भरतपुर मेले पर अर्नब तूफान की मार, बारिश से मची कीचड़, व्यापारियों के चेहरे लटके, झूला संचालकों को भारी नुकसान

Last Updated:October 30, 2026, 18:22 IST
Arnab Storm In Bharatpur: भरतपुर में अर्नब तूफान का असर मेले पर भी देखने को मिल रहा है. तूफान के चलते हुई बारिश ने मेला व्यापारियों की चिंता बढ़ा दी है. बरसात के कारण मेले में जगह-जगह कीचड़ फैल गई, जिससे लोगों की आवाजाही कम हो गई है. ग्राहकों के नहीं पहुंचने से व्यापारियों को नुकसान उठाना पड़ रहा है. सबसे ज्यादा असर झूला संचालकों के कारोबार पर पड़ा है.
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अर्नब तूफान का भरतपुर में भी देखा जा रहा असर
भरतपुर: भरतपुर जिले में ‘अर्नब तूफान’ का असर देखने को मिल रहा है. तूफान के प्रभाव से पिछले दो दिनों से क्षेत्र में लगातार रुक-रुक कर बारिश हो रही है, जिससे जनजीवन के साथ-साथ व्यापारिक गतिविधियां भी प्रभावित हुई हैं. मौसम के बिगड़ने कारण मेले में आए व्यापारियों की उम्मीदों पर पूरी तरह पानी फेर दिया है.
बरसात के चलते मेला मैदान के कच्चे हिस्सों में जलभराव हो गया है और चारों तरफ कीचड़ ही कीचड़ फैल गया है. मौसम खराब होने के कारण आम लोगों ने भी मेले से दूरी बना ली है, जिससे मेले में खरीदार नजर नहीं आ रहे हैं और सन्नाटा पसरा है.
व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ाव्यापारियों को उम्मीद थी कि मेले के अंतिम दिनों में शहरवासियों की भीड़ उमड़ेगी और उनकी अच्छी बिक्री होगी. इस बार मेले की दुकानों के लिए व्यापारियों ने ऊंचे दामों पर बोलियां लगाकर स्टॉल बुक किए थे. लेकिन लगातार हो रही इस बारिश ने व्यापारियों का पूरा गणित बिगाड़ कर रख दिया है. स्थिति यह है कि दुकानें और स्टॉल खुले तो जरूर हैं, लेकिन उन पर ग्राहकों का नामोनिशान तक नहीं है, जिससे व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है.
झूले पूरी तरह से खाली पड़ेइस खराब मौसम की मार सबसे ज्यादा खाने-पीने के स्टॉल लगाने वालों और झूला संचालकों पर पड़ी है. मेले में लगे बड़े-बड़े झूले खाली पड़े हैं क्योंकि कीचड़ और गीली जमीन के कारण कोई भी उधर नहीं जा पा रहा है. इसके अलावा चाट-पकौड़ी और अन्य खान-पान की दुकानें भी सूनी पड़ी हैं. लोग ठंड और कीचड़ के कारण मेले का रुख नहीं कर रहे हैं, जिससे संचालकों की लागत निकलना भी मुश्किल हो गया है.
मौसम साफ होने की टकटकी लगाए बैठे हैं व्यापारीलगातार हो रहे इस नुकसान से त्रस्त मेला व्यापारी अब भगवान से यही प्रार्थना कर रहे हैं कि जल्द से जल्द मौसम साफ हो. व्यापारियों का मानना है कि यदि मौसम जल्द सुधरा तो आखिरी के बचे दिनों में कुछ राहत मिल सकती है और वे अपनी लागत की भरपाई कर सकेंगे. फिलहाल भरतपुर के इस मेले में मायूसी का माहौल है और सभी व्यापारी बादलों के छटने तथा धूप खिलने का इंतजार कर रहे हैं ताकि एक बार फिर से मेले की रौनक लौट सके.
About the AuthorJagriti Dubey
मेरा नाम जागृति दुबे है. मीडिया और डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में पिछले 6 वर्षों से सक्रिय हूं. पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को मैंने वर्ष 2019 में GBN 24 न्यूज़ चैनल से इंटर्नशिप के साथ शुरुआत देकर एक पेशेव…
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Bharatpur,Rajasthan
First Published :
October 30, 2026, 18:22 IST



