थप्पड़बाज नरेश मीणा फिर फंसे, अब बूंदी में दर्ज हुआ केस, जानें कहां और क्या बोल गए, किस समाज को कर दिया नाराज?

Last Updated:July 25, 2025, 17:17 IST
Bundi News: टोंक जिले के समरावता गांव में एसडीएम को थप्पड़ मारने के बाद आठ महीने की जेल काट चुके नरेश मीणा एक बार फिर से फंस गए हैं. उनके खिलाफ बूंदी जिले में पुलिस केस दर्ज किया गया है. यह केस गुर्जर समाज पर क…और पढ़ें
नरेश मीणा के खिलाफ बूंदी के सदर थाने में केस दर्ज किया गया है.
हाइलाइट्स
नरेश मीणा पर गुर्जर समाज को लेकर टिप्पणी का केस दर्ज.बूंदी में श्री देवनारायण गुर्जर विकास समिति ने केस दर्ज कराया.मीणा की टिप्पणी से गुर्जर समाज की भावनाएं आहत हुईं.भवानी सिंह हाड़ा.
बूंदी. थप्पड़बाज नरेश मीणा अब एक नए केस में फंस गए हैं. यह केस उन पर श्री देवनारायण गुर्जर विकास समिति के महासचिव मुकेश गुर्जर ने दर्ज कराया है. केस में नरेश मीणा पर आरोप लगाया गया है कि उन्होंने गुर्जर समाज को लेकर अभद्र टिप्पणी की है. इससे समाज की भावनाएं आहत हुई है. केस बूंदी शहर के सदर थाने में दर्ज कराया गया है. बताया जा रहा है कि इसको लेकर नरेश मीणा ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म फेसबुक पर एक पोस्ट भी लिखी थी. पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है.
पुलिस के अनुसार श्री देवनारायण गुर्जर विकास समिति के महासचिव मुकेश गुर्जर की ओर से दर्ज कराए गए इस केस में कहा गया है कि नरेश मीणा की टिप्पणी से पूरे गुर्जर समाज को ठेस पहुंची है. उनकी इस टिप्पणी से लगता है कि वे सस्ती लोकप्रियता हासिल करना चाहते हैं. गुर्जर समाज को लेकर की गई उनकी टिप्पणी ने भावनाओं को भड़काने का काम किया है. यह गुर्जर समुदाय के बीच सौहार्द्र पर प्रतिकूल प्रभाव डालने वाली है.
कोटा और बूंदी के गुर्जर समाज के लिए कहे अपशब्दरिपोर्ट में गुर्जर ने आगे बताया है कि नरेश मीणा की टिप्पणी वाला यह वीडियो उन्हें मोबाइल पर मिला था. इसमें मीणा कोटा और बूंदी के गुर्जर समाज के लिए आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं. उन्होंने गुर्जरों को डूब मरने के लिए कहा. मीणा ने कहा कि जो गुर्जर समाज के होकर प्रहलाद गुंजल (गुर्जर) के साथ नहीं है वह गुर्जर नहीं बल्कि…हैं. इसके अलावा भी उन्होंने गुर्जर समाज के लिए काफी गलत शब्दों का उपयोग किया है. गुर्जर की रिपोर्ट पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता बीएस धारा 2023 में 196(1)(A) और बीएस 2023 की धारा 352 में केस दर्ज किया है.
नरेश मीणा की मुश्किलें बढ़ सकती हैंनरेश मीणा समरावता थप्पड़ कांड के बाद हाल ही में हाईकोर्ट से जमानत मिलने पर बाहर आए हैं. वे बीते साल टोंक जिले के देवली उनियारा विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में एसडीएम को थप्पड़ मारने के आरोप में जेल में बंद थे. समरावता में हुए इस थप्पड़ कांड के बाद वहां भारी बवाल मचा था. आगजनी और तोड़फोड़ भी हुई थी. जेल से बाहर आने के बाद मीणा अब अपने समर्थकों के साथ दौरे कर रहें हैं. उनके साथ भारी भीड़ उमड़ रही है. लेकिन ताजा मामले से उनकी मुश्किलें बढ़ सकती हैं.
Sandeep Rathore
संदीप ने 2000 में भास्कर सुमूह से पत्रकारिता की शुरुआत की. कोटा और भीलवाड़ा में राजस्थान पत्रिका के रेजीडेंट एडिटर भी रह चुके हैं. 2017 से से जुड़े हैं.
संदीप ने 2000 में भास्कर सुमूह से पत्रकारिता की शुरुआत की. कोटा और भीलवाड़ा में राजस्थान पत्रिका के रेजीडेंट एडिटर भी रह चुके हैं. 2017 से से जुड़े हैं.
Location :
Bundi,Bundi,Rajasthan
homerajasthan
थप्पड़बाज नरेश मीणा फिर फंसे, अब बूंदी में दर्ज हुआ केस, जानें क्या कर डाला?



