कोटा पुलिस भ्रष्टाचार केस | साइबर ठगों से डील करने पर SI सस्पेंड

Last Updated:May 03, 2026, 12:22 IST
Kota Police Corruption News: कोटा के गुमानपुरा थाने में साइबर ठगों से रिश्वत लेकर उन्हें छोड़ने के मामले में एसपी तेजस्विनी गौतम ने बड़ी कार्रवाई की है. भ्रष्टाचार के आरोप में एसआई देवकीनंदन समेत 3 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड किया गया है, जबकि अनुशासनहीनता के मामले में 3 अन्य को लाइन हाजिर किया गया है. मामले की जांच जारी है.
ख़बरें फटाफट

कोटा पुलिस भ्रष्टाचार केस
Kota News: शिक्षा नगरी कोटा के पुलिस महकमे में उस वक्त हड़कंप मच गया जब साइबर ठगी के आरोपियों को पकड़कर रिश्वत के बदले छोड़ने का गंभीर मामला सामने आया. गुमानपुरा थाने के पुलिसकर्मियों पर आरोप है कि उन्होंने पकड़े गए साइबर अपराधियों से डेढ़ लाख रुपए की डील की और पैसे लेकर उन्हें रफूचक्कर कर दिया. इस मामले की भनक लगते ही कोटा सिटी एसपी तेजस्विनी गौतम ने देर रात खुद थाने पहुँचकर जांच की और भ्रष्टाचार के आरोप सही पाए जाने पर एक उपनिरीक्षक (SI) समेत तीन पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया.
दरअसल, यह पूरा मामला एक वाहन को रोके जाने से शुरू हुआ था. पुलिस को किडनैपिंग की सूचना मिली थी, जिसके आधार पर एक संदिग्ध गाड़ी को रोका गया. तलाशी के दौरान उस वाहन से फर्जी एटीएम कार्ड और साइबर फ्रॉड से जुड़ी भारी मात्रा में संदिग्ध सामग्री बरामद हुई. कानूनन इन आरोपियों को गिरफ्तार कर कार्रवाई की जानी थी, लेकिन ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने कर्तव्य निभाने के बजाय आरोपियों के साथ ही सौदेबाजी शुरू कर दी.
75 हजार लिए और आरोपियों को भगायाआरोप है कि एसआई देवकीनंदन, कांस्टेबल करतार सिंह और छोटूलाल गुर्जर ने साइबर ठगों को छोड़ने के एवज में 1.50 लाख रुपए की मांग की. डील तय होने के बाद 75 हजार रुपए की पहली किश्त लेकर आरोपियों को मौके से छोड़ दिया गया और बाकी की रकम का इंतजार किया जा रहा था. हैरान करने वाली बात यह है कि उस समय थानाधिकारी छुट्टी पर थे और थाने का प्रभार एसआई देवकीनंदन के पास ही था. देवकीनंदन का हाल ही में तबादला हुआ था और वे 6 मई को रानपुर थानाधिकारी के रूप में नई जॉइनिंग लेने वाले थे, लेकिन उससे पहले ही इस कांड ने उनकी वर्दी पर दाग लगा दिया.
एसपी की सख्त कार्रवाई और अन्य निलंबनएसपी तेजस्विनी गौतम ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तीनों आरोपी पुलिसकर्मियों का मुख्यालय झालावाड़ कर दिया है और पूरे प्रकरण की जांच प्रशिक्षु आईपीएस सिद्धार्थ कुमार को सौंपी है. इसी के साथ, अनुशासनहीनता के एक अन्य मामले में शराब पीकर झगड़ा करने की शिकायत पर एएसआई ऋषिपाल, हीरालाल और जुगल को लाइन हाजिर कर दिया गया है. एक ही रात में 6 पुलिसकर्मियों पर हुई इस गाज ने पूरे महकमे में हड़कंप मचा दिया है. पुलिस अब उन साइबर ठगों की भी तलाश कर रही है जिन्हें रिश्वत लेकर छोड़ा गया था.
About the Authorvicky Rathore
Vicky Rathore (born July 25, 1994) is a multimedia journalist and digital content specialist currently working with Rajasthan. I have over 8 years of experience in digital media, where I specialize in cr…और पढ़ें
अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज
खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में
सबमिट करें
Location :
Kota,Kota,Rajasthan



