Health

Shatavari Benefits: महिलाओं के लिए खास माना जाता है ये पौधा, जानिए इसकी जड़ के औषधीय गुण

Last Updated:October 21, 2026, 22:30 IST

आयुर्वेद में कई ऐसे पौधों का जिक्र मिलता है, जिनका इस्तेमाल पारंपरिक रूप से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं में किया जाता है. शतावर भी इन्हीं में से एक है. बलिया की आयुर्वेदिक चिकित्साधिकारी डॉ. वंदना तिवारी से जानिए शतावर के उपयोग, इसके चूर्ण और सेवन से जुड़ी जरूरी सावधानियां.

बलिया. देखने में साधारण लगने वाला शतावर का पौधा आयुर्वेद में खास महत्व रखता है. पारंपरिक चिकित्सा पद्धति में इसका इस्तेमाल कई तरह की शारीरिक समस्याओं के लिए किया जाता है.

शतावर को महिलाओं और पुरुषों, दोनों के स्वास्थ्य के लिए उपयोगी माना जाता है. इसकी जड़ों का इस्तेमाल आयुर्वेदिक औषधियां बनाने में भी किया जाता है.

राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय नगर, बलिया की चिकित्साधिकारी डॉ. वंदना तिवारी ने बताया कि वह पिछले पांच साल से चिकित्सा के क्षेत्र में कार्यरत हैं. उनके अनुसार, शतावर एक झाड़ीनुमा पौधा है, जिसमें कई औषधीय गुण पाए जाते हैं. आयुर्वेद में इसे स्वास्थ्य और प्रजनन प्रणाली के लिए उपयोगी माना जाता है.

Add as Preferred Source on Google

डॉ. वंदना तिवारी के अनुसार, शतावर का इस्तेमाल महिलाओं से जुड़ी कुछ स्वास्थ्य समस्याओं में किया जाता है. इसे हार्मोनल असंतुलन, मासिक धर्म की अनियमितता और दर्द जैसी समस्याओं में उपयोगी माना जाता है. इसके अलावा, स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए भी शतावर का इस्तेमाल किया जाता है. हालांकि, इन समस्याओं में इसका सेवन करने से पहले आयुर्वेद विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी है.

शतावर में एंटीऑक्सीडेंट और बायोएक्टिव यौगिक पाए जाते हैं. डॉ. तिवारी के मुताबिक, इसे रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में सहायक माना जाता है. इसके अलावा, पारंपरिक रूप से इसका इस्तेमाल मानसिक तनाव, चिंता और नींद से जुड़ी समस्याओं में भी किया जाता है. शतावर को शरीर की ऊर्जा और कमजोरी से जुड़ी परेशानियों के लिए भी उपयोगी माना जाता है. दुबले-पतले लोगों के वजन बढ़ाने के लिए भी इसका इस्तेमाल किया जाता है, लेकिन इसके प्रभाव व्यक्ति की शारीरिक स्थिति पर निर्भर कर सकते हैं.

डॉ. वंदना तिवारी ने बताया कि शतावर के मूल यानी जड़ वाले हिस्से का चूर्ण इस्तेमाल किया जाता है. यह आयुर्वेदिक औषधि के रूप में उपलब्ध होता है. इसकी खुराक व्यक्ति की उम्र और स्वास्थ्य समस्या के हिसाब से तय की जाती है.

उन्होंने सलाह दी कि किसी भी आयुर्वेदिक जड़ी-बूटी का इस्तेमाल बिना विशेषज्ञ की सलाह के नहीं करना चाहिए. कुछ परिस्थितियों में इसका सेवन नुकसानदायक भी हो सकता है. इसलिए शतावर को अपनी दिनचर्या में शामिल करने से पहले आयुर्वेद विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

लेटेस्ट कॉमर्स डील्स, खास डिस्काउंट और बेहतरीन शॉपिंग ऑफर देखने के लिए कंपेयर इंड‍िया✅देखें.First Published :

October 21, 2026, 22:30 IST

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj