GPT-5.2 लॉन्च OpenAI का सबसे पावरफुल AI मॉडल, जानें खासियतें

OpenAI ने हाल ही में अपना नया मॉडल GPT-5.2 पेश किया है, जिसे कंपनी अब तक का सबसे बेहतर और पावरफुल मॉडल बता रही है. कुछ ही दिन पहले कंपनी के अंदर यह चिंता जताई गई थी कि गूगल की नई AI ग्रोथ उनकी पकड़ कम कर सकती है. लेकिन सैम ऑल्टमैन (Sam Altman) की अगुवाई वाली कंपनी ने इस नए मॉडल के साथ यह संदेश देने की कोशिश की है कि वे प्रतिस्पर्धा में पीछे रहने वाले नहीं हैं. कंपनी का कहना है कि GPT-5.2 को खासतौर पर उन प्रोफेशनल लोगों और कंपनियों के लिए बनाया गया है, जो रोजाना AI की मदद से मुश्किल काम करते हैं.
GPT-5.2 की सबसे खास बात यह है कि यह पहले वाले मॉडल की तुलना में काफी तेज है और ऑफिस के कामों को लगभग इंसान जैसी सटीकता से पूरा करता है. दावा है कि चाहे कोड लिखना हो, डिबगिंग करनी हो, एक्सेल शीट तैयार करनी हो, प्रेजेंटेशन बनानी हो, बड़ी इमेज का एनालिसिस करना हो या फिर हजारों पन्नों वाले दस्तावेज पढ़कर उनमें से जरूरी जानकारी निकालनी हो, यह मॉडल अब इन सभी कार्यों को आसानी से संभाल सकता है. OpenAI का कहना है कि “GPT-5.2 आज तक का सबसे सक्षम प्रोफेशनल मॉडल है.”
रोजाना कितना टाइम बचेगा?
कंपनी के मुताबिक, कई एंटरप्राइज यूजर रोजाना 40 से 60 मिनट तक का समय बचा रहे हैं. कुछ हैवी काम करने वाले यूजर्स ने बताया कि उनका साप्ताहिक काम 10 घंटे तक कम हो गया है. अब GPT-5.2 आने के बाद और तेजी से काम होने की उम्मीद है. यह मॉडल न केवल लंबे दस्तावेजों को सही ढंग से समझता है, बल्कि जटिल मल्टी-स्टेप वर्कफ्लो को बीच में भटके बिना पूरा कर लेता है.
GPT-5.2 तीन रूपों में उपलब्ध है. इंस्टैंट (Instant), थिंकिंग (Thinking) और प्रो (Pro). Instant रोजमर्रा के कामों के लिए है, Thinking गहराई वाले जटिल कामों के लिए और Pro सबसे हाई क्वालिटी वाले टेक्निकल टास्क के लिए बनाया गया है. API में यह gpt-5.2, gpt-5.2-chat-latest और gpt-5.2-pro के रूप में उपलब्ध है.
70.9 फीसदी काम इंसानों जैसा
OpenAI के ब्लॉग के अनुसार, इस मॉडल को GDPval नामक एक बड़े टेस्ट से गुजारा गया, जिसमें 44 अलग-अलग प्रोफेशन्स के असली काम शामिल थे. रिपोर्ट के अनुसार, GPT-5.2 का सबसे सक्षम मॉडल, यानी Thinking इन कार्यों में 70.9 फीसदी तक इंसानी विशेषज्ञों के बराबर या उनसे बेहतर साबित हुआ, जो पिछले मॉडल GPT-5 की तुलना में लगभग दोगुना स्कोर है. कोडिंग टेस्ट SWE-Bench Pro में भी इसने नया रिकॉर्ड बनाया है और डेवलपर्स ने माना कि यह 3D इंटरफेस, जटिल विजुअल्स और फ्रंट-एंड कार्यों को पहले से अधिक सटीकता से बनाता है.
कई काम कर सकता है एकसाथ
टेक्स्ट प्रोसेसिंग में GPT-5.2 की सबसे बड़ी क्षमता इसकी लंबी कॉन्स्टेक्स क्षमता है. कंपनी कहती है कि यह मॉडल लाखों शब्दों के बराबर टेक्स्ट में भी ब्यौरा खोए बिना सही जानकारी याद रख सकता है. Tau2 बेंचमार्क में यह 98.7 फीसदी सटीकता के साथ टेलीकॉम कस्टमर सर्विस जैसे जटिल मल्टी-स्टेप कार्यों को पूरा करने में सक्षम पाया गया. जैसे कि यात्रा की बुकिंग बदलना, खोया सामान ढूंढना, होटल की व्यवस्था करना और मेडिकल सीट का अनुरोध संभालना. ये सभी काम यह मॉडल एक ही प्रक्रिया में पूरा कर सकता है.
इतना ही नहीं, GPT-5.2 अब चार्ट, डैशबोर्ड, टेक्निकल डायग्राम, सॉफ्टवेयर इंटरफेस और लो क्वालिटी वाली तस्वीरों को भी बेहतर ढंग से समझ सकता है. वैज्ञानिक और गणित के क्षेत्र में भी इसकी क्षमता बढ़ी है. विज्ञान से संबंधित ग्रेजुएट स्तर की समस्याओं में यह 92 फीसदी से अधिक सटीकता तक पहुंच गया और कई विशेषज्ञ गणित समस्याओं में नए रिकॉर्ड स्थापित किए.
Google के Gemini 3 और Anthropic के Claude Opus 4 के कारण OpenAI पर दबाव बढ़ गया था. सैम ऑल्टमैन ने अपने स्टाफ को कोड रेड (code red) का संदेश देकर कहा था कि उन्हें फिलहाल चैटबॉट की क्वालिटी सुधारने पर ध्यान देना होगा और अन्य प्लान्स को फिलहाल टालना चाहिए. अब GPT-5.2 के साथ OpenAI को उम्मीद है कि यूजर्स को अधिक सहूलियत होगी.



