Entertainment

16 भाषाएं, 40 हजार से ज्यादा गाने और 6 नेशनल अवॉर्ड, ऐसा था एसपी बालासुब्रमण्यम का शानदार सफर

Last Updated:September 25, 2026, 04:01 IST

दिग्गज गायक एसपी बालासुब्रमण्यम ने कई दशकों तक अपनी आवाज से भारतीय सिनेमा को खास पहचान दी. उन्होंने सिर्फ हिंदी ही नहीं, बल्कि तेलुगु, तमिल, कन्नड़ और कई दूसरी भाषाओं में भी हजारों गाने गाए. उनकी आवाज ने पर्दे पर कई बड़े कलाकारों के किरदारों को अलग पहचान दी. यही वजह है कि उनके शानदार योगदान के लिए उन्हें देश के कई बड़े फिल्म और नागरिक सम्मानों से नवाजा गया.

ख़बरें फटाफट

40 हजार से ज्यादा गाने और 6 नेशनल अवॉर्ड, ऐसा था एसपी बालासुब्रमण्यम का सफर Zoomहर तरह था एसपी बालासुब्रमण्यम की आवाज का जादू

नई दिल्ली. 25 सितंबर को एसपी बालासुब्रमण्यम की डेथ एनिवर्सरी है. ऐसे में उनकी उपलब्धियों को याद करना उन्हें श्रद्धांजलि देने जैसा है. अपने लंबे करियर में उन्होंने छह बार नेशनल फिल्म अवॉर्ड जीता. इसके अलावा उन्हें पद्म श्री, पद्म भूषण और मरणोपरांत पद्म विभूषण जैसे बड़े नागरिक सम्मान भी मिले.

एसपी बालासुब्रमण्यम ने अपने करियर में छह बार नेशनल फिल्म अवॉर्ड अपने नाम किया. खास बात यह है कि उन्हें अलग-अलग भाषाओं की फिल्मों में गाए गानों के लिए यह सम्मान मिला. उनका पहला नेशनल फिल्म अवॉर्ड 1979 में तेलुगु फिल्म ‘शंकराभरणम’ के लिए आया था. इसके बाद 1981 में हिंदी फिल्म ‘एक दूजे के लिए’ के गाने ‘तेरे मेरे बीच में’ के लिए उन्हें बेस्ट मेल प्लेबैक सिंगर का नेशनल अवॉर्ड मिला. इसी दौर में हिंदी सिनेमा में भी उनकी आवाज की लोकप्रियता तेजी से बढ़ने लगी थी.इसके बाद उन्होंने तेलुगु सिनेमा में भी अपनी मजबूत पकड़ बनाई. 1983 में फिल्म ‘सागर संगमम’ और 1988 में ‘रुद्रवीणा’ के लिए उन्हें फिर नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिला. अलग-अलग तरह के गानों और किरदारों के हिसाब से अपनी आवाज को ढालने की उनकी क्षमता उन्हें बाकी गायकों से अलग बनाती थी.

करीब दो दशक तक जारी रहा अवॉर्ड जीतने का सिलसिला

एसपी बालासुब्रमण्यम को 1995 में कन्नड़ फिल्म ‘संगीत सागर गानयोगी पंचाक्षर गवई’ के लिए एक बार फिर बेस्ट मेल प्लेबैक सिंगर का नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिला. इसके अगले ही साल 1996 में तमिल फिल्म ‘मिनसारा कनवु’ के गाने ‘थंगा थमराई’ के लिए उन्होंने अपना छठा नेशनल फिल्म अवॉर्ड जीता. इस तरह करीब दो दशक के दौरान उन्होंने तेलुगु, हिंदी, कन्नड़ और तमिल फिल्मों में गाए गानों के लिए छह नेशनल अवॉर्ड अपने नाम किए. एसपी बालासुब्रमण्यम को सिर्फ फिल्मी पुरस्कार ही नहीं मिले, बल्कि भारत सरकार ने भी उनके योगदान को सम्मान दिया. साल 2001 में उन्हें पद्म श्री से सम्मानित किया गया. इसके बाद 2011 में उन्हें पद्म भूषण मिला.उनके निधन के बाद साल 2021 में उन्हें मरणोपरांत पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया. राष्ट्रपति सचिवालय की आधिकारिक अधिसूचना में 2021 के पद्म विभूषण सम्मान पाने वालों की सूची में एसपी बालासुब्रमण्यम का नाम भी शामिल था.

25 नंदी अवॉर्ड समेत कई सम्मान

एसपी बालासुब्रमण्यम को आंध्र प्रदेश के नंदी अवॉर्ड्स से भी कई बार सम्मानित किया गया. उपलब्ध रिकॉर्ड के मुताबिक, उन्होंने अलग-अलग कैटेगरी में 25 नंदी अवॉर्ड जीते थे. इसके अलावा उन्हें तमिलनाडु सरकार के कलैमामणि अवॉर्ड से भी सम्मानित किया गया. साल 2008 में उन्हें कर्नाटक राज्योत्सव अवॉर्ड मिला. उनके नाम कई मानद डॉक्टरेट और दूसरे सम्मान भी दर्ज हैं.

पांच दशक से ज्यादा लंबा रहा करियर

एसपी बालासुब्रमण्यम ने पांच दशक से ज्यादा लंबे करियर में 16 भाषाओं में गाने गाए. उन्होंने 40 हजार से ज्यादा गानों की रिकॉर्डिंग की. हालांकि उनकी पहचान सिर्फ प्लेबैक सिंगर के तौर पर नहीं थी. उन्होंने एक्टिंग, म्यूजिक डायरेक्शन, डबिंग और फिल्म प्रोडक्शन में भी काम किया. 25 सितंबर 2020 को एसपी बालासुब्रमण्यम का निधन हो गया. लेकिन अपनी आवाज और संगीत के जरिए वह आज भी करोड़ों लोगों के बीच याद किए जाते हैं.

About the AuthorMunish KumarSenior sub editor

न्यूज 18 हिंदी में एंटरटेनमेंट सेक्शन में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे मुनीष कुमार दिल्ली के रहने वाले हैं. डिजिटल मीडिया में उन्हें 10 साल का अनुभव है.राजधानी कॉलेज (DU) से पॉलिटिकल साइंस (ऑनर्स) की पढ…

और पढ़ेंLocation :

New Delhi,New Delhi,Delhi

First Published :

September 25, 2026, 04:01 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj