Health

बार-बार खाने की आदत से हैं परेशान? अपनी डाइट में शामिल करें फाइबर से भरपूर ये फूड, वजन भी होगा कंट्रोल

Last Updated:August 14, 2026, 17:08 IST

रिमझिम बारिश के मौसम में सड़क किनारे सिकते भुट्टे की सोंधी खुशबू हर किसी को अपनी तरफ खींच लेती है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह सिर्फ एक स्वादिष्ट स्ट्रीट स्नैक नहीं, बल्कि सेहत का भी खजाना है? विटामिन्स और फाइबर से भरपूर भुट्टा वजन कंट्रोल करने से लेकर पाचन तंत्र को दुरुस्त रखने तक में मददगार साबित होता है. इसमें भरपूर मात्रा में डाइट्री फाइबर होता है, जो पेट को लंबे समय तक भरा रखता है और बार-बार होने वाली अनहेल्दी क्रेविंग्स को रोकता है. कम कैलोरी और जरूरी पोषक तत्वों से भरपूर होने के कारण यह मेटाबॉलिज्म को सपोर्ट करता है. आइए जानते हैं इसे खाने के फायदे और खाने का सही तरीका

भुट्टा सिर्फ स्वाद के लिए नहीं, बल्कि पोषण के लिहाज से भी अच्छा माना जाता है. इसमें कार्बोहाइड्रेट, फाइबर और थोड़ी मात्रा में प्रोटीन मिलता है, जो शरीर को ऊर्जा देने में मदद करते हैं. इसके अलावा विटामिन सी, विटामिन बी6 और फोलेट जैसे पोषक तत्व भी पाए जाते हैं. भुट्टे में मौजूद फाइबर पेट को लंबे समय तक भरा रखने में मदद कर सकता है. यही वजह है कि बारिश के मौसम में भुट्टा स्वाद के साथ डाइट में भी शामिल किया जा सकता है.

अगर आपको बार-बार कुछ खाने का मन करता है, तो भुट्टा एक अच्छा विकल्प हो सकता है. इसमें मौजूद फाइबर पेट को कुछ समय तक भरा हुआ महसूस करा सकता है. इससे बेवजह स्नैकिंग कम करने में मदद मिल सकती है. फाइबर पाचन तंत्र के लिए भी जरूरी होता है और आंतों की सामान्य गतिविधि को बेहतर रखने में मदद करता है. हालांकि, सिर्फ भुट्टा खाने से वजन कम नहीं होता; वजन घटाने के लिए पूरी डाइट के साथ थोड़ा चलने-फिरने पर ध्यान देना भी जरूरी है.

उबला हुआ भुट्टा खाने में नरम और हल्का मीठा होता है, इसलिए इसे चबाना और खाना अपेक्षाकृत आसान रहता है. खासकर जिन लोगों को बहुत कड़ा खाना पसंद नहीं आता, उनके लिए यह तरीका सुविधाजनक है. उबालने के बाद इसमें ऊपर से तेल या मक्खन डालने की जरूरत भी नहीं पड़ती. अगर स्वाद के लिए थोड़ा नींबू या सीमित नमक डालें, तो इसे सादा तरीके से खाया जा सकता है. हालांकि, यह कहना सही नहीं होगा कि उबालने से भुट्टे के सारे पोषक तत्व बिल्कुल वैसे ही बने रहते हैं.

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बारिश शुरू होते ही सड़क किनारे भुट्टे की खुशबू लोगों को अपनी तरफ खींचने लगती है. भुट्टे को सीधे आंच पर सेंकने से उसका स्वाद और खुशबू दोनों बदल जाते हैं. दानों पर हल्की सिकाई होने से इसमें रोस्टेड स्वाद आता है, जो इसे खास बनाता है. अगर इसे बिना मक्खन और ज्यादा नमक के खाया जाए, तो यह एक साधारण स्नैक रह सकता है.

आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर मोहम्मद इकबाल के मुताबिक, अगर आप वजन कम करने की कोशिश कर रहे हैं, तो भुट्टा डाइट में लिया जा सकता है, लेकिन मात्रा का ध्यान रखना जरूरी है. इसमें फाइबर होने की वजह से पेट भरा महसूस हो सकता है, लेकिन फर्क इस बात से भी पड़ता है कि आप भुट्टे के साथ क्या मिला रहे हैं. ज्यादा मक्खन, नमक, चीज या दूसरे कैलोरी वाले टॉपिंग इसे भारी बना सकते हैं. इसलिए वजन कंट्रोल करने वालों के लिए सादा उबला या बिना अतिरिक्त फैट वाला भुना भुट्टा बेहतर विकल्प हो सकता है.

भुट्टे में कार्बोहाइड्रेट होता है, इसलिए डायबिटीज वाले लोगों को इसे खाते समय मात्रा का ध्यान रखना चाहिए. ऐसा नहीं है कि शुगर के मरीज भुना हुआ भुट्टा बिल्कुल नहीं खा सकते, बस कितना खा रहे हैं और किस तरह खा रहे हैं, ये ध्यान रखना जरूरी है. भुट्टे पर ज्यादा मक्खन, चीनी या दूसरी कैलोरी वाली चीजें डालने से बचें. अगर आपको ब्लड शुगर की परेशानी है, तो अपनी डाइट के हिसाब से भुट्टे को खाना बेहतर रहेगा.

भुट्टा खरीदते समय सिर्फ बड़ा और पीला देखकर न लें. बहुत ज्यादा कड़ा भुट्टा खाने में भी अच्छा नहीं लगता और दाने सूखे हो सकते हैं. ताजा भुट्टे के दाने हल्के नरम और रसदार होते हैं. इसे बहुत देर तक पकाने के बजाय जरूरत भर ही पकाएं, ताकि स्वाद अच्छा रहे. भुट्टा खाने से पहले दाने ठीक से पके हैं या नहीं, यह जरूर देख लें. ऊपर से नींबू और थोड़ा नमक डालकर खा सकते हैं.

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August 14, 2026, 17:08 IST

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