Rajasthan

रीको लाएगा सोजत में नया ग्रीन औद्योगिक क्षेत्र, मेहंदी उद्योग और स्वरोजगार को मिलेगा बड़ा विस्तार!

पाली. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान रखने वाली सोजत की वह खास मेहंदी, जिसका रंग अब और गहरा होने वाला है, ऐसा इसलिए क्योंकि जल्द ही रीको की ओर से एक नया औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जाएगा. इस क्षेत्र में ग्रीन श्रेणी की औद्योगिक इकाइयां स्थापित की जाएंगी. यहां रीको द्वारा मेहंदी से जुड़े उद्योगों के साथ-साथ ग्रीन श्रेणी की अन्य इकाइयों को भी लाया जाएगा.

यह तस्वीर सोजत के पास ही बसे रूपावास गांव में देखने को मिलेगी, जहां रीको द्वारा औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने का कार्य शुरू कर दिया गया है. अब केवल पर्यावरणीय स्वीकृति का इंतजार है, जिसके मिलने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी. इससे स्थानीय रोजगार को भी काफी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है, नए औद्योगिक क्षेत्र में मेहंदी इकाइयों के साथ-साथ कई अन्य उद्योगों का विस्तार भी संभव होगा.

परिसीमन के तहत चारदीवारी निर्माण का काम शुरू

रीको की ओर से इस औद्योगिक क्षेत्र में परिसीमन के तहत चारदीवारी निर्माण का कार्य कराया जा रहा है. पर्यावरणीय स्वीकृति मिलने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी. क्षेत्र विकसित होने पर युवाओं के लिए नए रोजगार के अवसर खुलेंगे. औद्योगिक इकाइयाँ स्थापित होने से स्वरोजगार गतिविधियों जैसे चाय की थड़ियां, विभिन्न सामग्री के स्टॉल और दुकानें लगाना आदि भी बढ़ेंगी.

उद्योगों के विस्तार का रास्ता खुलेगा

सोजत औद्योगिक क्षेत्र में वर्तमान में अधिकांश मेहंदी उद्योग ही संचालित हैं, मौजूदा औद्योगिक क्षेत्र में नई इकाइयाँ लगाने के लिए अब स्थान उपलब्ध नहीं है. ऐसे में नए औद्योगिक क्षेत्र के विकसित होने से नई मेहंदी इकाइयों की स्थापना और कई अन्य उद्योगों का विस्तार संभव होगा. इसके अलावा ग्रीन श्रेणी की अन्य कई औद्योगिक इकाइयां भी यहां स्थापित की जा सकेंगी.

ये उद्योग मुख्य रूप से ग्रीन श्रेणी में हैंबेकरी, कन्फेक्शनरी एवं मिठाइयां, फ्लोर मिल्स (आटा चक्की), मसाले पीसना (ड्राई प्रोसेसिंग), दूध चिलिंग प्लांट,बेंत और बांस के उत्पाद (सूखे ऑपरेशन), लकड़ी का फर्नीचर निर्माण (इलेक्ट्रिक मशीनों से, आरा मिल नहीं), गत्ता, नालीदार बॉक्स और कागज उत्पाद (पल्प/कागज निर्माण के बिना) इलेक्ट्रॉनिक्स एवं उसके सामान,थर्मामीटर निर्माण, मेडिकल एवं सर्जिकल उपकरण,खेलकूद के सामान,अगरबत्ती निर्माण सहित कई मुख्य उद्योग शामिल है.

समझे औद्योगिक क्षेत्र का पूरा गणित 60.34 हेक्टेयर क्षेत्रफलऔद्योगिक क्षेत्र में 220 भूखंड500 से 5000 वर्ग मीटर तक के भूखंड

पर्यावरणीय स्वीकृति का कार्य

रीको पाली रीजनल मैनेजर दिलीप कुमार झा के अनुसार, सोजत क्षेत्र के रूपावास गांव में यह औद्योगिक क्षेत्र विकसित होगा. इसके लिए पर्यावरणीय स्वीकृति हेतु आवश्यक दस्तावेज़ भेजे जा चुके हैं, क्षेत्र की चारदीवारी निर्माण प्रक्रिया प्रगति पर है.

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