कपासन के प्रसिद्ध शनिदेव मंदिर में खुला भंडारा, नोटों की गिनती में निकले 19.41 लाख रुपये

Last Updated:October 10, 2026, 09:08 IST
Shani Maharaj Ali Kapasan: चित्तौड़गढ़ के कपासन स्थित प्रसिद्ध श्री शनिमहाराज आली मंदिर में मासिक परंपरा के तहत भंडारे (दानपात्र) खोले गए. भगवान शनिदेव की विशेष पूजा के बाद मुख्य मंदिर, नवग्रह मंदिर और तेल कुंड के दानपात्रों से राशि निकाली गई. नोटों की गिनती में 19 लाख 41 हजार 755 रुपये की भेंट राशि प्राप्त हुई है, जबकि सिक्कों की गिनती अभी जारी है. सिक्कों की गिनती पूरी होने के बाद अंतिम आंकड़ा जारी होगा. मेवाड़ के इस धाम में हर माह हजारों श्रद्धालु दर्शन और तेल अर्पण करने पहुंचते हैं.
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Shani Maharaj Ali Kapasan: कपासन शनि देव मंदिर दानपात्र में निकले 19.41 लाख
चित्तौड़गढ़: चित्तौड़गढ़ जिले के कपासन उपखंड स्थित मेवाड़ के विख्यात और सुप्रसिद्ध तीर्थस्थल श्री शनिमहाराज आली धाम में मंदिर के भंडारे (दानपात्र) खोले गए. इस दौरान श्रद्धालुओं द्वारा आस्थापूर्वक अर्पित की गई भेंट राशि की गिनती की गई. केवल नोटों की गिनती के दौरान ही कुल 19 लाख 41 हजार 755 रुपये की रिकॉर्ड भेंट राशि प्राप्त हुई है. मंदिर ट्रस्ट और प्रबंध समिति के अनुसार, सिक्कों की गिनती प्रक्रिया अभी जारी है. सिक्कों की गिनती पूर्ण होने के बाद ही इस माह प्राप्त हुई कुल भेंट राशि का अंतिम और सटीक आंकड़ा सार्वजनिक किया जा सकेगा.
कपासन क्षेत्र के इस प्रमुख धार्मिक स्थल श्री शनिमहाराज आली में हर महीने अमावस्या से ठीक एक दिन पहले चतुर्दशी के पावन अवसर पर मंदिर के दानपात्रों (भंडारों) को खोलने की वर्षों पुरानी परंपरा है. शनिवार को भगवान श्री शनिदेव महाराज की विशेष विधि-विधान से पूजा-अर्चना, आरती और मंत्रोच्चार के बाद मुख्य समिति की मौजूदगी में भंडारों को खोला गया. इस दौरान मुख्य मंदिर परिसर, नवग्रह मंदिर और तेल कुंड के पास स्थित दानपात्रों से श्रद्धालुओं द्वारा समर्पित की गई भेंट राशि निकाली गई.
नोटों की गिनती हुई पूरी, सिक्कों की गिनती जारीदानपात्रों से निकाली गई राशि की गिनती कड़ी सुरक्षा और मंदिर पदाधिकारियों की उपस्थिति में शुरू की गई. बीती रात तक नोटों की गिनती का काम पूरा कर लिया गया, जिसमें 19,41,755 रुपये प्राप्त हुए. इसके बाद अब सिक्कों की छंटनी और गिनती की प्रक्रिया शुरू की गई है. गिनती की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए पूरी प्रक्रिया की निगरानी की जा रही है.
लाखों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है आली धामचित्तौड़गढ़ और मेवाड़ क्षेत्र में श्री शनिमहाराज आली धाम की अपार धार्मिक मान्यता है. हर महीने आने वाली अमावस्या पर यहां हजारों-लाखों की संख्या में श्रद्धालु देश और प्रदेश के विभिन्न कोनों से भगवान शनिदेव के दर्शन करने और तेल चढ़ाने पहुंचते हैं. भक्तों में मान्यता है कि यहां तेल अर्पण करने और पूजा-अर्चना करने से सभी कष्टों से मुक्ति मिलती है. इसी अपार आस्था के चलते हर महीने भंडारे में लाखों रुपये की भेंट राशि और तेल समर्पित किया जाता है.
About the Authorvicky Rathore
Vicky Rathore (born July 25, 1994) is a multimedia journalist and digital content specialist currently working with Rajasthan. I have over 8 years of experience in digital media, where I specialize in cr…
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Chittaurgarh,Chittaurgarh,Rajasthan
First Published :
October 10, 2026, 09:08 IST



