Jodhpuri Safa Trend in Wedding Season

Last Updated:November 08, 2025, 10:03 IST
Wedding Season 2025: राजस्थान की पहचान जोधपुरी साफा फिर शादी सीजन में ट्रेंड में है. जोधपुर के कलाकार अब दूल्हे-दुल्हन और मेहमानों के लिए थीम आधारित साफा तैयार कर रहे हैं और विदेशों तक अपनी कला का प्रदर्शन कर रहे हैं. कुशल कारीगरों की बढ़ती मांग ने इस पारंपरिक कला को नया व्यवसायिक आयाम दिया है.
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शादी सीजन में फिर छाया जोधपुरी साफा, विदेशों में भी बढ़ी डिमांड
जोधपुर. राजस्थान की शान और परंपरा का प्रतीक जोधपुरी साफा एक बार फिर शादियों के सीजन में ट्रेंड में है. आधुनिक पहनावे के बावजूद, पारंपरिक साफा समारोहों में एक अद्वितीय गरिमा जोड़ता है. पहले जहां लोग खुद साफा बांधने का प्रयास करते थे, वहीं अब युवाओं को यह कला नहीं आती. ऐसे में साफा बांधने वाले कुशल कलाकारों की डिमांड तेजी से बढ़ गई है. ये कलाकार अब न केवल स्थानीय तौर पर बल्कि घर-घर और रिसॉर्ट्स तक जाकर मेहमानों को पारंपरिक अंदाज़ में साफा बांधने का काम करते हैं.
जोधपुर के प्रसिद्ध ऋषभ साफा जैसे कलाकार इस परंपरागत कला को नई दिशा दे रहे हैं. वे दूल्हे-दुल्हन से लेकर विदेशी मेहमानों तक, सभी के लिए साफा बांधने का काम करते हैं. ये कलाकार समझते हैं कि साफा सिर्फ एक कपड़ा नहीं, बल्कि व्यक्ति की पहचान और उत्सव का हिस्सा है. खास बात यह है कि ये हर व्यक्ति के सिर के आकार, पोशाक के रंग और इवेंट की थीम के अनुसार साफा तैयार करते हैं, जिससे पारंपरिकता और आधुनिकता का सुंदर संगम दिखता है. यह व्यक्तिगत स्पर्श (Personal Touch) ही उनकी बढ़ती मांग का मुख्य कारण है.
जोधपुरी कलाकारों की कला विदेशों तक पहुंचीकलाकार मुकेश प्रजापत बताते हैं कि अब जोधपुर के साफा बांधने वाले कलाकारों की कला दुबई, लंदन, कनाडा और अमेरिका तक पहुंच चुकी है. वहां होने वाली भारतीय शादियों में भी इन कलाकारों को विशेष रूप से बुलाया जाता है. विदेशों में रहने वाले भारतीय अपनी जड़ों से जुड़े रहने के लिए पारंपरिक राजस्थानी साफा को अत्यधिक महत्व देते हैं. वे कहते हैं.“साफा सिर्फ परिधान नहीं है, यह राजस्थान की पहचान और सम्मान का प्रतीक है.” ये कलाकार अपनी कला के माध्यम से वैश्विक मंच पर भारतीय संस्कृति का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं.
हर शादी की शान बना जोधपुरी साफाआज जोधपुरी साफा न केवल राजस्थान बल्कि पूरे भारत में शादी समारोहों की पहचान बन गया है. दूल्हे से लेकर बारातियों तक हर कोई अपने पहनावे के साथ पारंपरिक साफा चाहता है, खासकर जब बात राजस्थानी थीम वाली शादियों की हो. कलाकारों के अनुसार, शादी सीजन में साफा बांधने वालों की बुकिंग कई हफ्तों पहले ही पूरी हो जाती है, जिससे पता चलता है कि यह कला कितनी लोकप्रिय हो चुकी है. साफा राजस्थान की सांस्कृतिक धरोहर को मजबूती से थामे हुए है.
Location :
Jodhpur,Jodhpur,Rajasthan
First Published :
November 08, 2025, 10:03 IST
राजस्थान से लंदन तक… शादी में छा गया जोधपुरी साफा, बना दूल्हों की पहली पसंद



