कोटा मेडिकल कॉलेज में सिजेरियन डिलीवरी के बाद बिगड़ी 6 प्रसूताओं की हालत, एक की मौत, मचा हड़कंप

Last Updated:May 07, 2026, 09:16 IST
Kota Hospital Case: कोटा के न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल के गायनिक वार्ड में बड़ा मामला सामने आया है, जहां डिलीवरी के बाद 12 में से 6 प्रसूताओं की तबीयत अचानक बिगड़ गई. इनमें से एक महिला की मौत हो गई, जिससे अस्पताल प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं. परिजनों का आरोप है कि इलाज में लापरवाही की गई और मामले को दबाने की कोशिश हुई. सबसे बड़ा विवाद मृतका का पोस्टमार्टम न कराए जाने को लेकर है, जिसे लेकर कई संदेह उठ रहे हैं. अस्पताल प्रशासन का कहना है कि परिजनों ने पोस्टमार्टम से इनकार किया था, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार ऐसी स्थिति में पोस्टमार्टम जरूरी होता है. सभी महिलाओं को किडनी और यूरिन इंफेक्शन के बाद SSB विंग में भर्ती किया गया है.
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सिजेरियन डिलीवरी के बाद बिगड़ी 6 प्रसूताओं की हालत
कोटा: कोटा के न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल के गायनिक वार्ड में उस समय हड़कंप मच गया जब डिलीवरी के बाद 12 में से 6 प्रसूताओं की अचानक तबीयत बिगड़ गई. इनमें से एक महिला की मौत हो गई, जिससे अस्पताल प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं.
यह घटना 4 मई की है, जब पांच महिलाओं की सिजेरियन डिलीवरी की गई थी. इसके बाद धीरे-धीरे कई महिलाओं की हालत बिगड़ने लगी और उन्हें सुपर स्पेशलिटी (SSB) विंग के नेफ्रोलॉजी वार्ड में भर्ती कराना पड़ा.
लापरवाही और पोस्टमार्टम पर उठे सवालसबसे बड़ा सवाल तब खड़ा हुआ जब मृत महिला का पोस्टमार्टम नहीं कराया गया. आरोप है कि मामले को दबाने के लिए जल्दबाजी में शव परिजनों को सौंप दिया गया. हालांकि अस्पताल प्रशासन का कहना है कि परिजनों ने पोस्टमार्टम से इनकार कर दिया था, लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी परिस्थितियों में पोस्टमार्टम बहुत जरूरी होता है, जिससे मौत के सही कारणों का पता चल सके. इसी वजह से अब अस्पताल प्रशासन सवाल उठ रहे हैं.
इलाज में गड़बड़ी का शकमिली जानकारी के अनुसार, कई प्रसूताओं में यूरिन और किडनी इंफेक्शन पाया गया है. सभी महिलाओं को नेफ्रोलॉजी वार्ड में शिफ्ट किया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है. परिजनों ने आरोप लगाया है कि स्टाफ और रेजिडेंट डॉक्टरों द्वारा इलाज में लापरवाही की गई, जिससे मरीजों की हालत बिगड़ी.
जांच के लिए जयपुर से पहुंची टीमइस मामले की गंभीरता को देखते हुए जयपुर से एक टीम कोटा पहुंच चुकी है. अस्पताल प्रशासन ने भी जांच के लिए दो अलग-अलग कमेटियां गठित की हैं, जिसमें सर्जन, एनेस्थीसिया, गायनिक, फिजिशियन और नेफ्रोलॉजी टीम शामिल हैं.
अस्पताल में मचा हड़कंप, जांच जारीइस घटना के बाद पूरे अस्पताल में हड़कंप मच गया है. प्रशासन का कहना है कि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति का पता चल पाएगा.
न्यूजलेटर
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