डियों, जोड़ो, ह्रदय और पाचन तंत्र को मजबूत करने का काम करता है.

About the AuthorJagriti Dubey

मेरा नाम जागृति दुबे है. मीडिया और डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में पिछले 6 वर्षों से सक्रिय हूं. पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को मैंने वर्ष 2019 में GBN 24 न्यूज़ चैनल से इंटर्नशिप के साथ शुरुआत देकर एक पेशेव…

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Barmer,Rajasthan

First Published :

October 12, 2026, 14:39 IST

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