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पारंपरिक सिर गहना और दुल्हनों की पसंद

Last Updated:November 25, 2025, 21:10 IST

राजस्थान की समृद्ध संस्कृति और पारंपरिक आभूषणों में मेमंद एक खास स्थान रखता है. यह सिर पर पहना जाने वाला सजावटी आभूषण नई दुल्हनों की शान और पोशाक की शोभा बढ़ाता है. मेंमंद सोने, चांदी या नक्काशीदार धातु से बना होता है और मोती, रंगीन पत्थर, कुंदन व मीना की बारीक कारीगरी से सजाया जाता है. इसका अर्धवृत्ताकार आकार माथे और सिर के ऊपर एक चमकदार झिलमिलाहट जैसा प्रभाव देता है, जो इसे दूर से भी अलग पहचान देता है.

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राजस्थान अपनी समृद्ध संस्कृति, रंगीन पहनावे और पारंपरिक आभूषणों के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है. इनमें से एक खास आभूषण है मेंमंद, जो विशेष रूप से सिर पर पहना जाता है. यह न केवल एक सजावटी गहना है, बल्कि राजस्थान की महिलाओं की शान, वैभव और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक भी माना जाता है.

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मेंमंद एक पारंपरिक सिर का आभूषण है जिसे सिर के ऊपरी भाग पर सजाया जाता है. इसे शीश फूल के पीछे पहना जाता है. आकार में यह शीश फूल से चौड़ा और भारी होता है और सिर के बड़े हिस्से को कवर करता है. यह विशेष रूप से नई दुल्हनों द्वारा पारंपरिक पोशाकों के साथ पहना जाता है, महिलाएं अपनी पोशाक को अत्यंत कीमती दिखाने के लिए मेंमंद का उपयोग करती हैं, जिससे उनकी पोशाक न केवल सामान्य बल्कि अनमोल और कीमती प्रतीत होती है.

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मेमंद को आमतौर पर सोने, चांदी या नक्काशीदार धातु से बनाया जाता है, डिजाइन में मोती, रंगीन पत्थर, कांच, कुंदन और मीना की बारीक कारीगरी देखी जा सकती है. इसका आकार लंबा, चौड़ा और अर्धवृत्ताकार होता है, जो माथे और सिर के ऊपर एक झिलमिलाहट जैसा प्रभाव देता है. इसकी भारी और चमकदार बनावट इसे दूर से ही अलग पहचान देती है.

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राजस्थानी महिलाएं मेमंद को आमतौर पर शादियों, तीज त्योहारों, घूमर, पारंपरिक नृत्यों और विशेष राजस्थानी अवसरों पर पहनती हैं. इसकी चमक और बारीक कारीगरी दुल्हन के पूरे श्रृंगार को शाही रूप देती है. मेमंद सिर्फ गहना नहीं, बल्कि सम्मान, समृद्धि और सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है. राजस्थानी परंपराओं में इसे स्त्रियों के गृहस्थ जीवन और सामाजिक प्रतिष्ठा से जोड़कर देखा जाता है.

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विवाह के समय मेंमंद को पहनना शुभ माना जाता है. भले ही आधुनिक फैशन के कारण कहीं पारंपरिक आभूषण कम दिखाई देते हो, लेकिन मेमंद का आकर्षण आज भी उतना ही बना हुआ है. डिजाइनर इसे नए मॉडर्न स्टाइल में भी बना रहे हैं. ब्राइडल ज्वेलरी में इसकी लोकप्रियता लगातार बढी है.

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सोशल मीडिया पर राजस्थानी ब्राइड्स इसे गर्व से पहनती दिखाएं दिखती है. बॉलीवुड जैसी फिल्म इंडस्ट्री में भी अभिनेत्रीयो के द्वारा मेंमंद का उपयोग काफी किया गया है. इसकी सुंदरता, चमकदार डिजाइन और सांस्कृतिक महत्व से आज भी हर दुल्हन का पसंदीदा सिर का गहना बनाता है.

First Published :

November 25, 2025, 21:10 IST

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राजस्थान का मेंमंद पारंपरिक सिर गहना और दुल्हनों की पसंद, जानिए इसके बारे में

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