Rajasthan

Jodhpur News: कॉफी की झाग पर साकार किए मां दुर्गा के 7 स्वरूप, अनुराधा आडवाणी की कला ने जीता दिल

Last Updated:October 18, 2026, 11:16 IST

Jodhpur News: नवरात्रि में कलाकार अनुराधा आडवाणी ने कॉफी की झाग पर मां दुर्गा के सात स्वरूपों को उकेरकर भक्ति और कला का अनूठा संगम पेश किया है. मां शैलपुत्री से मां कालरात्रि तक देवी के दिव्य स्वरूपों को बारीकी से उकेरने की उनकी कला लोगों का ध्यान खींच रही है.

नवरात्रि के पहले दिन पूजी जाने वाली मां शैलपुत्री को शक्ति, पवित्रता और प्रकृति का प्रतीक माना जाता है. अनुराधा आडवाणी ने कॉफी की झाग पर मां शैलपुत्री के स्वरूप को बेहद बारीकी से उकेरा है। देवी के पारंपरिक स्वरूप और उनके प्रतीकों को कॉफी की सतह पर आकार देना उनकी कलात्मक कुशलता को दर्शाता है। यह रचना नवरात्रि की शुरुआत में श्रद्धा और सकारात्मकता का संदेश देती है.

नवरात्रि के दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की पूजा की जाती है.उनका स्वरूप तपस्या, धैर्य और दृढ़ संकल्प का प्रतीक है. कॉफी कला के माध्यम से अनुराधा आडवाणी ने मां ब्रह्मचारिणी के प्रति अपनी श्रद्धा को अनोखे अंदाज में व्यक्त किया है. हाथ जोड़कर देवी के समक्ष नमन करती कलाकार की तस्वीर इस रचनात्मक प्रयास में आस्था और समर्पण के भाव को भी उजागर करती है.

नवरात्रि के तीसरे दिन मां चंद्रघंटा की आराधना की जाती है. उनका स्वरूप साहस, पराक्रम और नकारात्मक शक्तियों से रक्षा का प्रतीक माना जाता है. अनुराधा आडवाणी ने कॉफी की झाग पर मां चंद्रघंटा की आकृति उकेरकर देवी के पारंपरिक स्वरूप को जीवंत रूप देने का प्रयास किया है. कॉफी की सीमित सतह पर देवी के स्वरूप और उनके प्रतीकों को आकार देना इस कला को खास बनाता है.

Add as Preferred Source on Google

नवरात्रि के पांचवें दिन मां स्कंदमाता की आराधना की जाती है. मां का यह स्वरूप वात्सल्य, ममता और संतान के प्रति प्रेम का प्रतीक है. अनुराधा आडवाणी ने कॉफी की झाग पर मां स्कंदमाता के स्वरूप को आकार देकर मातृत्व की भावना को कला से जोड़ने का प्रयास किया है.इस रचना में देवी के प्रति श्रद्धा के साथ भारतीय संस्कृति में मां के महत्व की झलक भी दिखाई देती है.

नवरात्रि के चौथे दिन मां कूष्मांडा की पूजा की जाती है। उन्हें सृष्टि की रचनात्मक ऊर्जा और जीवन में प्रकाश का संचार करने वाली देवी के रूप में पूजा जाता है। अनुराधा आडवाणी की कॉफी कला में मां कूष्मांडा का स्वरूप श्रद्धा के साथ उकेरा गया है। कॉफी की झाग पर बारीक रेखाओं और छोटे-छोटे विवरणों के जरिए देवी की आकृति तैयार करना उनके धैर्य और कलात्मक कल्पनाशीलता को दर्शाता है.

नवरात्रि के छठे दिन मां कात्यायनी की पूजा की जाती है, उन्हें साहस, शक्ति और अधर्म पर धर्म की विजय का प्रतीक माना जाता है. अनुराधा आडवाणी ने कॉफी की झाग पर मां कात्यायनी के स्वरूप को बारीकी से उकेरकर अपनी कला के जरिए देवी को चित्र बनाया है. कॉफी के कप पर उभरी देवी की आकृति बताती है कि पारंपरिक आस्था को अभिव्यक्त करने के लिए कला के नए माध्यम भी अपनाए जा सकते हैं.

नवरात्रि के सातवें दिन मां कालरात्रि की पूजा की जाती है. उनका स्वरूप बुराई के विनाश, निर्भयता और संकटों से रक्षा का प्रतीक माना जाता है. अनुराधा आडवाणी ने कॉफी की झाग पर मां कालरात्रि की आकृति बनाकर देवी के इस शक्तिशाली स्वरूप को कलात्मक अभिव्यक्ति दी है. बारीक रेखाओं से तैयार यह चित्र श्रद्धालुओं को मां की शक्ति और उनके प्रति अटूट विश्वास की याद दिलाता है.

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। राजस्थान की ताजा खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें|First Published :

October 18, 2026, 11:16 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj