बाबर आजम ने रचा इतिहास, वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में 2000 रन बनाने वाले बने एशिया के दूसरे कप्तान

नई दिल्ली. इंग्लैंड के खिलाफ एजबेस्टन में तीसरे टेस्ट मैच की दूसरी पारी में बाबर आजम ने अपने बल्ले से इतिहास रच दिया. दूसरी पारी एक छोर संभालकर बल्लेबाजी करते हुए बाबर आजम ने विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में बतौर कप्तान अपने 2,000 रन पूरे कर लिए. इस ऐतिहासिक मुकाम तक पहुंचने वाले वह दुनिया के चौथे और एशिया के केवल दूसरे कप्तान बन गए हैं. चोट के कारण तीन टेस्ट मैचों की इस सीरीज के पहले मुकाबले से बाहर रहने वाले बाबर का इस मैच में एक अलग ही अंदाज देखने को मिला.
पाकिस्तान की टीम को जब कप्तान से बड़ी पारी की जरूरत थी, तब बाबर आजम (Babar Azam) ने 103 गेंदों का सामना करते हुए 76 रनों की जुझारू पारी खेली. अपनी इस अर्धशतकीय पारी में उन्होंने 11 चौके और 1 छक्का लगाया. इस पारी की बदौलत डब्ल्यूटीसी में बतौर कप्तान उनके रनों का कुल आंकड़ा 2,015 पर पहुंच गया. इस सीरीज में यह उनका पहला अर्धशतक है. पाकिस्तान की पारी के 31वें ओवर में जब टीम का स्कोर 125 रन पर 3 विकेट था, तब बाबर क्रीज पर आए. इससे पहले शान मसूद और अजान ओवैस ने नई गेंद का खतरनाक स्पेल झेलकर टीम को मजबूत स्थिति दी थी. क्रीज पर कदम रखते ही बाबर ने इंग्लिश तेज गेंदबाजों की ढीली गेंदों पर प्रहार किया और शुरुआती बाउंड्रीज बटोरकर जल्दी ही अपनी लय हासिल कर ली.
बाबर आजम यह उपलब्धि हासिल करने वाले एशिया के दूसरे कप्तान बने.
सबसे तेज 2,000 रन बनाने वालों की लिस्ट और कप्तानों के आंकड़ेविश्व टेस्ट चैंपियनशिप के इतिहास में बतौर कप्तान सबसे तेज 2,000 रन पूरे करने के मामले में बाबर आजम तीसरे स्थान पर आ गए हैं. उन्होंने यह कारनामा महज 41 पारियों में कर दिखाया. इस सूची में इंग्लैंड के जो रूट और श्रीलंका के दिमुथ करुणारत्ने संयुक्त रूप से शीर्ष पर हैं, जिन्होंने मात्र 40-40 पारियों में यह मुकाम हासिल किया था. वहीं, इंग्लैंड के ऑलराउंडर बेन स्टोक्स, जो इस साल की शुरुआत में संन्यास ले चुके हैं, को 2,000 रन पूरे करने में 61 पारियां लगी थीं.
डब्ल्यूटीसी के इतिहास में कप्तानों द्वारा बनाए गए सर्वाधिक रनों में इंग्लैंड के जो रूट 66 पारियों में 48.57 की औसत से 3,060 रन बनाकर सबसे आगे हैं, जिसमें उनके नाम 8 शतक और 32 अर्धशतक दर्ज हैं. दूसरे स्थान पर बेन स्टोक्स हैं, जिन्होंने 71 पारियों में 32.56 की औसत से 2,182 रन (3 शतक, 32 अर्धशतक) बनाए हैं. श्रीलंका के दिमुथ करुणारत्ने 45 पारियों में 49.09 की शानदार औसत से 2,160 रन (6 शतक, 22 अर्धशतक) बनाकर तीसरे पायदान पर हैं.चौथे स्थान पर पहुंचे बाबर आजम ने 41 पारियों में 53.02 की बेहतरीन औसत से 2,015 रन बनाए हैं, जिनमें 4 शतक और 24 अर्धशतक शामिल हैं. वेस्टइंडीज के क्रेग ब्रैथवेट 64 पारियों में 1,994 रन (3 शतक, 24 अर्धशतक) के साथ पांचवें स्थान पर हैं.
अन्य प्रमुख एशियाई कप्तानों में भारत के पूर्व कप्तान विराट कोहली ने 37 पारियों में 38.54 की औसत से 1,349 रन (2 शतक, 16 अर्धशतक) बनाए हैं. न्यूजीलैंड के टॉम लाथम के नाम 37 पारियों में 1,338 रन (5 शतक, 9 अर्धशतक) हैं, जबकि भारत के रोहित शर्मा ने 42 पारियों में 30.58 की औसत से 1,254 रन (4 शतक, 15 अर्धशतक) जोड़े हैं. श्रीलंका के धनंजय डी सिल्वा ने 31 पारियों में 1,130 रन (3 शतक, 15 अर्धशतक) और बांग्लादेश के नजमुल हुसैन शांतो ने 30 पारियों में 1,130 रन (4 शतक, 12 अर्धशतक) बनाए हैं.
शॉर्ट बॉलिंग की रणनीति और बाउंड्री लाइन का ड्रामाबाबर आजम की इस 76 रनों की पारी में काफी रोमांच भी देखने को मिला. पुरानी होती गेंद के साथ जोफ्रा आर्चर और इंग्लैंड के अन्य तेज गेंदबाजों ने लेट मूवमेंट से उन्हें परेशान करना शुरू कर दिया. जब पारंपरिक स्विंग गेंदबाजी से सफलता नहीं मिली, तो इंग्लैंड ने अपनी रणनीति बदलते हुए बाउंड्री पर फील्डरों का पहरा बिठाया और लगातार शॉर्ट-पिच (बाउंसर) गेंदों से हमला बोल दिया.
इस दौरान एक अनोखा ड्रामा भी देखने को मिला जब आर्चर की एक उठती हुई गेंद पर बाबर ने डीप थर्ड की तरफ शॉट खेला. बाउंड्री पर खड़े थियो वाईली ने कैच तो लपक लिया, लेकिन उनका पैर बाउंड्री कुशन से छू गया और अंपायर ने इसे छक्का करार दिया. यह बाबर की पारी का पहला और इकलौता छक्का था. हालांकि, इंग्लैंड की बाउंसर फेंकने की रणनीति आखिरकार रंग लाई. जोश टंग की एक तीखी शॉर्ट बॉल पर बाबर फाइन लेग की दिशा में शॉट खेल बैठे, जहां जॉर्डन कॉक्स ने एक शानदार कैच लपककर उनकी इस ऐतिहासिक पारी का अंत किया.



