सर्दियों में क्यों बढ़ जाती है भरतपुर की जूतियों का डिमांड? जानें इसकी खासियत और लागत

Last Updated:November 23, 2025, 07:02 IST
भरतपुर में सर्दियों के मौसम में पारंपरिक चमड़े की जूतियों की मांग बढ़ गई है. ये जूतियां ठंड में पैरों को गर्म रखती हैं और टिकाऊ होने के साथ आकर्षक डिज़ाइन में भी उपलब्ध हैं. नए पैटर्न और रंगों के साथ महिलाएं और युवा भी इन जूतियों को पसंद कर रहे हैं. कारीगरों की मेहनत और परंपरा इन जूतियों को फैशन स्टेटमेंट बनाती है.
भरतपुर. सर्दियों का मौसम शुरू होते ही भरतपुर की पारंपरिक चमड़े की जूतियों की मांग एक बार फिर तेजी से बढ़ गई है. स्थानीय बाजारों में इन जूतियों की चमक सर्दी के साथ-साथ और ज्यादा निखरकर सामने आती है. पूरी तरह चमड़े से तैयार ये जूतियां प्रदेश ही नहीं बल्कि आस-पास के इलाकों में भी सर्दियों के दौरान लोगों की पहली पसंद बन जाती है. खास बात यह है कि ये जूतियां ठंड के मौसम में पैरों को प्राकृतिक गर्माहट प्रदान करती है, जो इन्हें अन्य फुटवियर से अलग पहचान देती है.
स्थानीय कारीगरों का कहना है कि भरतपुर की चमड़े की यह जूती वर्षों पुरानी परंपरा का हिस्सा रही है. पहले इन्हें ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक पसंद किया जाता था, लेकिन अब शहरी ग्राहकों में भी इनकी मांग तेजी से बढ़ी है. पारंपरिक तरीके से हाथों से तैयार की गई इन जूतियों में ठंड को ध्यान में रखते हुए मोटे और मजबूत चमड़े का इस्तेमाल किया जाता है. यही वजह है कि यह जूती न केवल टिकाऊ होती है बल्कि लंबे समय तक अपना आकार और मुलायमपन बनाए रखती है.
बाजार में अब नए पैटर्न की जूतियां भी है उपलब्ध
यह जूतियां देखने में सुंदर आकर्षक डिजाइन वाली और आरामदायक होती है. ये जूतिया हर उम्र के लोगों की पसंद बनती जा रही हैं. महिलाएं भी अब अलग-अलग रंगों और डिजाइन वाली जूतियों की ओर अधिक आकर्षित हो रही हैं. स्थानीय कारीगर बताते हैं कि इस बार सर्दियों में पुरानी डिजाइन के साथ-साथ कुछ नए पैटर्न भी बाजार में उतारे गए हैं, जो युवाओं को खासा पसंद आ रहे हैं. परंपरा और आधुनिकता का मिश्रण बन चुकी ये जूतियां फैशन स्टेटमेंट बन रही हैं.
डिजाइन और क्वालिटी के हिसाब से तय होते हैं रेट
भरतपुर में बनने वाली जूतियां कला और संस्कृति की पहचान भी मजबूत कर रही हैं. भरतपुर के बाजारों में इन जूतियों की कीमत डिजाइन और क्वालिटी के हिसाब से अलग-अलग रहती है. लेकिन उपभोक्ता बताते हैं कि गुणवत्ता और टिकाऊपन के कारण ये जूतियां कीमत के हिसाब से बिल्कुल सही साबित होती है. कारीगरों की मेहनत और वर्षों की विरासत से बनी ये पारंपरिक जूतियां आज भी भरतपुर की पहचान को नई ऊंचाइयों पर ले जा रही है.
deep ranjan
दीप रंजन सिंह 2016 से मीडिया में जुड़े हुए हैं. हिंदुस्तान, दैनिक भास्कर, ईटीवी भारत और डेलीहंट में अपनी सेवाएं दे चुके हैं. 2022 से हिंदी में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. एजुकेशन, कृषि, राजनीति, खेल, लाइफस्ट…और पढ़ें
दीप रंजन सिंह 2016 से मीडिया में जुड़े हुए हैं. हिंदुस्तान, दैनिक भास्कर, ईटीवी भारत और डेलीहंट में अपनी सेवाएं दे चुके हैं. 2022 से हिंदी में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. एजुकेशन, कृषि, राजनीति, खेल, लाइफस्ट… और पढ़ें
Location :
Bharatpur,Rajasthan
First Published :
November 23, 2025, 07:02 IST
homerajasthan
सर्दियों में क्यों बढ़ जाती है भरतपुर की जूतियों का डिमांड? जानें इसकी खासियत



