खाटूश्यामजी मंदिर कमेटी चुनाव विवाद गहराया, रोक के बावजूद नई कार्यकारिणी गठित, शक्ति सिंह बने नए अध्यक्ष

Last Updated:December 15, 2025, 19:37 IST
खाटूश्यामजी स्थित विश्व प्रसिद्ध श्री श्याम मंदिर कमेटी के चुनाव को लेकर विवाद गहराता जा रहा है. देवस्थान विभाग द्वारा चुनाव प्रक्रिया पर रोक लगाए जाने के बावजूद नई कार्यकारिणी के गठन की घोषणा किए जाने से मामला और पेचीदा हो गया है. एक पक्ष इसे नियमों की अवहेलना बताते हुए अवैध करार दे रहा है, जबकि दूसरा पक्ष विधान के तहत गठन का दावा कर रहा है. अब इस पूरे प्रकरण में प्रशासन और देवस्थान विभाग की अगली कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं.
सीकर. खाटूश्यामजी स्थित विश्व प्रसिद्ध श्री श्याम मंदिर कमेटी के चुनाव को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है, देवस्थान विभाग द्वारा चुनाव प्रक्रिया पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाए जाने के बावजूद मंदिर कमेटी की ओर से नई कार्यकारिणी के गठन की घोषणा कर दी गई है. इस घटनाक्रम ने मंदिर प्रबंधन, प्रशासन और श्रद्धालुओं के बीच तीखी बहस छेड़ दी है. वहीं, कानून और नियमों की अवहेलना के आरोप भी सामने आए हैं. दरअसल, देवस्थान विभाग ने हाल ही में एक आदेश जारी कर स्पष्ट किया था कि श्री श्याम मंदिर में वार्षिक फाल्गुन मेले की तैयारियां चल रही हैं और इस दौरान चुनाव कराना उचित नहीं है.
विभाग ने निर्देश दिए थे कि मेला संपन्न होने के बाद ही राजस्थान लोक न्यास अधिनियम, 1959 तथा प्रन्यास विधान के तहत विधिसम्मत तरीके से चुनाव कराए जाएं. यह आदेश मंदिर कमेटी के वर्तमान अध्यक्ष पृथ्वी सिंह चौहान सहित कई सदस्यों की शिकायतों के बाद जारी किया गया था. शिकायत में आरोप लगाया गया था कि 9 नवंबर को हुई बैठक में आवश्यक कोरम और बहुमत के बिना केवल 6 सदस्यों की सहमति से 4 मार्च को चुनाव कराने का प्रस्ताव पारित कर दिया गया.
पहला पक्ष: चुनाव प्रक्रिया अवैध
अध्यक्ष पृथ्वी सिंह चौहान और उनके समर्थकों का कहना है कि देवस्थान विभाग के आदेश के बावजूद नई कार्यकारिणी का गठन करना सीधे तौर पर नियमों की अवहेलना है. उनका आरोप है कि यह पूरी प्रक्रिया न तो पारदर्शी है और न ही प्रन्यास विधान के अनुरूप है. उनका यह भी कहना है कि मेले की तैयारियों के बीच इस तरह के निर्णय से मंदिर की व्यवस्थाएं प्रभावित हो सकती हैं और इससे श्रद्धालुओं में भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो रही है. उन्होंने प्रशासन से हस्तक्षेप कर विभागीय आदेशों की सख्ती से पालना करवाने की मांग की है.
दूसरा पक्ष: विधान के तहत गठन का दावा
वहीं, दूसरी ओर नवगठित कार्यकारिणी और उससे जुड़े पदाधिकारियों का दावा है कि यह गठन श्री श्याम मंदिर कमेटी के विधान की धारा-6 के तहत साधारण सभा द्वारा किया गया है. जारी किए गए सार्वजनिक पत्र के अनुसार, साधारण सभा के 7 सदस्यों को निर्वाचित घोषित किया गया, जिसके बाद शक्ति सिंह चौहान को अध्यक्ष, मानवेन्द्र सिंह चौहान को मंत्री तथा रवि सिंह चौहान को कोषाध्यक्ष चुना गया. उनका कहना है कि यह पूरी प्रक्रिया आंतरिक नियमों के अनुसार संपन्न हुई है और इसमें किसी प्रकार की अनियमितता नहीं है.
आदेशों की पालना की मांग उठ रही
फिलहाल, इस पूरे विवाद के चलते खाटूश्यामजी मंदिर कमेटी दो स्पष्ट गुटों में बंटी हुई नजर आ रही है, एक ओर देवस्थान विभाग के आदेशों की पालना की मांग उठ रही है, वहीं दूसरी ओर नई कार्यकारिणी अपने गठन को वैध ठहराते हुए सामने आ रही है. अब सबकी नजर प्रशासन और देवस्थान विभाग की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है, जिससे यह तय होगा कि मंदिर कमेटी का भविष्य किस दिशा में जाएगा.
About the AuthorMonali Paul
Hello I am Monali, born and brought up in Jaipur. Working in media industry from last 9 years as an News presenter cum news editor. Came so far worked with media houses like First India News, Etv Bharat and NEW…और पढ़ें
Location :
Sikar,Rajasthan
First Published :
December 15, 2025, 19:37 IST
homerajasthan
खाटूश्यामजी मंदिर कमेटी चुनाव विवाद गहराया, नई कार्यकारिणी हुई गठित



