बारां में सड़क नेटवर्क का होगा विस्तार, 3 तहसीलों में बनेंगी 11 सड़कें, 26.40 हेक्टेयर जमीन मंजूर

बारां. राजस्थान के बारां जिले में ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की दिशा में राज्य सरकार ने अहम कदम उठाया है. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत स्वीकृत 11 सड़कों के निर्माण के लिए 26.40 हेक्टेयर राजकीय भूमि आवंटित करने की मंजूरी दी है. यह भूमि छबड़ा, शाहबाद और बारां तहसीलों में प्रस्तावित सड़क परियोजनाओं के लिए आवंटित की जाएगी. इन क्षेत्रों में सड़क कनेक्टिविटी बेहतर होने से ग्रामीण और वन क्षेत्रों में आवागमन की सुविधा मजबूत होने की उम्मीद है. सड़कें बनने के बाद गांवों से कस्बों और अन्य प्रमुख स्थानों तक पहुंच आसान हो सकती है.
इसका असर सिर्फ परिवहन व्यवस्था तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, स्थानीय कारोबार और दूसरी जरूरी सेवाओं तक ग्रामीण आबादी की पहुंच भी बेहतर हो सकती है. खासतौर पर वन क्षेत्रों से जुड़े गांवों के लिए सड़क नेटवर्क का विस्तार बुनियादी ढांचे के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है. सरकार के अनुसार ग्रामीण सड़क नेटवर्क का विकास गांवों के समग्र विकास से जुड़ा है. भूमि आवंटन की मंजूरी के बाद अब इन 11 सड़क परियोजनाओं के निर्माण से जुड़ी आगे की प्रक्रिया को गति मिलने की उम्मीद है.
तीन तहसीलों में सड़क नेटवर्क का होगा विस्तार
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बारां जिले में पहले से स्वीकृत 11 सड़कों के लिए यह भूमि आवंटित की जाएगी. इन सड़कों का निर्माण छबड़ा, शाहबाद और बारां तहसीलों के संबंधित क्षेत्रों में किया जाना है. प्रस्तावित सड़कें ऐसे क्षेत्रों को बेहतर कनेक्टिविटी देने में मदद करेंगी, जहां अभी आवागमन के लिए सीमित सड़क सुविधाएं हैं. सरकार की ओर से जारी जानकारी के अनुसार 26.40 हेक्टेयर राजकीय भूमि वन क्षेत्र में आती है. सड़क परियोजनाओं के लिए भूमि उपलब्ध होने के बाद निर्माण से जुड़ी प्रक्रिया आगे बढ़ सकेगी. इससे ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क नेटवर्क का विस्तार होने की उम्मीद है.
शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं तक आसान होगी पहुंच
ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर का सीधा संबंध शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच से भी है. बेहतर सड़क बनने पर विद्यार्थियों के लिए स्कूल और अन्य शैक्षणिक संस्थानों तक पहुंच आसान हो सकती है. इसी तरह मरीजों को स्वास्थ्य केंद्रों और अस्पतालों तक पहुंचने में सुविधा मिल सकती है. आपात स्थिति में सड़क कनेक्टिविटी का महत्व और बढ़ जाता है. बेहतर रास्ते होने से ग्रामीण क्षेत्रों से मरीजों को बड़े स्वास्थ्य केंद्रों तक ले जाने में सुविधा हो सकती है. सरकार का कहना है कि सड़क निर्माण का उद्देश्य केवल आवागमन बेहतर करना नहीं, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में जरूरी सेवाओं की पहुंच को मजबूत करना भी है.
कृषि और स्थानीय कारोबार को भी होगा फायदा
बारां जिले के ग्रामीण इलाकों में सड़क नेटवर्क मजबूत होने का असर कृषि गतिविधियों पर भी पड़ सकता है. बेहतर सड़क संपर्क से किसान अपनी उपज को स्थानीय बाजारों और मंडियों तक आसानी से पहुंचा सकेंगे. इसके अलावा खाद, बीज और कृषि उपकरण जैसी आवश्यक सामग्री गांवों तक पहुंचाने में भी सड़क कनेक्टिविटी उपयोगी साबित हो सकती है. सड़क निर्माण से स्थानीय स्तर पर व्यापारिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिल सकता है. ग्रामीण क्षेत्रों में परिवहन सुविधा बेहतर होने पर छोटे कारोबार और अन्य आर्थिक गतिविधियों के लिए बाजार तक पहुंच आसान होती है.
बारां में 11 सड़कों के लिए 26.40 हेक्टेयर भूमि आवंटित
राज्य सरकार ग्रामीण सड़क नेटवर्क को आधारभूत ढांचे के विकास से जोड़कर देख रही है. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा है कि गांवों और ग्रामीण क्षेत्रों तक बेहतर सड़क एवं अन्य आधारभूत सुविधाएं पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है. प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के माध्यम से ग्रामीण कनेक्टिविटी मजबूत करने पर जोर दिया जा रहा है. बारां में 11 सड़कों के लिए 26.40 हेक्टेयर भूमि आवंटित करने की मंजूरी इसी दिशा में उठाया गया कदम है. सड़क परियोजनाओं के पूरा होने के बाद छबड़ा, शाहबाद और बारां तहसीलों के संबंधित ग्रामीण और वन क्षेत्रों में आवागमन बेहतर होने की उम्मीद है. सरकार के अनुसार मजबूत सड़क नेटवर्क ग्रामीण आबादी को शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, उद्योग और अन्य जरूरी सेवाओं से जोड़ने में मदद करेगा.



