Rajasthan

Sambhar Lake Flamingo Season 2025

Last Updated:November 07, 2025, 10:48 IST

Flamingo Season 2025: हर साल की तरह इस बार भी विदेशी फ्लेमिंगो राजस्थान की सांभर झील पहुंच चुके हैं. अक्टूबर से मार्च तक ये पक्षी यहां ठहरते हैं, जिससे झील का दृश्य इन दिनों बेहद मनमोहक है और यह फोटोग्राफी का केंद्र बन गया है.
गुलाबी मेहमान लौटे सांभर झील — राजस्थान की झील में फिर आई रौनक

पर्यटकों के लिए फ्लेमिंगो देखने का सबसे अच्छा समय अक्टूबर से मार्च तक माना जाता है. इस दौरान सर्द हवाओं और अनुकूल जलवायु की वजह से ये पक्षी बड़ी संख्या में झील में बसेरा करते हैं. पर्यटक झील किनारे खड़े होकर इनका मनमोहक दृश्य कैमरों में कैद करते हैं. यह अवधि प्रवासी पक्षियों की उपस्थिति और स्थानीय मौसम के कारण इन खूबसूरत पक्षियों को करीब से देखने और उनका आनंद लेने के लिए सबसे उत्तम होती है.

गुलाबी मेहमान लौटे सांभर झील — राजस्थान की झील में फिर आई रौनक

अप्रैल-मई के आते ही तापमान बढ़ने लगता है और झील का पानी घटने लगता है. इस समय फ्लेमिंगो धीरे-धीरे सांभर झील को अलविदा कहने लगते हैं. वे वापसी की यात्रा पर निकल पड़ते हैं और फिर अगले साल सर्दियों का इंतज़ार रहता है. यह प्राकृतिक चक्र हर साल दोहराया जाता है, जिससे यह पता चलता है कि फ्लेमिंगो केवल ठंडे और अनुकूल जलवायु वाले मौसम में ही इस क्षेत्र में प्रवास करते हैं.

गुलाबी मेहमान लौटे सांभर झील — राजस्थान की झील में फिर आई रौनक

राजस्थान की सांभर झील को विदेशी पक्षियों का स्वर्ग कहा जाता है. यहाँ हर साल हज़ारों फ्लेमिंगो दूर-दराज देशों से उड़कर आते हैं. खासकर सर्दियों में झील का नज़ारा गुलाबी रंग से सज जाता है, जब ये सुंदर पक्षी समूहों में इकट्ठा होकर झील पर तैरते और उड़ते दिखाई देते हैं. यह दृश्य झील को एक मनमोहक और अनूठा पर्यटन स्थल बना देता है.

गुलाबी मेहमान लौटे सांभर झील — राजस्थान की झील में फिर आई रौनक

सांभर झील फ्लेमिंगो का अस्थायी घर है. यहाँ वे आराम करते हैं, भोजन करते हैं और झुंड में सुरक्षित रहते हैं. उनकी मौजूदगी झील की जैव विविधता का प्रतीक है. यही कारण है कि हर साल हज़ारों पर्यटक इन विदेशी मेहमानों की झलक पाने के लिए सांभर की ओर रुख करते हैं. यह झील न केवल फ्लेमिंगो के लिए एक सुरक्षित ठिकाना है, बल्कि यह प्रवासी पक्षी मार्ग पर एक महत्वपूर्ण पड़ाव भी है.

गुलाबी मेहमान लौटे सांभर झील — राजस्थान की झील में फिर आई रौनक

फ्लेमिंगो यहाँ सिर्फ भोजन ही नहीं खोजते बल्कि सामाजिक जीवन भी जीते हैं. ये पक्षी बड़े समूहों में रहते हैं और आपस में मिलकर सुरक्षा और ऊर्जा का आदान-प्रदान करते हैं. उनकी सामूहिक उड़ान और झुंड में तैरना झील के दृश्य को और भी खास बना देता है. यह सामूहिक व्यवहार न केवल उन्हें शिकारियों से बचाता है, बल्कि उन्हें एक-दूसरे से जुड़ने और एक-दूसरे के साथ तालमेल बिठाने में भी मदद करता है.

गुलाबी मेहमान लौटे सांभर झील — राजस्थान की झील में फिर आई रौनक

सांभर झील में फ्लेमिंगो का प्रमुख काम भोजन की तलाश करना होता है. झील का खारा पानी इन पक्षियों के लिए उपयुक्त आहार प्रदान करता है. वे शैवाल (Algae) और छोटे जलीय जीवों को अपनी लंबी चोंच से छानकर खाते हैं. यही भोजन, जिसमें बीटा-कैरोटीन नामक पिगमेंट होता है, उनके गुलाबी रंग को और गाढ़ा बनाता है. इस तरह, सांभर झील का खारा वातावरण इन खूबसूरत पक्षियों के रंग और जीवनचक्र के लिए महत्वपूर्ण है.

First Published :

November 07, 2025, 10:48 IST

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Flamingo: सांभर झील बनी ‘नेचर गैलरी’! सर्द हवाओं के संग लौटे विदेशी पावणे

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