ड्रग वॉर: क्या अपनी धरती पर अमेरिकी फौज को एक्शन लेने देगा मैक्सिको? ट्रंप को खुश किया तो कहीं का नहीं रहेगा

मैक्सिको- अमेरिका टेंशन: मैक्सिको के लिए उसकी अपनी धरती पर विदेशी सेना का होना महज एक सुरक्षा मुद्दा नहीं बल्कि एक गहरा भावनात्मक और ऐतिहासिक घाव है. 19वीं सदी के युद्धों के बाद से मैक्सिको अपनी ‘संप्रभुता’ (Sovereignty) को लेकर बेहद जिद्दी रहा है. मैक्सिको का संविधान और वहां के राष्ट्रपति स्पष्ट रूप से कहते रहे हैं कि वे अपने आंतरिक मामलों में किसी भी विदेशी दखल को बर्दाश्त नहीं करेंगे. लेकिन दूसरी तरफ, अमेरिका प्रशासन और रिपब्लिकन नेताओं का सुर बदला हुआ है. उनका तर्क है कि अगर मैक्सिको अपने ड्रग कार्टेल्स को नहीं रोक पा रहा तो अमेरिका को अपनी सुरक्षा के लिए ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ या सैन्य दखल का अधिकार है.
डोनाल्ड ट्रंप ने फॉक्स से आज कहा:
“हमने समुद्र के रास्ते आने वाली 97% ड्रग्स का खात्मा कर दिया है और अब हम जमीन पर मौजूद इन ड्रग कार्टेल्स पर हमला शुरू करने जा रहे हैं. सच तो यह है कि मैक्सिको को कार्टेल्स चला रहे हैं. उस देश के साथ जो हो रहा है, उसे देखना बहुत ही दुखद है.”
क्या मैक्सिको कभी ‘हां’ कहेगा? 1. राजनीतिक आत्महत्या: मैक्सिको का कोई भी राष्ट्रपति अगर अमेरिकी सेना को अनुमति देता है तो उसे देशद्रोही माना जा सकता है. वहां का जनमानस ऐतिहासिक रूप से अमेरिका के प्रति संशयवादी रहा है.
2. कार्टेल्स का पलटवार: अगर अमेरिकी सेना मैक्सिको में घुसती है, तो कार्टेल्स और अधिक हिंसक हो सकते हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में गृहयुद्ध जैसी स्थिति बन सकती है.
3. कानूनी अड़चनें: मैक्सिको के सख्त कानूनों के तहत विदेशी सैनिकों को वहां हथियारों के साथ काम करने की अनुमति देना लगभग नामुमकिन है जब तक कि कोई बहुत बड़ा वैश्विक संकट न हो.
सवाल-जवाब: हकीकत या सिर्फ चुनावी स्टंट?1. प्रश्न: क्या ट्रंप प्रशासन वास्तव में सेना भेज सकता है?
उत्तर: अमेरिका के पास ऐसी मिसाइल और ड्रोन क्षमता है कि वह बिना ‘बूट्स ऑन ग्राउंड’ के भी स्ट्राइक कर सकता है. लेकिन मैक्सिको की सहमति के बिना यह अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन होगा.
2. प्रश्न: मैक्सिको अभी किस तरह की मदद ले रहा है?
उत्तर: वर्तमान में मैक्सिको अमेरिका से खुफिया जानकारी (Intelligence) और तकनीकी उपकरण साझा करता है. लेकिन ऑपरेशनल कमांड हमेशा मैक्सिकन सेना के हाथ में रहती है.
3. प्रश्न: क्या ‘नार्को-टेररिज्म’ का दर्जा सब कुछ बदल देगा?
उत्तर: अगर अमेरिका आधिकारिक तौर पर कार्टेल्स को ‘विदेशी आतंकवादी संगठन’ घोषित कर देता है, तो अमेरिकी सेना के पास उन पर हमला करने का कानूनी आधार (Domestic Law के तहत) मजबूत हो जाएगा.
4. प्रश्न: मैक्सिको का क्या स्टैंड है?
उत्तर: मैक्सिको का मानना है कि समस्या की जड़ अमेरिका में हथियारों की आसान उपलब्धता और वहां की ड्रग डिमांड है. वे सैन्य दखल के बजाय वित्तीय नेटवर्क पर चोट करना चाहते हैं.
5. प्रश्न: क्या बीच का कोई रास्ता है?
उत्तर: ‘मैरिडा इनिशिएटिव’ की तरह एक नया समझौता हो सकता है, जहां अमेरिकी सलाहकार और उपकरण तो होंगे, लेकिन सीधी लड़ाई मैक्सिकन सेना ही लड़ेगी.



