पैदावार बंपर, दाम कम: अलवर में सब्जियां हुईं सस्ती, आमजन खुश लेकिन किसान परेशान, देखें रिपोर्ट

Last Updated:January 09, 2026, 14:41 IST
Alwar news Hindi : अलवर और खैरथल-तिजारा जिलों में इस बार सब्जियों की बंपर पैदावार ने बाजार की तस्वीर बदल दी है. पाला न पड़ने और मौसम अनुकूल रहने से हरी सब्जियों की आवक बढ़ी, जिससे दामों में भारी गिरावट आई. सस्ती सब्जियों से आमजन को राहत मिली है, वहीं किसानों के लिए लागत निकालना चुनौती बनता जा रहा है.
ख़बरें फटाफट
अलवर : अलवर जिले में किसानों ने गेहूं, सरसों, चना और जौ जैसी पारंपरिक फसलों के साथ-साथ अब सब्जियों की खेती पर भी विशेष ध्यान देना शुरू कर दिया है. जिले के कई इलाकों में किसानों ने खेतों में हरी सब्जियों की खेती कर रखी है, जो इस समय तेजी से बढ़ रही है. किसानों का कहना है कि बाजार में लगातार सब्जियों के अच्छे भाव मिलने के कारण उनकी आय में बढ़ोतरी हो रही है. इसी वजह से बड़ी संख्या में किसान पारंपरिक फसलों के साथ सब्जी उत्पादन को अपनाते हुए खेती का दायरा बढ़ा रहे हैं. लेकिन इस बार किसानों को सब्जियों के सही दाम न मिलने के कारण परेशान नजर आ रहे हैं.
अलवर जिला सहित खैरथल तिजारा जिले में इस बार पाला नहीं पड़ने से सब्जियों की पैदावार अच्छी रही है. ज्यादा उत्पादन होने के कारण किसानों को दाम सही नहीं मिल रहे हैं. इस बार सब्जियों के दाम 10 रुपए से लेकर करीब 25 रुपए किलो तक तक घट गए हैं. सब्जी मंडी किशनगढ़ बास और खैरथल के व्यापारियों ने बताया कि इस बार सर्दी कम पड़ने के कारण सब्जी के फसलों में नुकसान कम हुआ है और पैदावार ज्यादा हुई है इसलिए मार्केट में सब्जी की आवक ज्यादा हो रही है जिसका सीधा असर दामों पर पड़ता हुआ दिखाई दे रहा है. कम सर्दी पढ़ने के कारण हरी सब्जियों की आवक इस वर्ष 15 से 20 प्रतिशत तक बढ़ी है.
सब्जियों के दाम कम, आमजन को राहतजिले की मंडियों में अभी लगातार आसपास के गांव के किसान सब्जियों को लेकर पहुंच रहे है. व्यापारियों ने बताया कि पिछले साल दिसंबर में कड़ाके की सर्दी और पाला गिरने के कारण हरी सब्जियों में नुकसान हुआ था जिसके कारण उत्पादन घट गया. लेकिन इस बार हरी सब्जियों में कम नुकसान होने के कारण रिटेल में सब्जियों के दाम कम हो गए हैं जिससे आमजन को राहत मिली है.
हरी सब्जियां सस्ती, किसानों की चिंता बढ़ीखैरथल और किशनगढ़ बास में रिटेल में सब्जियों के दाम इस प्रकार हैं- गाजर 10-15, आलू 15-20, प्याज 20-30, टमाटर 40-50, गोभी 20-30, मटर 40-50, पालक 15-20, मेथी 20-25, बथुआ 20-30 और बैंगन 10-20 रुपए प्रति किलो के भाव पर बिक रहे हैं. थोक भाव गिरने का असर खुदरा बाजार में भी नजर आने लगा है. हालांकि किसानों का कहना है कि दाम घटने से लागत निकालना चुनौतीपूर्ण हो रहा है, लेकिन मौसम अनुकूल रहने से फसल की गुणवत्ता और पैदावार संतोषजनक बनी हुई है.
About the AuthorRupesh Kumar Jaiswal
A Delhi University graduate with a postgraduate Diploma in Journalism and Mass Communication, I work as a Content Editor with the Rajasthan team at India Digital. I’m driven by the idea of turning raw in…और पढ़ें
Location :
Alwar,Rajasthan
First Published :
January 09, 2026, 14:41 IST
homerajasthan
पैदावार बंपर, दाम कम: अलवर में सब्जियां सस्ती, आमजन खुश किसान परेशान



