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Recipes Special: घर पर इस तरीके से बनाए केरी का मीठा आचार, स्वाद और सेहत दोनों का संगम है, बहुत आसान है इसकी रेसिपी 

Last Updated:October 23, 2025, 18:54 IST

Recipes Special : सर्दियों में खाने का मजा बढ़ाने वाला केरी का मीठा अचार अब सिर्फ स्वाद ही नहीं, बल्कि सेहत का भी खजाना है. गुड़, सौंफ और मेथी के साथ तैयार यह अचार पाचन सुधारता है, इम्यून सिस्टम मजबूत करता है और ऊर्जा बढ़ाता है. ग्रामीण सुमित्रा मौर्य की खास रेसिपी ने इसे हर घर की पसंद बना दिया है.तकेरी का मीठा अचार

सीकर : सर्दियों के मौसम में खाने का मजा ही कुछ अलग होता है. केरी का अचार अगर खाने के समय में मिल जाए तो यह पूरे खाने के स्वाद को दुगना कर देता है. आमतौर पर लोग केरी का खट्टा अचार पसंद करते हैं, लेकिन क्या आपको पता है कि आवले के मुरब्बे की तरह ही केरी का भी मीठा आचार बनता है. यह न सिर्फ खाने के स्वाद को बढ़ाता है, बल्कि सर्दियों में शरीर को गर्मी और ऊर्जा देता है.

केरी आचार

केरी का मीठा अचार बनाने की रेसिपी : ग्रामीण सुमित्रा मौर्य ने बताया कि केरी का मीठा अचार बनाने के लिए कच्ची केरी (कटी हुई) 1 किलो, गुड़ या चीनी आधा किलो ,सौंफ – 2 बड़े चम्मच, मेथी दाना 1 बड़ा चम्मच, हल्दी पाउडर 1 छोटा चम्मच, लाल मिर्च पाउडर 1 छोटा चम्मच, नमक स्वादानुसार, सरसों का तेल 1 कप की आवश्यकता होती है.

केरी आचार

बनाने की विधि : केरी का मीठा आचार बनाने के लिए सबसे पहले कच्ची केरी को धोकर छील लें और छोटे-छोटे टुकड़ों में काट लें. अब इन टुकड़ों को धूप में 3-4 घंटे के लिए हल्का सुखा लें, ताकि इनमें से अतिरिक्त नमी निकल जाए. अब सौंफ और मेथी दाना को तवे पर हल्का भून लें और फिर दरदरा पीस लें. इससे अचार में जबरदस्त खुशबू आएगी. अब एक पैन में थोड़ा पानी डालकर उसमें गुड़ या चीनी डालें और पिघलने दें. जब सिरप थोड़ा गाढ़ा हो जाए, तो उसमें सूखी केरी के टुकड़े डाल दें.

केरी आचार

इसमें हल्दी, लाल मिर्च, नमक, सौंफ और मेथी का पाउडर डालें. इसे धीमी आंच पर 8-10 मिनट तक पकाएं ताकि मसाले अच्छे से घुल-मिल जाएं. जब मिश्रण थोड़ा ठंडा हो जाए, तो इसमें सरसों का तेल मिलाएं. इससे अचार में नमी नहीं आएगी और वह लंबे समय तक टिकेगा. अब तैयार अचार को कांच की साफ जार में भर दें और 4-5 दिनों तक रोजाना कुछ घंटों के लिए धूप में रखें. कुछ ही दिनों में यह अचार खाने लायक तैयार हो जाएगा.

केरी आचार

ग्रामीण सुमित्रा मौर्य ने बताया कि अचार बनाते समय हमेशा सूखे बर्तन और चम्मच का इस्तेमाल करें. अचार को नमी और पानी से बचाकर रखें, ताकि यह महीनों तक खराब न हो. गुड़ डालने से अचार में प्राकृतिक मिठास आती है और सेहत के लिए भी यह चीनी से बेहतर होता है. केरी का मीठा अचार न केवल स्वादिष्ट होता है, बल्कि यह स्वास्थ्य लाभ में भी उतना ही मीठा होता है. केरी में मौजूद विटामिन C इम्यून सिस्टम को मजबूत करता है. गुड़ पाचन में मदद करता है और शरीर से विषाक्त पदार्थ निकालता है. सौंफ और मेथी दाना शरीर में ठंडक और ताजगी बनाए रखते हैं.

केरी आचार

हेल्थ एक्सपर्ट डॉक्टर प्रिया के अनुसार केरी का मीठा अचार पाचन शक्ति को बढ़ाता है. केरी में फाइबर की मात्रा अधिक होती है और जब इसे सौंफ और गुड़ के साथ लिया जाता है, तो यह पेट को साफ रखने में भी मदद करता है. यह गैस, अपच और कब जैसी समस्याओं को दूर करता है. इसके साथ ही यह गर्मी में शरीर को ठंडक देता है क्योंकि कच्ची केरी और सौंफ दोनों ही शरीर में ठंडक पहुंचाते हैं. इसलिए यह आचार गर्मियों में खाने के बाद ठंडक और ताजगी का एहसास दिलाता है.

केरी आचार

इसके साथ यह ऊर्जा का प्राकृतिक स्रोत माना जाता है. गुड में प्राकृतिक ग्लूकोज और आयरन होता है जो शरीर को तुरंत ऊर्जा देता है. रोजाना थोड़ा सा मीठा अचार खाने से थकान और कमजोरी कम महसूस होती है. वहीं, केरी और हल्दी दोनों ही एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर है. ये शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाते हैं और मौसमी बीमारियों से बचाते हैं. हेल्थ एक्सपर्ट के अनुसार यह लीवर और पाचन अंगों को दुरुस्त रखता है. मेथी और सौंफ लीवर को डिटॉक्स करने का काम करती है जिससे पाचन तंत्र बेहतर होता है और शरीर में टॉक्सिन्स जमा नहीं होते. यह तनाव को कम करने में मददगार होता है.

First Published :

October 23, 2025, 18:54 IST

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केरी का मीठा अचार बना सर्दियों का सुपरफूड, स्वाद और सेहत का धमाका

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