बारिश के दौरान पहाड़ी का मलबा मकानों पर गिरा, तीन परिवारों के 5 पक्के कमरे टूटे

Last Updated:September 08, 2026, 16:16 IST
Alwar News : अलवर के लालपुरा में बारिश के दौरान पहाड़ी का मलबा गिरने से तीन परिवारों के पांच पक्के कमरे टूटे. करीब 7 लाख का नुकसान हुआ, पर कोई जनहानि नहीं हुई. जगन्नाथ और ग्यारसीलाल के तीन पक्के कमरे टूटने से मकान और सामान मिलाकर करीब 4 लाख रुपए के नुकसान का अनुमान है. इसी मकान से सटे गोमा देवी के दो पक्के कमरे भी मलबे की चपेट में आ गए.
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पहाड़ी का मलबा मकानों पर गिरा 5 पक्के कमरे टूटे
अलवर. जिले के लालपुरा में मंगलवार सुबह बारिश के दौरान पहाड़ी का मलबा खिसककर आबादी क्षेत्र में बने मकानों पर जा गिरा. अचानक हुए इस हादसे में तीन परिवारों के पांच पक्के कमरे मलबे की चपेट में आकर टूट गए. मलबा इतना ज्यादा था कि मकानों के पिछले हिस्से के साथ छत की पट्टियां भी टूट गईं. गनीमत रही कि हादसे में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है.
जानकारी के अनुसार मंगलवार सुबह बारिश के दौरान लालपुरा में पहाड़ी का मलबा खिसकना शुरू हुआ. देखते ही देखते मलबा नीचे आबादी क्षेत्र तक पहुंच गया और वहां बने मकानों पर जा गिरा. मलबे की चपेट में आने से जगन्नाथ और ग्यारसीलाल के तीन पक्के कमरे पूरी तरह टूट गए. मकान का पिछला हिस्सा भी मलबे से क्षतिग्रस्त हुआ है. इसके अलावा छत पर लगी पट्टियां भी टूट गईं. हादसे के समय बारिश हो रही थी, ऐसे में पहाड़ी से मलबा खिसकने के बाद आसपास रहने वाले लोगों में भी चिंता बढ़ गई. हालांकि, राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी के घायल होने या जान जाने की खबर नहीं है.
दो परिवारों के मकानों को करीब 7 लाख का नुकसानमलबा गिरने से प्रभावित परिवारों ने मकान और उसमें रखे सामान को हुए नुकसान का अनुमान भी बताया है. जगन्नाथ और ग्यारसीलाल के तीन पक्के कमरे टूटने से मकान और सामान मिलाकर करीब 4 लाख रुपए के नुकसान का अनुमान है. इसी मकान से सटे गोमा देवी के दो पक्के कमरे भी मलबे की चपेट में आ गए. दोनों कमरे टूटने से करीब 3 लाख रुपए के नुकसान का अनुमान लगाया गया है. इस तरह दोनों परिवारों के मकानों में कुल करीब 7 लाख रुपए का नुकसान बताया गया है.
मलबे से मकान का पिछला हिस्सा और छत की पट्टियां टूटींघटना के बाद मकानों की स्थिति देखकर नुकसान का अंदाजा लगाया जा सकता है. पहाड़ी से आया मलबा सीधे आबादी क्षेत्र की ओर पहुंचा और मकानों के पिछले हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया. मलबे के दबाव से कमरों की दीवारों के साथ छत की पट्टियां भी टूट गईं. प्रभावित परिवारों के सामने अब टूटे कमरों और नुकसान हुए सामान को लेकर परेशानी खड़ी हो गई है.
मौके पर पहुंचे तहसीलदार, अधिकारियों ने लिया जायजाघटना की जानकारी मिलने के बाद तहसीलदार सुधीर कुमार जैन मौके पर पहुंचे. उन्होंने लालपुरा में पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और मलबे से हुए नुकसान को देखा. उनके साथ पटवारी श्याम मीणा, ग्राम विकास अधिकारी आरती बलाई और एलडीसी गीता मीणा भी मौजूद थे. अधिकारियों ने प्रभावित मकानों और आसपास के इलाके की स्थिति देखी. बारिश के दौरान पहाड़ी का मलबा आबादी तक पहुंचने से हुए नुकसान की जानकारी भी ली गई. फिलहाल राहत की सबसे बड़ी बात यही है कि इस हादसे में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई है. लेकिन तीन परिवारों के पांच पक्के कमरे टूटने से उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है. प्रभावित परिवारों के अनुसार मकान और सामान मिलाकर करीब 7 लाख रुपए का नुकसान हुआ है.
About the Authorआनंद पाण्डेयContent Producer
आनंद पाण्डेय वर्तमान में हिंदी (राजस्थान डिजिटल) में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले 5 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र में अ…
Jaipur,Jaipur,Rajasthan
First Published :
September 08, 2026, 16:16 IST



