सस्ता डीजल दिलाने का दिया झांसा, पहले 80 हजार फिर 50 और 43 हजार मंगवाए, LNT मैनेजर बन ऐसे 1.73 लाख ठगा

चूरू. राजस्थान के चूरू जिले के तारानगर क्षेत्र में साइबर ठगी का एक और मामला सामने आया है. यहां साइबर ठगों ने एलएनटी कंपनी का मैनेजर बनकर एक युवक को सस्ते दाम पर डीजल दिलाने का झांसा दिया और उसके खाते से 1 लाख 73 हजार रुपए हड़प लिए. आरोपी ने खुद को कंपनी का मैनेजर ‘सत्या’ बताते हुए युवक को विश्वास में लिया और कहा कि डोकवा के पास एलएनटी कंपनी का काम चल रहा है. उसके पास अतिरिक्त डीजल उपलब्ध है, जिसे वह बाजार से कम कीमत पर दिलवा सकता है. सस्ते डीजल के लालच में युवक आरोपी के झांसे में आ गया.
ठग ने पहले कमीशन के नाम पर रकम जमा करवाने की बात कही. इसके बाद युवक से अलग-अलग खातों में तीन बार में कुल 1.73 लाख रुपए ट्रांसफर करवा लिए गए. रकम मिलने के बाद आरोपी ने मोबाइल बंद कर दिया और नंबर भी ब्लॉक कर दिया. ठगी का अहसास होने पर पीड़ित ने तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई. इसके बाद चूरू साइबर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
फोन कर खुद को बताया एलएनटी कंपनी का मैनेजर
साइबर थाना पुलिस के अनुसार गांव ढाणा पट्टा राजपुरा निवासी 29 वर्षीय सतपाल सिंह ने इस संबंध में रिपोर्ट दर्ज करवाई है. पीड़ित ने पुलिस को बताया कि उसके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से फोन आया था. कॉल करने वाले व्यक्ति ने अपना नाम ‘सत्या’ बताया और खुद को एलएनटी कंपनी का मैनेजर बताया. आरोपी ने कहा कि डोकवा के पास कंपनी का काम चल रहा है और उसके पास अतिरिक्त डीजल मौजूद है. वह यह डीजल कम कीमत में उपलब्ध करवा सकता है.
कमीशन के नाम पर पहले भेजे 80 हजार
आरोपी ने बातचीत के दौरान पीड़ित को भरोसे में लिया और डीजल उपलब्ध करवाने से पहले अपना कमीशन जमा कराने की बात कही. सस्ते दाम पर डीजल मिलने की उम्मीद में सतपाल सिंह ने आरोपी के बताए खाते में अपने फोन-पे के जरिए 80 हजार रुपए ट्रांसफर कर दिए. इसके बाद आरोपी ने अलग-अलग बहाने बनाकर और रकम जमा करवाने को कहा.
दो बार और कराए पैसे ट्रांसफर
पीड़ित आरोपी के झांसे में आता गया और उसने इसके बाद 50 हजार रुपए और 43 हजार रुपए भी बताए गए अलग-अलग खातों में जमा कर दिए. इस तरह तीन अलग-अलग ट्रांजेक्शन के जरिए युवक ने कुल 1 लाख 73 हजार रुपए आरोपी के बताए खातों में भेज दिए. रकम ट्रांसफर होने के बाद जब पीड़ित ने डीजल की डिलीवरी और आरोपी से संपर्क करने का प्रयास किया तो उसने फोन उठाना बंद कर दिया.
नंबर ब्लॉक करने पर हुआ ठगी का अहसास
कई बार फोन करने के बावजूद जब कथित एलएनटी मैनेजर ने कोई जवाब नहीं दिया और बाद में पीड़ित का मोबाइल नंबर भी ब्लॉक कर दिया, तब सतपाल सिंह को ठगी का अहसास हुआ. इसके बाद उसने मामले की जानकारी साइबर हेल्पलाइन 1930 पर दी. शिकायत के बाद चूरू साइबर थाना पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
खातों और मोबाइल नंबरों की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अब आरोपी द्वारा इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर, बैंक खातों और डिजिटल लेनदेन की जानकारी जुटा रही है. जांच के जरिए यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि ठगी की रकम किन खातों में पहुंची और इस वारदात के पीछे अकेला आरोपी है या साइबर ठगों का पूरा गिरोह सक्रिय है. पुलिस लोगों से भी अपील कर रही है कि किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर न करें और किसी कंपनी या संस्था के नाम पर किए जा रहे ऑफर की पहले आधिकारिक स्तर पर पुष्टि जरूर करें.



