Chomu Dispute Live: 28 दिसंबर तक चौमूं में इंटरनेट बंद, जमानत पर रिहा हुए हिरासत में लिए गए लोग, चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात

जयपुर. चौमूं में मस्जिद से जुड़े विवाद को लेकर भड़के हालात के बाद प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है. कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती कदम उठाते हुए 28 दिसंबर तक इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई है. बीते दिन पुलिस पर पथराव की घटना के बाद कस्बे में तनाव की स्थिति बन गई थी, हालांकि प्रशासन के त्वरित हस्तक्षेप से फिलहाल हालात नियंत्रण में बताए जा रहे हैं. मिली जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को मस्जिद से जुड़े एक मामले को लेकर दो पक्षों के बीच कहासुनी के बाद माहौल बिगड़ गया. इसी दौरान समुदाय विशेष के कुछ लोगों द्वारा पुलिस पर पथराव किया गया, जिसमें पुलिसकर्मियों को हल्की चोटें आने की सूचना है.
पथराव के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और कुछ समय के लिए तनावपूर्ण हालात बन गए थे. घटना की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल को मौके पर बुलाया गया.स्थिति पर काबू पाने के लिए चौमूं कस्बे में चप्पे-चप्पे पर पुलिस जाब्ता तैनात किया गया है. संवेदनशील इलाकों में लगातार गश्त की जा रही है और प्रमुख चौराहों पर बैरिकेडिंग कर सख्त निगरानी रखी जा रही है. हालात की निगरानी के लिए जयपुर ग्रामीण जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी स्वयं चौमूं में कैंप कर रहे हैं और स्थानीय प्रशासन के साथ लगातार बैठकें कर रहे हैं.
जमानत पर छोड़े गए हिरासत में लिए गए अधिकांश लोग
पथराव की घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने पूरे चौमूं कस्बे में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है. चप्पे-चप्पे पर पुलिस जाब्ता तैनात किया गया है और संवेदनशील इलाकों में लगातार गश्त की जा रही है. स्थिति पर नजर रखने के लिए पुलिस के आला अधिकारी स्वयं चौमूं में कैंप कर रहे हैं और कानून-व्यवस्था की लगातार समीक्षा की जा रही है. पुलिस ने शांति भंग करने के आरोप में कुल 110 लोगों को गिरफ्तार किया था. इनमें से अधिकतर लोगों को देर रात जमानत पर रिहा कर दिया गया है, जबकि कुछ लोग अभी भी पुलिस हिरासत में हैं और उनसे पूछताछ जारी है.
सीसीटीवी फुटेज के आधार पर संदिग्धों की पहचान जारी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पूरे घटनाक्रम में शामिल संदिग्ध लोगों की पहचान सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के आधार पर की जा रही है. पुलिस का कहना है कि पथराव के बाद हालात जरूर बिगड़े थे, लेकिन समय रहते स्थिति पर काबू पा लिया गया. फिलहाल कस्बे में शांति है और किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोकने के लिए अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है. प्रशासन ने आमजन से शांति बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है.
28 दिसंबर तक इंटरनेट बंद रहेंगे
प्रशासन का कहना है कि अफवाहों के प्रसार और सोशल मीडिया के जरिए भड़काऊ संदेश फैलने की आशंका को देखते हुए इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद रखने का फैसला लिया गया है. यह प्रतिबंध 28 दिसंबर तक प्रभावी रहेगा, जिसके बाद स्थिति की समीक्षा कर आगे का निर्णय लिया जाएगा. प्रशासन ने आमजन से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है. पुलिस अधिकारियों के अनुसार, फिलहाल क्षेत्र में शांति व्यवस्था कायम है और हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं. पथराव की घटना में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है.
चौमूं में भारी पुलिस जवानों की है तैनाती
दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है और 100 से अधिक लोगों को हिरासत में भी लिया गया है और उनसे पूछताछ भी की जा रही है. स्थानीय प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त सतर्कता बरतते हुए क्विक रिस्पॉन्स टीमों को भी अलर्ट पर रखा है. साथ ही, शांति समिति के सदस्यों और समाज के गणमान्य लोगों से संवाद कर माहौल शांत बनाए रखने की कोशिश की जा रही है. प्रशासन का कहना है कि किसी भी तरह की कानून-व्यवस्था की स्थिति से निपटने के लिए पूरी तैयारी है और आम नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है.



