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UGC की चेतावनी: देश में 32 फर्जी यूनिवर्सिटी चल रही हैं, एडमिशन से पहले जरूर करें ये जांच

12वीं पास करने के बाद हर छात्र चाहता है कि वह किसी अच्छी और मान्यता प्राप्त यूनिवर्सिटी से पढ़ाई करे लेकिन आज ऑनलाइन लर्निंग, डिस्टेंस एजुकेशन और नई-नई प्राइवेट यूनिवर्सिटीज के बढ़ते दौर में कई छात्र बिना जांच-पड़ताल किए ऐसे संस्थानों में दाखिला ले लेते हैं जो असल में फर्जी होते हैं. ऐसे मामलों में छात्रों का समय, पैसा और भविष्य तीनों दांव पर लग जाते हैं.इसी खतरे को देखते हुए विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) ने छात्रों और अभिभावकों को बड़ा अलर्ट जारी किया है. यूजीसी ने देशभर में 32 फर्जी विश्वविद्यालयों की पहचान की है और उनकी सूची सार्वजनिक कर दी है. आयोग ने साफ कहा है कि इन संस्थानों की ओर से दी जाने वाली डिग्रियों की कोई मान्यता नहीं है.

UGC ने 32 फर्जी यूनिवर्सिटीज की जारी की सूची

यूजीसी के अनुसार देश में 32 ऐसे संस्थान संचालित हो रहे हैं जो बिना वैध अनुमति के खुद को विश्वविद्यालय बताकर छात्रों को डिग्री देने का दावा कर रहे हैं. ये संस्थान यूजीसी अधिनियम का उल्लंघन कर रहे हैं और इन्हें किसी भी प्रकार की मान्यता प्राप्त नहीं है.ऐसे संस्थानों से मिलने वाली डिग्रियां सरकारी नौकरी, उच्च शिक्षा या किसी भी आधिकारिक उद्देश्य के लिए मान्य नहीं होंगी.

ऐसे विज्ञापनों से रहें सावधान

यूजीसी ने छात्रों को सलाह दी है कि किसी भी विश्वविद्यालय में दाखिला लेने से पहले केवल उसके विज्ञापन या सोशल मीडिया प्रचार पर भरोसा न करें.कई फर्जी संस्थान बड़े-बड़े दावे करते हैं जैसे कम फीस में डिग्री, 100 प्रतिशत प्लेसमेंट,घर बैठे पढ़ाई या जल्दी डिग्री मिलने का वादा. ऐसे ऑफर देखकर जल्दबाजी में एडमिशन लेना नुकसानदायक हो सकता है.

सबसे पहले UGC की वेबसाइट पर करें जांच

अगर आप किसी विश्वविद्यालय में प्रवेश लेने की तैयारी कर रहे हैं तो सबसे पहले उसकी मान्यता जरूर जांच लें.इसके लिए यूजीसी की आधिकारिक वेबसाइट ugc.gov.in पर जाएं.वहां Universities सेक्शन में केंद्रीय, राज्य, डीम्ड और निजी विश्वविद्यालयों की अलग-अलग सूची उपलब्ध है.यदि आपकी चुनी हुई यूनिवर्सिटी इस सूची में शामिल है तभी उसे मान्यता प्राप्त माना जाएगा.

फर्जी यूनिवर्सिटी की सूची भी देखें

यूजीसी ने अपनी वेबसाइट पर Fake Universities नाम से अलग सेक्शन भी उपलब्ध कराया है.इस सेक्शन में उन सभी 32 संस्थानों की सूची दी गई है जिन्हें यूजीसी ने फर्जी घोषित किया है. एडमिशन लेने से पहले इस सूची को जरूर देख लें ताकि किसी भी धोखाधड़ी से बचा जा सके.

ऑनलाइन और डिस्टेंस कोर्स करने वाले छात्र भी रखें ध्यान

यदि आप ऑनलाइन या डिस्टेंस मोड से बीए,बीएससी, बीकॉम या कोई अन्य डिग्री कोर्स करना चाहते हैं तो सिर्फ यूजीसी की मान्यता देखना काफी नहीं है.ऐसे कोर्स चलाने के लिए संबंधित विश्वविद्यालय के पास डिस्टेंस एजुकेशन ब्यूरो (DEB)की मंजूरी भी होना जरूरी है.

DEB की मंजूरी क्यों जरूरी है?

यूजीसी ने स्पष्ट किया है कि ऑनलाइन और ओपन एंड डिस्टेंस लर्निंग (ODL) कार्यक्रम केवल वही विश्वविद्यालय चला सकते हैं जिन्हें DEB से अनुमति मिली हो.अगर किसी संस्थान के पास यह मंजूरी नहीं है तो उसके ऑनलाइन या डिस्टेंस कोर्स की डिग्री भी मान्य नहीं मानी जाएगी.

गलत यूनिवर्सिटी चुनने से हो सकता है बड़ा नुकसान

यदि कोई छात्र फर्जी या गैर-मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से पढ़ाई करता है तो उसे भविष्य में कई समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है.ऐसी डिग्री सरकारी नौकरी में स्वीकार नहीं की जाती. इसके अलावा कई विश्वविद्यालय उच्च शिक्षा,पीजी या पीएचडी में भी ऐसी डिग्री को मान्यता नहीं देते. इससे छात्र का समय, मेहनत और पैसा तीनों बर्बाद हो सकते हैं.

UGC की छात्रों को सलाह

यूजीसी ने सभी छात्रों और अभिभावकों से अपील की है कि किसी भी विश्वविद्यालय, कॉलेज या ऑनलाइन कोर्स में दाखिला लेने से पहले उसकी मान्यता की पूरी जांच करें.आयोग का कहना है कि केवल आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी पर ही भरोसा करें। किसी भी संस्थान के प्रचार, सोशल मीडिया पोस्ट या भ्रामक विज्ञापन के आधार पर प्रवेश लेने से बचें.

एडमिशन से पहले ये जांच जरूर करें

दाखिला लेने से पहले यह सुनिश्चित करें कि विश्वविद्यालय यूजीसी से मान्यता प्राप्त है. यदि ऑनलाइन या डिस्टेंस कोर्स कर रहे हैं तो यह भी देखें कि उसे DEB की मंजूरी मिली है या नहीं. साथ ही यूजीसी की वेबसाइट पर उपलब्ध फर्जी विश्वविद्यालयों की सूची भी जरूर जांच लें.थोड़ी सी सावधानी आपको भविष्य में होने वाले बड़े नुकसान से बचा सकती है.

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