प्रदेश के प्रमुख मंदिरों में घर बैठे होंगे दर्शन, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने दिए निर्देश

Last Updated:October 31, 2026, 10:04 IST
Rajasthan News: राजस्थान के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास की अध्यक्षता में शासन सचिवालय में देवस्थान विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित हुई. बैठक में राज्य के प्रमुख मंदिरों में लाइव दर्शन की सुविधा शुरू करने, मंदिर की जमीनों से अतिक्रमण हटाने और वरिष्ठ नागरिकों की सुविधाओं को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए. वित्तीय वर्ष 2026-27 में वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना के तहत 22,265 यात्रियों को यात्रा कराई गई है. इसके अलावा पुजारियों के खाली पद भरने और ट्रस्टों के पंजीकरण को ऑनलाइन करने पर चर्चा हुई.
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Rajasthan Temple Development News: प्रमुख मंदिरों में होंगे लाइव दर्शन, मुख्य सचिव ने दिए निर्देश
Jhalawar: राजस्थान में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश के धार्मिक स्थलों के विकास और देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने पर विशेष प्राथमिकता दी जा रही है. इसी सिलसिले में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने राज्य के मंदिरों की भूमि का योजनाबद्ध विकास करने तथा तीर्थयात्रियों, विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों की सुविधाओं और देखभाल को सर्वाच्च प्राथमिकता देने के सख्त निर्देश जारी किए हैं.
शुक्रवार को शासन सचिवालय में आयोजित देवस्थान विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास ने राज्य के मंदिरों की बेशकीमती भूमि से तुरंत अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए. उन्होंने इस कार्य में तेजी लाने के लिए राजस्व, गृह और देवस्थान विभाग को आपस में समन्वय स्थापित कर संयुक्त रूप से प्रभावी कार्रवाई करने को कहा.
प्रमुख मंदिरों में लाइव दर्शन और व्यवस्थाओं पर जोर
बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने निर्देश दिया कि राज्य के प्रमुख और प्रसिद्ध मंदिरों में श्रद्धालुओं के लिए लाइव दर्शन की आधुनिक सुविधा उपलब्ध कराई जाए. साथ ही वहां की सफाई और सुरक्षा व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान दिया जाए. उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश के सभी जिला कलेक्टरों के माध्यम से नए और छूटे हुए मंदिरों की प्रामाणिक सूची तैयार की जाएगी ताकि उनके संरक्षण का काम आगे बढ़ाया जा सके.
पारदर्शिता, ट्रस्ट पंजीकरण और पुजारियों के पद भरने के निर्देश
श्री श्रीनिवास ने देवस्थान विभाग के अंतर्गत आने वाले ट्रस्टों का पंजीकरण प्राथमिकता के आधार पर करने, पुजारियों के रिक्त पदों को शीघ्र भरने तथा पुजारी संवर्ग की व्यापक समीक्षा करने के निर्देश दिए. उन्होंने मंदिरों में मिलने वाली दान राशि के प्रबंधन में पूरी पारदर्शिता सुनिश्चित करने पर जोर देते हुए सख्त लहजे में कहा कि विभागीय कामकाज में किसी भी प्रकार की वित्तीय या प्रशासनिक गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा और विभागीय स्थिति
बैठक में देवस्थान विभाग की शासन सचिव श्रीमती शुचि त्यागी ने प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना के तहत अब तक 22,265 यात्रियों को तीर्थयात्रा कराई जा चुकी है. इनमें 21 विशेष रेलगाड़ियों के माध्यम से 20,591 यात्रियों को देश के विभिन्न तीर्थ स्थलों और 1,674 यात्रियों को हवाई मार्ग से नेपाल स्थित पशुपतिनाथ के दर्शन कराए गए हैं. वहीं, देवस्थान आयुक्त सुश्री प्रज्ञा केवलरमानी ने अवगत कराया कि विभाग वर्तमान में 936 राजकीय प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष प्रभार के मंदिरों का प्रबंधन संभालता है तथा 14,447 ट्रस्ट पंजीकृत हैं. उन्होंने ट्रस्टों के ऑनलाइन पंजीकरण की प्रक्रिया की भी जानकारी दी.
About the Authorvicky Rathore
Vicky Rathore (born July 25, 1994) is a multimedia journalist and digital content specialist currently working with Rajasthan. I have over 8 years of experience in digital media, where I specialize in cr…
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Dungarpur,Dungarpur,Rajasthan
First Published :
October 31, 2026, 10:04 IST



