पाक आतंकी शहजाद भट्टी कनेक्शन पर बड़ा एक्शन, सूरतगढ़ से 2 युवक डिटेन, खंगाला जा रहा डिजिटल लिंक

श्रीगंगानगर. राजस्थान में एक बार फिर सुरक्षा एजेंसियां पाकिस्तान से जुड़े संदिग्ध संपर्कों की जांच में सक्रिय हो गई है. श्रीगंगानगर जिले के सूरतगढ़ से दो युवकों को पाकिस्तान के कुख्यात आतंकी और गैंगस्टर शहजाद भट्टी से कथित संपर्क के संदेह में हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है. बताया जा रहा है कि केंद्रीय खुफिया एजेंसियां काफी समय से दोनों युवकों की एक्टिविटी पर नजर रखे हुए थीं. प्रारंभिक इनपुट मिलने के बाद उन्हें हिरासत में लेकर उनके मोबाइल फोन, सोशल मीडिया अकाउंट, डिजिटल रिकॉर्ड और संपर्कों की गहन जांच शुरू की गई है. फिलहाल जांच एजेंसियां पूरे मामले को बेहद संवेदनशील मानते हुए आधिकारिक तौर पर ज्यादा जानकारी साझा करने से बच रही है.
तकनीकी जांच और पूछताछ पूरी होने के बाद ही दोनों युवकों की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी. अभी तक उनके खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज किए जाने की पुष्टि नहीं हुई है. सुरक्षा एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी है कि मामला केवल सोशल मीडिया तक सीमित था या इसके पीछे किसी बड़े नेटवर्क की सक्रियता भी है. इसी बीच अलवर में भी पाकिस्तान से जुड़े संदिग्ध संपर्कों के मामले में चार युवकों से पूछताछ होने के बाद यह मामला और गंभीर हो गया है. दोनों मामलों की जांच अलग-अलग एजेंसियां कर रही है.
काफी समय से थी एजेंसियों की नजर
दैनिक भास्कर में छपी रिपोर्ट के मुताबिक, जांच एजेंसियों के द्वारा दोनों युवकों की ऑनलाइन एक्टिविटी पर काफी समय से निगरानी रखी जा रही थी. जांच के दौरान यह जानकारी सामने आई कि दोनों युवक कथित रूप से पाकिस्तान में सक्रिय शहजाद भट्टी और राणा भाई से जुड़े सोशल मीडिया अकाउंट्स को फॉलो कर रहे थे. इसके बाद एजेंसियों ने दोनों को हिरासत में लेकर गहन पूछताछ शुरू की. अब मोबाइल डेटा, चैट, कॉल रिकॉर्ड, सोशल मीडिया एक्टिविटी और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है.
तकनीकी जांच के बाद खुलासा होने का अनुमान
अधिकारियों का कहना है कि अभी जांच शुरुआती चरण में है. किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों और तकनीकी रिपोर्ट का गहन अध्ययन किया जाएगा. फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि दोनों युवकों का कथित संपर्क किस स्तर तक था. एजेंसियां यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि क्या उनके तार किसी बड़े नेटवर्क से जुड़े हुए थे.
अलवर में भी चार युवकों से पूछताछ
अलवर जिले में भी पाकिस्तान से जुड़े संदिग्ध संपर्कों के मामले में चार युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई. खुफिया एजेंसियों को सूचना मिली थी कि कुछ युवक पाकिस्तान में बैठे हैंडलर्स के संपर्क में आकर इटाराना सैन्य छावनी क्षेत्र, रेलवे स्टेशन और अन्य संवेदनशील स्थानों से जुड़ी जानकारी साझा कर रहे हैं. पुलिस ने उमेश जाटव और उसके तीन साथियों से पूछताछ की. उनके मोबाइल फोन और सोशल मीडिया अकाउंट भी जांचे गए. हालांकि अब तक जासूसी या देश विरोधी गतिविधियों से जुड़े कोई ठोस सबूत नहीं मिले हैं. इसलिए फिलहाल किसी के खिलाफ मामला दर्ज नहीं किया गया है.
फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल से बनाया जाता था संपर्क
दैनिक भास्कर में छपी रिपोर्ट कु मुताबिक, जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ मामलों में फर्जी सोशल मीडिया प्रोफाइल, खासकर महिलाओं के नाम से बनाए गए अकाउंट्स के जरिए युवकों से संपर्क किया जाता था. पहले सामान्य बातचीत कर भरोसा जीता जाता और बाद में फोटो, वीडियो तथा संवेदनशील जानकारी मांगी जाती थी. कुछ मामलों में बैंक खातों में छोटी रकम भी भेजी गई थी. फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां दोनों मामलों में डिजिटल साक्ष्य, बैंक लेनदेन और ऑनलाइन एक्टिविटी की गहन जांच कर रही है.



