National

Aaj Ka Mausam Live । Heatwave Relief Date। जान प्यारी है तो 12 से 4 बाहर ना निकलें! दिल्‍ली-UP समेत 12 राज्‍यों में सूरज के तेवर बेकाबू, IMD का अलर्ट

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) की ताजा रिपोर्ट के अनुसार उत्तर और मध्य भारत इस समय भीषण लू (Heat Wave) की चपेट में है. आज यानी 26 अप्रैल 2026 और कल के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है. मौसम विभाग ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच लोग सीधे धूप के संपर्क में आने से बचें और बहुत जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलें. हिमाचल प्रदेश, पूर्वी उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान जैसे राज्यों में ‘गंभीर लू’ की स्थिति बनी हुई है, जहां पारा सामान्य से कई डिग्री ऊपर बना हुआ है.

IMD की मुख्य चेतावनियां और बचाव के उपाय· लू का अलर्ट: उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत में अगले 3 दिनों तक भीषण गर्मी जारी रहेगी. इसके बाद 29 अप्रैल से तापमान में गिरावट की संभावना है.

· गर्मी से बचाव के मंत्र

o    बार-बार पानी पिएं (Hydrate Frequently), भले ही प्यास न लगी हो.

o    हल्के रंग के और ढीले सूती कपड़े पहनें.

o    सीधे सूर्य की रोशनी से बचने के लिए छाता, टोपी या तौलिए का प्रयोग करें.

o    ओआरएस (ORS), लस्सी, और नींबू पानी का सेवन बढ़ाएं.

· तापमान का पूर्वानुमान: 28 अप्रैल तक कोई बड़ी राहत नहीं मिलेगी. हालांकि, 29 और 30 अप्रैल को तापमान में 3-5°C की गिरावट आने की उम्मीद है, जिससे लोगों को थोड़ी राहत मिल सकती है.

· बारिश और आंधी की संभावना: पूर्वी भारत में अगले एक हफ्ते तक धूल भरी आंधी और गरज के साथ छींटें पड़ने की संभावना है, जबकि उत्तर-पश्चिम भारत में 28 अप्रैल से 2 मई के बीच मौसम का मिजाज बदल सकता है.

क्या यह असामान्य गर्मी है?अप्रैल के अंत में इस तरह की भीषण गर्मी जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभाव की ओर इशारा करती है. राजस्थान और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में तापमान 45 डिग्री के पार जा चुका है.

1. हीटवेव का समय और प्रभाव: आमतौर पर मई के महीने में दिखने वाली यह तपिश अप्रैल में ही अपना चरम दिखा रही है. इसका सीधा असर खेती और बिजली की मांग पर पड़ रहा है.

2. राहत की उम्मीद: आईएमडी के मैप (image_56fc81.png) के अनुसार, 29 अप्रैल से एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय हो सकता है, जो तापमान को कम करने में मदद करेगा.

3. स्वास्थ्य जोखिम: ‘हीट स्ट्रोक’ (Heatstroke) के मामले तेजी से बढ़ सकते हैं. बुजुर्गों और बच्चों के लिए यह समय विशेष सावधानी बरतने का है.

सवाल-जवाब हीट वेव या लू की स्थिति कब घोषित की जाती है?

जब किसी मैदानी इलाके का अधिकतम तापमान कम से कम 40°C तक पहुंच जाए और सामान्य तापमान से इसमें 4.5°C से 6.4°C की वृद्धि हो, तो उसे हीट वेव माना जाता है.

गर्मी से राहत कब तक मिलने की संभावना है?

आईएमडी के पूर्वानुमान के अनुसार, 29 अप्रैल से तापमान में 3-5°C की कमी आएगी. हालांकि, 1 और 2 मई को तापमान फिर से 2-3°C बढ़ सकता है.

क्या पूर्वी भारत में भी लू का कहर है?

पूर्वी भारत (खासकर बंगाल और बिहार) में गर्मी के साथ-साथ ‘थंडरस्टॉर्म’ (Thunderstorm) यानी गरज-चमक की गतिविधि भी जारी रहेगी, जिससे वहां उमस भरी गर्मी का अहसास होगा.

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj