10 रुपये का यह जूस पिएं…. मिनटों में शरीर को एनर्जी और लिवर की सफाई, तनाव भी होगा एकदम गायब – Uttar Pradesh News

Last Updated:November 17, 2025, 16:33 IST
आज भी हमारे यहां कई ऐसी चीज़ें मौजूद हैं जो आयुर्वेद में अत्यंत फायदेमंद मानी जाती हैं, क्योंकि आयुर्वेद में हर मर्ज का इलाज बताया गया है. ऐसी ही एक औषधि है गन्ना, जो न केवल स्वादिष्ट है बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी बेहद लाभकारी है. इसमें पाए जाने वाले पोषक तत्व शरीर को ताकत देते हैं और कई रोगों से राहत दिलाने में मदद करते हैं.
भारत में गन्ने की खेती बड़े पैमाने पर होती है और यह देश की प्रमुख फसलों में शामिल है. गन्ने से गुड़, शक्कर और अन्य खाद्य पदार्थ तैयार किए जाते हैं. स्वाद में मीठा होने के कारण इसे लोग सामान्यतः केवल खाने-पीने के लिए लेते हैं, लेकिन आयुर्वेद में गन्ने के कई औषधीय गुण भी बताए गए हैं. यह न केवल शरीर को ऊर्जा देता है, बल्कि विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं से राहत दिलाने में भी मदद करता है.

जिला अस्पताल बाराबंकी के चिकित्सक डॉ. अमित वर्मा (एमडी मेडिसिन) के अनुसार, गन्ना औषधीय गुणों से भरपूर होता है. गन्ने का रस स्वास्थ्य के लिए बहुत फायदेमंद है क्योंकि इसमें मैग्नीशियम, कैल्शियम और पोटैशियम जैसे महत्वपूर्ण पोषक तत्व पाए जाते हैं. ये तत्व शरीर को कई गंभीर बीमारियों से बचाने में मदद करते हैं, बस इसे सही तरीके से उपयोग करने की आवश्यकता होती है.

यूरीन संबंधी समस्याओं में गन्ने का रस फायदेमंद साबित होता है. यूरिन करते समय दर्द, जलन, असहजता या मूत्र मार्ग में संक्रमण जैसी समस्याओं से राहत पाने के लिए गन्ने के रस का नियमित सेवन किया जा सकता है.

बुखार में गन्ने का रस फायदेमंद होता है. बुखार अक्सर किसी संक्रमण के कारण होता है और गन्ने का रस ऐसे बैक्टीरिया या वायरस को खत्म करने में मदद करता है. इससे बुखार को कम करने और शरीर को ताकत देने में सहूलियत मिलती है.

पीलिया की समस्या में गन्ने का रस बेहद फायदेमंद है. यह लीवर सिस्टम को मजबूत बनाता है और पीलिया में जल्दी राहत दिलाने में मदद करता है. गन्ने का जूस पीने से लीवर अपनी कार्यप्रणाली ठीक से करने लगता है, जिससे पीलिया कम होने में मदद मिलती है.

हिचकी की समस्या में भी गन्ने का रस फायदेमंद है. हिचकी को कम करने के लिए 10-20 मिली गन्ने का रस नियमित रूप से सेवन किया जा सकता है. इसके अलावा थोड़े से गुड़ और सोंठ को पानी में घिसकर नाक के रास्ते लेने से भी हिचकी और सिर दर्द में आराम मिलता है.

गले की समस्या में भी गन्ने का रस फायदेमंद है. अगर गला बैठ जाए, तो इसे गर्म रेत या गर्म राख में गर्म करके चूसने से गले की खराश और कमजोरी में राहत मिलती है. यह तरीका गले को आराम देता है और आवाज़ वापस सामान्य करने में मदद करता है.
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November 17, 2025, 16:33 IST
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यूरीन इन्फेक्शन, पीलिया…. सिर्फ स्वाद नहीं, गन्ना है औषधियों का खजाना, जानें



