मिचेल स्टार्क ने रचा इतिहास, 450 विकेट लेने वाले पहले लेफ्ट-ऑर्म बॉलर, मैकग्रा का रिकॉर्ड भी तोड़ा, बने ऑस्ट्रेलिया के चौथे गेंदबाज

नई दिल्ली. वर्ल्ड क्रिकेट में बहुत कम ऐसे तेज गेंदबाज हैं जिनके हाथ में चाहे किसी भी रंग की गेंद हो जब वो रन-अप पर भागते है तो बल्लेबाजों के पैर कांपने लगते है. ऐसे गेंदबाजों की कतार में सबसे आगे खड़े हैं ऑस्ट्रेलिया के बाएं हात के पेसर मिचेल स्टार्क जिन्होंने दक्षिण अफ्रीका में हासिल किया खास मुकाम. मिचेल स्टार्क दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ जारी दूसरे टेस्ट में अपनी टीम के तेज गेंदबाजी आक्रमण की अगुआई कर रहे हैं.
गकेबरहा के सेंट जॉर्ज पार्क में खेले जा रहे मुकाबले के दूसरे दिन मिचेल स्टार्कने मैथ्यू ब्रीट्जके को 4 रन के निजी स्कोर पर आउट कर अपना खाता खोला. इसके बाद मंगलवार को उन्होंने वियान मुल्डर को पवेलियन भेजकर टेस्ट क्रिकेट में 450 विकेट पूरे कर लिए. बारिश से प्रभावित दूसरे दिन ब्रीट्जके का कैच एलेक्स कैरी ने पकड़ा था, जबकि तीसरे दिन सुबह के सत्र में मैट रेनशॉ ने मुल्डर का कैच लपका. मुल्डर ने 38 गेंदों पर 13 रन बनाए. उनका विकेट लेते ही स्टार्क ने टेस्ट क्रिकेट में 450 विकेट का आंकड़ा छू लिया.
ऑस्ट्रेलिया के चौथे गेंदबाज
स्टार्क ऑस्ट्रेलिया के लिए टेस्ट क्रिकेट में 450 या उससे अधिक विकेट लेने वाले चौथे गेंदबाज बन गए हैं. उनसे पहले शेन वॉर्न, ग्लेन मैक्ग्रा और नाथन लायन यह उपलब्धि हासिल कर चुके हैं. ऑस्ट्रेलिया के लिए अपना 109वां टेस्ट खेल रहे स्टार्क ने गेंदों के लिहाज से टेस्ट क्रिकेट में सबसे तेज 450 विकेट लेने का विश्व रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया. उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज तेज गेंदबाज ग्लेन मैक्ग्रा का रिकॉर्ड तोड़ा. मैक्ग्रा ने टेस्ट क्रिकेट में अपने 450 विकेट पूरे करने के लिए 23,474 गेंदें फेंकी थीं, जबकि स्टार्क ने महज 20,577 गेंदों में यह मुकाम हासिल कर लिया.
टेस्ट में सबसे तेज 450 विकेट (गेंदों के आधार पर)1. मिचेल स्टार्क (ऑस्ट्रेलिया) – 20,577 गेंदें.2. ग्लेन मैक्ग्रा (ऑस्ट्रेलिया) – 23,474 गेंदें.
मैचों के लिहाज से दूसरे सबसे तेज तेज गेंदबाज
हालांकि, टेस्ट मैचों की संख्या के आधार पर 450 विकेट पूरे करने वाले सबसे तेज तेज गेंदबाज बनने से स्टार्क चूक गए. इस मामले में वह ग्लेन मैक्ग्रा के बाद दूसरे स्थान पर हैं. मैक्ग्रा ने अपने 100वें टेस्ट में 450 विकेट पूरे किए थे, जबकि स्टार्क ने यह उपलब्धि अपने 109वें टेस्ट में हासिल की. स्ट क्रिकेट में सबसे कम मैचों में 450 विकेट लेने का विश्व रिकॉर्ड श्रीलंका के दिग्गज स्पिनर मुथैया मुरलीधरन के नाम है. उन्होंने अपने करियर के 80वें टेस्ट में यह उपलब्धि हासिल की थी. इस तरह स्टार्क ने गेंदों के लिहाज से इतिहास रच दिया है, लेकिन मैचों की संख्या के आधार पर मुरलीधरन का रिकॉर्ड अब भी कायम है
टेस्ट में 450 विकेट पूरे करने के लिए खेले गए मैच
– मुथैया मुरलीधरन (श्रीलंका) – 80 टेस्ट.– रविचंद्रन अश्विन (भारत) – 89 टेस्ट.– अनिल कुंबले (भारत) – 93 टेस्ट.– ग्लेन मैक्ग्रा (ऑस्ट्रेलिया) – 100 टेस्ट.– शेन वॉर्न (ऑस्ट्रेलिया) – 101 टेस्ट.– मिचेल स्टार्क (ऑस्ट्रेलिया) – 109 टेस्ट.



