कौन हैं IPS तेजस्विनी गौतम? जिन्होंने टाइगर श्रॉफ के शूटरों को 15 मिनट में धर दबोचा

Last Updated:October 19, 2026, 20:28 IST
IPS Tejaswini Gautam: आईपीएस तेजस्विनी गौतम के नेतृत्व में कोटा पुलिस ने सूचना मिलने के 15 मिनट के भीतर टाइगर श्रॉफ पर हमला करने वाले आरोपियों को धर दबोचा. उनकी पुलिस टीम की सक्रियता की तारीफ चारो तरफ हो रही है. आइए जानते हैं इस जांबाज पुलिस अधिकारी के बारे में.IPS Tejaswini Gautam: तेजस्विनी गौतम 2013 बैच की IPS हैं.
IPS Tejaswini Gautam: बॉलीवुड एक्टर टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग करने वाले हमलावरों को कोटा पुलिस ने 24 घंटे के भीतर धर दबोचा. कोटा पुलिस की इस तत्परता की सोशल मीडिया पर जमकर तारीफ हो रही है. सबसे बड़ी बात यह है कि इस ऑपरेशन की सराहना राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा ने की है. उन्होंने कोटा शहर पुलिस एसपी IPS तेजस्विनी गौतम को फोन करके पूरी टीम को बधाई दी. साथ ही उन्होंने एसपी तेजस्विनी की लीडरशिप की भी तारीफ की.
आईपीएस अधिकारी तेजस्विनी गौतम अपनी पुलिस सेवा, लॉ एंड ऑर्डर और सामाजिक जागरुकता से जुड़े प्रयासों के लिए जानी जाती हैं. आइए जानते हैं एसपी तेजस्विनी के बारे में और डिटेल. रिपोर्ट के अनुसार टाइगर श्रॉफ पर हमले वाले दिन सुबह करीब 9:45 बजे मुंबई पुलिस के क्राइम बांच से एसपी तेजस्विनी गौतम को सूचना मिली कि हार्डकोर अपराधी ट्रेन के जरिए कोटा की तरफ आ रहे हैं. इसके 15 मिनट के भीतर ही कोटा पुलिस ने आरोपियों को धर दबोचा.
दिल्ली की रहने वाली हैं तेजस्विनी गौतम
आईपीएस तेजस्विनी गौतम राजस्थान कैडर की 2013 बैच की पुलिस अधिकारी हैं. वह मूलत: दिल्ली की रहने वाली हैं. उन्होंने लेडी श्रीराम कॉलेज पॉलिटिकल साइंस में बीए (ऑनर्स) किया है. साथ ही एलएलबी और लोक प्रशासन में एमए भी किया है. कुछ मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, वह दिल्ली यूनिवर्सिटी में टॉपर और गोल्ड मेडलिस्ट भी रही हैं.
कई जिलों में संभाल चुकी हैं लॉ एंड ऑर्डर
कोटा से पहले वे चूरू, अजमेर और बीकानेर जैसे जिलों में भी SP रह चुकी हैं. अपनी त्वरित कार्यशैली और सख्त पुलिसिंग के लिए पहचानी जाने वाली तेजस्विनी गौतम पहले भी कई केसेज में अपने काम को लेकर सुर्खियों में रह चुकी हैं. वह एंटी करप्शन ब्यूरो, जयपुर में भी एसपी रह चुकी हैं.
सामाजिक कार्य और महिला सुरक्षा
तेजस्विनी गौतम के कामकाज का एक उल्लेखनीय पहलू सामाजिक जागरूकता से जुड़ा रहा है. चूरू में तैनाती के दौरान उन्होंने नुक्कड़ नाटकों और जागरूकता अभियानों के माध्यम से लोगों तक संदेश पहुंचाने की पहल की. मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, अजमेर में उन्होंने ‘प्रेरणा’ पहल के जरिए नशे की समस्या से जूझ रहे बच्चों के पुनर्वास में भी योगदान दिया.
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Praveen Singh is an experienced journalist with approximately 10 years of experience in the field of media and journalism. Currently, he is associated with Hindi, where he works on the Education & Ca…
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October 19, 2026, 20:25 IST



