MOEEN ALI BLAIMS ICC -BCCI मुस्तफिजुर के फड्डे में मोइन अली ने डाला हाथ, लिया ICC और BCCI से सीधा पंगा

नई दिल्ली. इंग्लैंड के पूर्व ऑलराउंडर मोइन अली ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) की कड़ी आलोचना करते हुए आरोप लगाया है कि वह भारत को पाकिस्तान और बांग्लादेश पर दबाव बनाने की छूट दे रही है. मोईन का मानना है कि पूर्व बीसीसीआई सचिव जय शाह के नेतृत्व वाली ICC ने इस मुद्दे को सुलझाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया है.
जनता के भारी विरोध के बाद बीसीसीआई ने कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) को आईपीएल 2026 के लिए बांग्लादेशी तेज गेंदबाज़ मुस्तफिज़ुर रहमान को रिलीज़ करने का निर्देश दिया था. अगस्त 2024 में शेख हसीना के बांग्लादेश की प्रधानमंत्री पद से हटने के बाद से भारत और बांग्लादेश के रिश्तों में खटास आई है, जिसका असर अब क्रिकेट पर भी साफ दिखाई दे रहा है.
मोइन अली को लगी मिर्ची
इंग्लैंड के ऑलराउंडर मोईन अली का मानना है कि क्रिकेट पहले से ही इन तमाम चीज़ों की वजह से खतरे में है और ऊपर से मुस्तफिज़ुर के साथ जो हुआ, उसने हालात और बिगाड़ दिए. ईमानदारी से कहूं तो यहां कुछ भी सही नहीं लग रहा. हालात को ठीक करने के लिए कुछ किया जाना चाहिए, क्योंकि यह सिर्फ मुस्तफिज़ुर की बात नहीं है. पाकिस्तान, बांग्लादेश हम सभी जानते हैं कि वहां कई मुद्दे चल रहे हैं यह ऐसे ही नहीं चल सकता ये बहुत बड़ी समस्याएं हैं. मोईन को सबसे ज्यादा मुझे मुस्तफिज़ुर के लिए बुरा लग रहा है क्योंकि उसे इतना अच्छा कॉन्ट्रैक्ट मिला था. अपने करियर, सालों की मेहनत और शानदार प्रदर्शन के बाद आखिरकार उसे कुछ बड़ा मिला था. वह किसी और टीम में भी जा सकता था, लेकिन केकेआर ने उसे चुना और सच कहूं तो इस पूरे मामले में सबसे ज्यादा नुकसान उसी को हुआ है.
बांग्लादेश का किया बचाव
केकेआर के पूर्व खिलाड़ी मोईन अली ने बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) को टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए भारत न जाने के फैसले पर दोषी नहीं ठहराया उनका मानना है कि यह बीसीसीआई द्वारा बांग्लादेशी खिलाड़ियों को आईपीएल से लगभग बाहर कर देने की प्रतिक्रिया है. मैंने आज पढ़ा कि बांग्लादेश भारत नहीं जा रहा है और आईपीएल का प्रसारण भी रोक दिया गया है. सच कहूं तो मैं बांग्लादेश को दोष नहीं देता लेकिन जो भी लोग इन मुद्दों को घसीट रहे हैं, यह बहुत ही घटिया बात है, क्योंकि क्रिकेट अलग चीज़ है. लोग क्रिकेट खेलते हैं और उससे प्यार करते हैं, खासकर उपमहाद्वीप में. लोग अपने पसंदीदा खिलाड़ियों को खेलते देखना चाहते हैं अगर फिज़ केकेआर के लिए खेलते, तो यह बांग्लादेश और वहां के लोगों के लिए शानदार होता. सिर्फ बांग्लादेश में ही नहीं, बल्कि भारत में रहने वाले बंगालियों के लिए भी यह बेहद निराशाजनक है और हालात बहुत खराब हैं.
आईसीसी पर लगाया इल्जाम
मोइन अली ने अपने इंटरव्यू में आगे कहा कि यह सब काफी समय से चलता आ रहा है, लेकिन कोई कुछ नहीं कहता. सब देखते हैं, लेकिन नज़रअंदाज़ कर देते हैं पाकिस्तान के साथ भी ऐसा ही होता रहता है और ICC बस ICC कभी सख्त नहीं होती. यही सच्चाई है लेकिन कोई बोलता नहीं सब जानते हैं कि इसे कौन चला रहा है क्या ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड जैसे देशों को इसमें भूमिका नहीं निभानी चाहिए? वे भी कुछ नहीं कहते. उन्हें कहना चाहिए लेकिन आज की दुनिया ऐसे ही चल रही है सिर्फ क्रिकेट या राजनीति में ही नहीं, बल्कि हर जगह. सबका अपना एजेंडा है, और जब तक उनका काम ठीक चल रहा है, उन्हें किसी और की परवाह नहीं होती.



