Rajasthan

जयपुर में यहां लगेगा राजस्थान का पहला बायोवेस्ट डी-कम्पोस्ट प्लांट, 62 रूपए प्रति किलो तक मिलेगी सीबीजी गैस

Last Updated:January 11, 2026, 06:27 IST

Biowaste De-Compost Plant Jaipur: जयपुर की मुहाना मंडी में राजस्थान का पहला बायोवेस्ट डी-कम्पोस्ट प्लांट स्थापित किया जाएगा, जो प्रतिदिन करीब 50 टन ग्रीन वेस्ट से सीबीजी गैस तैयार करेगा. यह गैस सीएनजी वाहनों में इस्तेमाल होगी और लगभग 62 रुपए प्रति किलो की दर से उपलब्ध होगी. करीब 28 करोड़ की लागत से बनने वाला यह प्लांट अगस्त 2026 तक शुरू होने की संभावना है. इससे वेस्ट मैनेजमेंट सुधरेगा, सस्ती ऊर्जा मिलेगी और किसानों को खाद के रूप में लाभ होगा.बायोवेस्ट कंपोस्ट प्लांट

राजधानी जयपुर में वेस्ट मैनेजमेंट की दिशा एक बड़ी पहल होने जा रही है. जयपुर की मुहाना मंडी में राजस्थान का पहला बायोवेस्ट डी-कम्पोस्ट प्लांट लगाया जाएगा. इस प्लांट में मंडी से प्रतिदिन निकलने वाले करीब 50 टन ग्रीन वेस्ट का उपयोग कर सीबीजी गैस तैयार की जाएगी. यह गैस सीएनजी वाहनों में इस्तेमाल की जा सकेगी. मंडी समिति को इसके लिए सरकार से अनुमति मिल चुकी है और अनुमान है कि करीब सात महीने में प्लांट बनकर तैयार हो जाएगा.

बायोवेस्ट कंपोस्ट प्लांट

संभावना जताई जा रही है कि अगस्त 2026 तक इस अत्याधुनिक प्लांट का उद्घाटन कर दिया जाएगा. यह प्रदेश का पहला ऐसा प्लांट होगा, जो स्वयं सीबीजी गैस का उत्पादन करेगा. जानकारी के अनुसार, इसके लगने से सीबीजी गैस लगभग 62 रुपए प्रति किलो की दर से उपलब्ध हो सकेगी, जो वर्तमान में मिलने वाली सीएनजी से काफी सस्ती होगी. इस प्रोजेक्ट से न केवल ऊर्जा उत्पादन होगा, बल्कि ग्रीन वेस्ट के बेहतर निस्तारण की समस्या का भी समाधान होगा.

बायोवेस्ट कंपोस्ट प्लांट

इस प्लांट की योजना बनाने से पहले मंडी समिति की टीम ने गुजरात की सूरत, वड़ोदरा और अहमदाबाद की मंडियों का दौरा किया था. वहां अपनाए गए वेस्ट मैनेजमेंट और बायो गैस मॉडल का गहन अध्ययन किया गया. जांच-पड़ताल के बाद सूरत मॉडल को सबसे प्रभावी माना गया. इसी तर्ज पर अब मुहाना मंडी में भी बायोवेस्ट डी-कम्पोजिशन प्लांट लगाया जाएगा. इस पूरे प्रोजेक्ट पर करीब 28 करोड़ रुपए का खर्च होंगे.

Add as Preferred Source on Google

बायोवेस्ट कंपोस्ट प्लांट

मंडी समिति ने इस प्रोजेक्ट के लिए मंडी कार्यालय के सामने लगभग 8 बीघा जमीन कंपनी को उपलब्ध कराई है. कंपनी के साथ केवल एमओयू होना बाकी है, जिसकी फाइल फिलहाल कृषि विपणन विभाग के फाइनेंस सेक्शन में अटकी हुई है. समझौते के तहत कंपनी को होने वाली कमाई का 50 प्रतिशत हिस्सा मंडी समिति को दिया जाएगा. प्लांट से रोजाना करीब 2000 किलो सीबीजी गैस का उत्पादन किया जा सकेगा.

बायोवेस्ट कंपोस्ट प्लांट

इस प्लांट से स्थानीय लोगों और किसानों को कई तरह के लाभ मिलेंगे. सबसे बड़ा फायदा लावारिस पशुओं की समस्या से राहत के रूप में होगा, क्योंकि ग्रीन वेस्ट का सही उपयोग हो सकेगा. वाहनों के लिए सीबीजी गैस सस्ती दरों पर मिलेगी, जबकि अभी सीएनजी 91.91 रुपए प्रति किलो की दर से मिल रही है. इसके अलावा किसानों और गार्डनिंग करने वालों को स्लरी और ठोस खाद भी मिलेगी.

बायोवेस्ट कंपोस्ट प्लांट

आपको बता दें कि बायो मैथेनाइजेशन प्रक्रिया के तहत ग्रीन वेस्ट को ऑक्सीजन की मौजूदगी में करीब 25 दिनों तक डी-कम्पोजिशन के लिए छोड़ा जाता है. इस दौरान टैंकों में मीथेन गैस की मात्रा बढ़ती जाती है. बाद में वीपीएस तकनीक से गैस को शुद्ध कर सीबीजी तैयार की जाती है. अतिरिक्त मुख्य अभियंता महेंद्र सिंह करोल के अनुसार, इस प्लांट से पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ऊर्जा उत्पादन और किसानों की आय बढ़ाने में भी मदद मिलेगी.

First Published :

January 11, 2026, 06:27 IST

homerajasthan

जयपुर को बड़ी सौगात, यहां लगेगा राजस्थान का पहला बायोवेस्ट सीबीजी प्लांट

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj