Agriculture: रबी सीजन में किसान ऐसे कम जमीन में उगाएं मटर, मुख्य फसल के साथ होगी अतिरिक्त कमाई

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रबी में ऐसे उगाएं मटर, कम जमीन में होगी अतिरिक्त कमाई, जानें आसान तरीका
Last Updated:September 11, 2026, 08:30 IST
Rabi Season Pea Cultivation Tips: मटर रबी मौसम की प्रमुख सब्जी फसलों में शामिल है और किसान इसका उपयोग अतिरिक्त आमदनी के लिए कर सकते हैं. खेत की मेड़ या किनारों पर मटर की बुवाई करने से खाली जगह का बेहतर इस्तेमाल होता है और मुख्य फसल की जमीन भी प्रभावित नहीं होती. फसल में समय पर सिंचाई, निराई-गुड़ाई और कीट-रोगों की निगरानी जरूरी है. हरी मटर की मांग बाजार में बनी रहने पर किसानों को बिक्री से बेहतर आमदनी की संभावना रहती है. हालांकि फसल तैयार करने से पहले स्थानीय बाजार के भाव और मांग की जानकारी लेना जरूरी है.
रबी की फसल का सीजन शुरू होने वाला है. सीजन शुरू होने से पहले किसान खेतों की तैयारी में जुट गए हैं. ऐसे में किसान अगर खेती से अतिरिक्त आमदनी करना चाहते हैं तो मुख्य फसल के साथ मटर की खेती भी कर सकते हैं. खेत की किनार या खाली जगह में मटर की फसल लगाने से एक ही खेत से अतिरिक्त उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है. इससे किसानों को कम जगह में दूसरी फसल का लाभ मिलने की संभावना रहती है.
मटर रबी मौसम में उगाई जाने वाली प्रमुख सब्जी फसलों में शामिल है. इसकी खेती के लिए मौसम अनुकूल होने पर किसान अच्छी पैदावार प्राप्त कर सकते हैं. किसान गेहूं, सरसों या दूसरी रबी फसलों के साथ खेत की मेड़ और किनारों पर मटर लगा सकते हैं. इस तरीके से मुख्य फसल के लिए उपयोग होने वाली जमीन प्रभावित नहीं होती और खेत के किनारे की जगह का भी बेहतर उपयोग किया जा सकता है.
मटर की फसल लगाने से पहले किसान को खेत की मिट्टी और सिंचाई व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए. खेत की मेड़ या किनारे की मिट्टी भुरभुरी और अच्छी जल निकासी वाली हो तो मटर के पौधों को बढ़ने में मदद मिलती है. किसान प्रमाणित और अच्छी गुणवत्ता वाले बीज का चयन करें. बुवाई से पहले स्थानीय कृषि विभाग से अपने क्षेत्र के मौसम और मिट्टी के अनुसार उपयुक्त किस्म की जानकारी लेना भी फायदेमंद रहेगा.
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खेत की किनार पर मटर की फसल लगाने का एक बड़ा फायदा यह है कि किसान को अतिरिक्त उत्पादन के लिए अलग से बड़ा खेत तैयार नहीं करना पड़ता. हालांकि मटर की फसल को भी समय-समय पर सिंचाई, निराई-गुड़ाई और कीट एवं रोगों की निगरानी की जरूरत होती है. किसान यदि फसल की नियमित देखभाल करते हैं तो पौधों की अच्छी बढ़वार हो सकती है और उत्पादन बेहतर मिलने की संभावना बढ़ जाती है.
मटर की तुड़ाई बाजार की मांग पूरे साल भर रहती है. हरी मटर की बाजार में मांग रहने पर किसानों को स्थानीय मंडी, सब्जी बाजार या आसपास के व्यापारियों से अच्छे दाम मिलने की संभावना रहती है. हालांकि बाजार भाव हर दिन और हर स्थान पर अलग हो सकते हैं, इसलिए किसान फसल तैयार होने से पहले स्थानीय बाजार की स्थिति और मांग की जानकारी जरूर लें. इससे बिक्री की बेहतर योजना बनाने में मदद मिलेगी.
First Published :
September 11, 2026, 08:29 IST



