Rajasthan

Rajasthan Congress Politics: पीसीसी मेंबर हो जाए अलर्ट! कुर्सी बचानी है तो पूरा करना पड़ेगा टास्क अन्यथा…

जयपुर. विधानसभा उपचुनाव में हुई कांग्रेस की करारी हार के बाद राजस्थान कांग्रेस संगठन में बड़े फेरबदल के आसार जताए जा रहे हैं. लेकिन उससे पहले पार्टी पुराने पदाधिकारियों को कुर्सी बचाने का एक मौका देगी. उसमें अगर पदाधिकारी खरे उतरते हैं तो उनका पद बच सकता है. अन्यथा उनकी पीसीसी से रवानगी हो सकती है. उनकी जगह नए पदाधिकारियों की एंट्री हो जाएगी. इस कवायद को देखते हुए कांग्रेस में हलचल तेज हो गई है.

बताया जा रहा है कि तीन दिन बाद 16 व 17 दिसंबर को होने वाली प्रदेश स्तरीय बैठक में पीसीसी के पुराने पदाधिकारियों को टास्क सौंपा जाएगा. बैठक में प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा पदाधिकारियों को टास्क देंगे. राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव और मीडिया प्रभारी स्वर्णिम चतुर्वेदी ने बताया कि प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय इंदिरा गांधी भवन में 16 और 17 दिसंबर को राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारियों की अहम बैठक होने जा रही है.

जयपुर के अस्‍पतालों के बारे में जानने के लिए यहां क्लिक करें…

प्रदेश कार्यकारिणी तक में हो सकता है बदलावइस बैठक पीसीसी चीफ गोविंद सिंह डोटासरा संगठनात्मक विषयों के साथ ही भविष्य की कार्य योजना पर चर्चा करेंगे. माना जा रहा है कि आगामी दिनों में कांग्रेस की सूरत बदली-बदली सी नजर आने वाली है. संगठन में सक्रिय और निष्क्रिय पदाधिकारियों को लेकर लगातार मंथन किया जा रहा है. ऐसे में आने वाले दिनों में कांग्रेस में ब्लॉक से लेकर प्रदेश कार्यकारिणी तक में बदलाव देखने को मिल सकता है.

एक्शन मोड में आई स्टेट लीडरशीपसक्रिय कार्यकर्ताओं को अहम जिम्मेदारी देने के साथ ही उनको आने वाले समय में प्रमोशन भी मिल सकता है. निष्क्रिय पदाधिकारी की छंटनी हो सकती है. इस मामले में दिल्ली से हरी झंडी मिलने के बाद स्टेट कांग्रेस लीडरशिप अब संगठन की मजबूती को लेकर पूरी तरह से एक्शन मोड में है. पीसीसी में प्रदेश पदाधिकारियों की दो दिवसीय बैठक में इसको लेकर विस्तार से मंथन होगा. जिले से लेकर बूथ लेवल तक खाली पड़े पदों को भरने की भी प्रक्रिया शुरू हो चुकी है.

संगठन को प्रायोरिटी पर रखने के निर्देशबताया जा रहा है कि उपचुनाव में मिली करारी हार के बाद दिल्ली में हाईकमान के साथ प्रदेश के नेताओं की इसको लेकर लंबी चर्चा हुई थी. इसमें हाईकमान ने प्रदेश अध्यक्ष, प्रभारी और नेता प्रतिपक्ष को हरी झंडी देते हुए संगठन को प्रायोरिटी पर रखने के निर्देश दिए. दिल्ली से लौटते ही डोटासरा अब हरकत में भी आ गए हैं. हाल ही में जयपुर एयरपोर्ट पर भी उनकी राहुल गांधी से अहम मसलों पर लंबी चर्चा हुई है. इसके तुरंत बाद ही लंबे समय से पेंडिंग सिरोही जिला कांग्रेस कमेटी का गठन कर दिया और तीन ब्लॉक कार्यकारिणी भी घोषित कर दी गई है.

परफॉर्मेंस का आकलन किया जाएगाअब 16 और 17 दिसंबर को दो दिवसीय प्रदेश कांग्रेस कार्यकारिणी की बैठक भी बुला ली गई है. विधानसभा चुनाव 2023 में प्रचार के दौरान जिन नेताओं को प्रभारी रंधावा ने पदाधिकारी बनाया था अब पहले उनको कई टास्क देते हुए उनकी परफॉर्मेंस का आकलन किया जाएगा. बेहतरीन काम करने वालों को फिर पीसीसी में पोस्ट दी जाएगी. कुल मिलाकर अगले एक-दो माह में संगठन पूरा खड़ा होकर तैयार हो जाएगा.

सांसदों, विधायकों और पदाधिकारियों को होना पड़ेगा सक्रियउसके बाद सभी पदाधिकारियों को फील्ड में एक्टिव रहने, रेलगुलर बैठक लेने और धरने-प्रदर्शन करने जैसा टास्क दिया जाएगा. अब पदाधिकारियों की वर्किंग की रेगुलर मॉनिटरिंग होगी. फिर प्रभारी के जरिए उनकी रिपोर्ट सीधे हाईकमान को भेजी जाएगी. वहीं विधायकों और सांसदों को भी अब पार्टी की हर गतिविधियों में अनिवार्य रूप से हिस्सा लेना होगा.

Tags: Ashok gehlot, Congress, Govind Dotasara, Political news, Priyanka gandhi, Rahul gandhi, Sachin pilot

FIRST PUBLISHED : December 13, 2024, 12:29 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj