Chamunda Mata Temple: मां चामुंडा के दर्शन करने जा रहे हैं? पहले पढ़ लें ये नए नियम, इन गलतियों पर नहीं मिलेगी एंट्री

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मां चामुंडा के दर्शन से पहले जान लें नियम, इन गलतियों पर नहीं मिलेगी एंट्री
Last Updated:October 11, 2026, 12:10 IST
Jodhpur Chamunda Mata Temple: जोधपुर के ऐतिहासिक मेहरानगढ़ दुर्ग स्थित मां चामुंडा माता मंदिर में शारदीय नवरात्रि के पहले दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है. भक्तों की सुविधा और सुरक्षा के लिए पुलिस प्रशासन और मेहरानगढ़ म्यूजियम ट्रस्ट ने विशेष इंतजाम किए हैं. नवरात्रि के दौरान प्रतिदिन सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक दर्शन किए जा सकेंगे. श्रद्धालुओं के प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए गए हैं. मंदिर परिसर और दुर्ग में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी होगी. प्रशासन ने पॉलिथीन, कैरी बैग और पानी वाले नारियल लाने पर रोक संबंधी निर्देश दिए हैं. शराब पीकर आने वाले लोगों को प्रवेश नहीं मिलेगा. नवरात्रि में नौ वेदपाठी ब्राह्मण दुर्गापाठ करेंगे और 20 अक्टूबर को नवमी के दिन हवन की पूर्णाहुति होगी.
जोधपुर. शारदीय नवरात्रि के पहले दिन जोधपुर के ऐतिहासिक मेहरानगढ़ दुर्ग स्थित मां चामुंडा माता मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी. अलसुबह से ही मां के दर्शन के लिए भक्तों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया. पूरे मारवाड़ में मां चामुंडा के प्रति गहरी आस्था के चलते मंदिर में विशेष उत्साह देखने को मिला. श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन और मेहरानगढ़ म्यूजियम ट्रस्ट ने सुरक्षा, यातायात और दर्शन व्यवस्था के विशेष इंतजाम किए हैं. नवरात्रि के पूरे नौ दिनों तक श्रद्धालु सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक मां के दर्शन कर सकेंगे.
मेहरानगढ़ दुर्ग स्थित मां चामुंडा माता मंदिर में नवरात्रि के पूरे नौ दिनों तक दर्शनार्थियों के लिए विशेष व्यवस्था रहेगी. प्रतिदिन सुबह 7 बजे जयपोल और फतेहपोल के द्वार श्रद्धालुओं के लिए खोले जाएंगे और शाम 5 बजे तक दर्शन किए जा सकेंगे. जयपोल के बाहर से मंदिर तक श्रद्धालुओं के लिए एक पंक्ति में आगे बढ़ने की व्यवस्था रहेगी. सुरक्षा जांच के बाद निर्धारित प्रवेश द्वार से श्रद्धालुओं को प्रवेश दिया जाएगा. महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के लिए पट्टे की ओर से आने-जाने का मार्ग निर्धारित किया गया है, जबकि पुरुषों और युवाओं के लिए सलीम कोट से होते हुए बसंत सागर की ओर से आवागमन की व्यवस्था रहेगी.
सीसीटीवी कैमरों से होगी निगरानी
नवरात्रि के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को लेकर पुलिस प्रशासन सतर्क रहेगा. पुलिस कमिश्नर अंशुमन भोमिया के निर्देशन में सुरक्षा व्यवस्था संभाली जा रही है. डीसीपी मनीष चौधरी अपनी टीम के साथ सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी संभालेंगे, वहीं डीसीपी ट्रैफिक शाहीन सी के निर्देशन में यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के प्रयास किए जाएंगे. एडीसीपी शालिनी राज यातायात प्रबंधन की जिम्मेदारी संभालेंगी. मेहरानगढ़ दुर्ग में जयपोल से चामुंडा माता मंदिर परिसर तक विभिन्न स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों के जरिए निगरानी रखी जाएगी. कंट्रोल रूम से भी व्यवस्थाओं पर नजर रखी जाएगी, ताकि किसी भी स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके.
9 वेदपाठी ब्राह्मण में करेंगे दुर्गापाठ
नवरात्रि के अवसर पर मां चामुंडा मंदिर के बसंत सागर के पास 9 वेदपाठी ब्राह्मण 11 से 19 अक्टूबर तक दुर्गापाठ का वाचन करेंगे. होमाष्टमी की रात हवन प्रारंभ किया जाएगा. इसके बाद 20 अक्टूबर को नवमी के दिन सुबह 11:15 से 11:50 बजे के बीच महाराजा गजसिंह और महारानी हेमलता राज्ये की ओर से हवन की पूर्णाहुति की जाएगी. सुबह 11:51 से 12:01 बजे तक महाराजा गजसिंह की तिलक आरती का मुहूर्त निर्धारित किया गया है. वहीं, नवमी के दिन दोपहर 12:05 से 12:15 बजे तक थापना जी के उत्थापना का मुहूर्त रहेगा.
पानी वाले नारियल के बजाय गोटे वाला प्रसाद लाने की अपील
मां चामुंडा के दर्शन के लिए आने वाली महिलाओं के लिए पट्टे पर नारियल चढ़ाने की व्यवस्था की गई है, जबकि पुरुषों के लिए बसंत सागर के पास स्थान निर्धारित किया गया है. मेहरानगढ़ म्यूजियम ट्रस्ट और प्रशासन ने श्रद्धालुओं से पानी वाले नारियल के स्थान पर गोटे वाला प्रसाद लाने की अपील की है. व्यवस्था बनाए रखने के लिए दर्शन के बाद मंदिर परिसर में परिक्रमा करना प्रतिबंधित रहेगा. श्रद्धालुओं से निर्धारित मार्गों का पालन करने और प्रशासन का सहयोग करने का आग्रह किया गया है.
पॉलिथीन और कैरी बैग पर रोक
नवरात्रि के दौरान मंदिर में पॉलिथीन में प्रसाद लाने पर प्रतिबंध रहेगा. श्रद्धालुओं से कैरी बैग, हैंगिंग बैग और थैले साथ नहीं लाने की अपील की गई है. इसके अलावा शराब पीकर आने या शराब साथ लाने वाले व्यक्तियों को मंदिर में प्रवेश नहीं दिया जाएगा. पुलिस प्रशासन और मेहरानगढ़ म्यूजियम ट्रस्ट की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए व्यवस्थाएं की गई है. उद्देश्य है कि नवरात्रि के पूरे नौ दिनों तक मां चामुंडा के दर्शन के लिए पहुंचने वाले भक्तों को सुरक्षित वातावरण, सुगम आवागमन और व्यवस्थित दर्शन की सुविधा मिल सके.
About the Authorदीप रंजन सिंह Content Producer
दीपरंजन सिंह लगभग एक दशक से पत्रकारिता के फिल्ड से जुड़े हुए हैं. वह अभी न्यूज18 हिंदी के राजस्थान डिजिटल डेस्क से जुड़े हैं, जहां वे बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले लगभग एक दशक से सक्रिय पत…
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Jodhpur,Rajasthan
First Published :
October 11, 2026, 12:10 IST



