कारोबारी रमेश ईनाणी मर्डर केस में बड़ा खुलासा, संत भजनाराम ने उपलब्ध कराया था शूटर, जानें कौन हैं यह शख्स

Last Updated:January 09, 2026, 10:43 IST
Chittorgarh News : चित्तौड़गढ़ के बहुचर्चित रमेश ईनाणी हत्याकांड में पुलिस ने पाली के संत भजनाराम को गिरफ्तार किया है. वह रामस्नेही सम्प्रदाय से जुड़ा हुआ है. पुलिस की जांच सामने आया है कि उसने ही ईनाणी के मर्डर के लिए मुख्य साजिशकर्ता संत रमताराम को शूटर उपलब्ध कराया था. संत भजनाराम को ईनाणी के मर्डर की पूरी साजिश का पता था. संत रमताराम फिलहाल फरार है. पुलिस उसकी तलाश कर रही है.
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पकड़ा गया संत भजनाराम पाली के बाली का रहने वाला है.
चित्तौड़गढ़. चित्तौड़गढ़ कोतवाली थाना पुलिस ने शहर के बहुचर्चित रमेश ईनाणी हत्याकांड के आरोप में संत भजनाराम को गिरफ्तार किया है. संत भजनाराम पर आरोप है कि उसने ही ईनाणी को मरवाने के लिए मुख्य आरोपी संत रमताराम को शूटर उपलब्ध कराया था. करीब दो माह पुराने इस हत्याकांड में अब तक हुई लंबी चौड़ी जांच के बाद पुलिस पुख्ता सबूतों के आधार पर संत भजनाराम तक पहुंची है. संत भजनाराम का नाम इस मामले में पूर्व में पकड़े गए शूटर से हुई पूछताछ में सामने आया था. पुलिस ने संत भजनाराम को गिरफ्तार कर उससे आगे की पूछताछ शुरू कर दी है. पूछताछ में इस केस से जुड़े और भी चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं. ईनाणी मर्डर केस का मुख्य आरोपी संत रमताराम अभी फरार है. पुलिस उसकी तलाश में जुटी है.
पुलिस के अनुसार संत भजनाराम (37) रामस्नेही सम्प्रदाय से जुड़ा हुआ है. वह पाली जिले के बाली का रहने वाला है. भजनाराम ने साल 2022 में शूटर को रमताराम से मिलवाया था. भजनाराम को 2022 से ही रमेश ईनाणी की हत्या करने तक प्लानिंग की जानकारी थी. हत्या के षड़यंत्र में शामिल होने के आधार पर पुलिस ने भजनाराम को गिरफ्तार किया है. साल 2024 में 11 नवंबर को स्कूटी पर जा रहे कुरियर व्यवसायी रमेश ईनाणी की प्रतापसेतु मार्ग पर दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. ईनाणी को गोली मारने वाला शूटर मोटरसाइकिल पर सवार होकर आया था. शहर में दिनदहाड़े हुई हत्या की इस वारदात से बवाल मच गया था और चित्तौड़गढ़ पुलिस पर सवाल उठने लगे थे. इस पर पुलिस ने भी ताबड़तोड़ कार्रवाई कर महज एक दिन के भीतर ही शूटर को दबोच लिया था.
रमेश ईनाणी और संत रमताराम के बीच जमीन का विवाद चल रहा थापुलिस की जांच पड़ताल में शूटर की पहचान मनीष कुमार के रूप में हुई. वह उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले के चितईपुर का रहने वाला है. पुलिस ने उसे पूछताछ के लिए 6 दिन के रिमांड पर लिया था. बाद में उसे जेल भिजवाया दिया गया था. इस मामले में ईनाणी के परिजनों ने चित्तौड़गढ़ के बूंदी रोड स्थित रामद्वारा के संत रमताराम पर संदेह जताया था. इसके चलते रमताराम पुलिस के निशाने पर आ गया था. गिरफ्तारी के डर से रमताराम ने कोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए आवेदन कर दिया था. पुलिस की जांच में सामने आया कि लेकिन रमेश ईनाणी और संत रमताराम के बीच लंबे समय से जमीन का विवाद चल रहा था.
रमताराम 24 नवंबर से ही फरार हैपुलिस को रमताराम की ओर से शूटर तक अलग-अलग खातों से पैसा ट्रांसफर करने, कॉल रिकॉर्ड और मोबाइल लोकेशन सहित अन्य डिजिटल सबूत मिले थे. पुलिस की ओर से शूटर और रमताराम के बीच व्हाट्सऐप कॉलिंग और चैट आदि की जानकारी देने पर कोर्ट ने उसका जमानत आवेदन रद्द कर दिया था. उसके बाद उसकी गिरफ्तारी के कयास तेज हो गए थे. लेकिन इस बीच रमताराम फरार हो गया. वह 24 नवंबर से फरार है. पुलिस उस तक ना पहुंच पाए इसलिए संत रमताराम अपना फोन बंद कर लिया.
पुलिस ने शूटर को जेल से फिर रिमांड पर लियाउसके बाद से रमताराम की पुलिस सरगर्मी से तलाश कर रही है. पुलिस की टीमें रमताराम के ठिकानों पर दबिश दे रही हैं. पुलिस ने संत रमताराम के पुश्तैनी मकान मध्यप्रदेश के इंदौर और उसके रिश्तेदारों के घरों पर भी दबिश दी है. लेकिन उसका अभी तक कोई पता नहीं लग पाया. उसके बाद पुलिस ने जेल भेजे जा चुके शूटर मनीष उर्फ कमल दूबे को फिर से रिमांड पर लेकर वारदात के शेष बिन्दुओं पर विस्तृत पूछताछ की. उसमें सामने आया संत रमताराम को शूटर से मिलाने वाला संत भजनलाल ही था. इस पर पुलिस ने उसकी कुंडली खंगाली और उसे दबोच लिया. अब उससे पूछताछ की जा रही है.
About the AuthorSandeep Rathore
संदीप राठौड़ ने वर्ष 2000 में भास्कर सुमूह से पत्रकारिता की जयपुर से शुरुआत की. बाद में कोटा और भीलवाड़ा में राजस्थान पत्रिका के रेजीडेंट एडिटर की जिम्मेदारी निभाई. 2017 से के साथ नए सफर की शुरुआत की. वर…और पढ़ें
Location :
Chittaurgarh,Chittaurgarh,Rajasthan
First Published :
January 09, 2026, 10:43 IST
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रमेश ईनाणी मर्डर केस में बड़ा खुलासा, संत भजनाराम ने उपलब्ध कराया था शूटर



