Rajasthan

RTU में रात को सोया छात्र सुबह नहीं उठा, सर्पदंश की आशंका, इलाज में देरी के आरोप से मचा बवाल

Last Updated:October 09, 2026, 10:15 IST

Kota RTU Student Death Case: कोटा स्थित राजस्थान टेक्निकल यूनिवर्सिटी के छात्रावास में गुरुवार सुबह 19 वर्षीय छात्र अक्षित शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. जयपुर के झोटवाड़ा निवासी अक्षित आईटी प्रथम वर्ष का छात्र था और भास्कर भवन के एच-4 छात्रावास में रहता था. वरिष्ठ छात्रों ने सर्पदंश से मौत की आशंका जताते हुए आरोप लगाया कि समय पर उपचार नहीं मिलने से उसकी जान चली गई. हालांकि, मुख्य वार्डन डी.के. यादव ने सर्पदंश की आशंका को खारिज करते हुए कहा कि मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्पष्ट होगी. छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है. उनका दावा है कि वार्डन के पहुंचने में देरी हुई और एम्बुलेंस को भी मुख्य द्वार पर करीब 30 मिनट तक रोका गया. घटना के बाद छात्रों ने प्रदर्शन कर मुख्य वार्डन को हटाने और मृतक के परिवार को मुआवजा देने की मांग की.Amazon Prime DayTop Deals InsideRTU में मौत पर बवाल, छात्रों का आरोप- समय पर इलाज मिलता तो बच जाती जानZoomकोटा स्थित राजस्थान टेक्निकल यूनिवर्सिटी के छात्रावास में छात्र अक्षित शर्मा की मौत पर बवाल

कोटा. राजस्थान टेक्निकल यूनिवर्सिटी (RTU) में गुरुवार सुबह 19 वर्षीय छात्र अक्षित शर्मा की छात्रावास के कमरे में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. घटना के बाद विश्वविद्यालय परिसर में हंगामा शुरू हो गया. नाराज छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए मुख्य वार्डन को हटाने और मृतक के परिवार को मुआवजा देने की मांग की. मृतक अक्षित जयपुर के झोटवाड़ा का रहने वाला था और विश्वविद्यालय में आईटी प्रथम वर्ष का छात्र था.

वह भास्कर भवन के एच-4 छात्रावास के कमरा नंबर 61 में दो अन्य छात्रों के साथ रहता था. वरिष्ठ छात्रों का दावा है कि अक्षित को सर्पदंश हुआ था और समय पर उपचार नहीं मिलने के कारण उसकी हालत बिगड़ गई. हालांकि, विश्वविद्यालय प्रशासन ने सर्पदंश की आशंका को खारिज करते हुए कहा है कि मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा. घटना के बाद छात्रों ने परिसर में विरोध प्रदर्शन कर प्रशासन से जवाबदेही तय करने की मांग की.

रात को खाना खाकर सोया, सुबह नहीं उठा अक्षित

बताया जा रहा है कि अक्षित बुधवार को विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल हुआ था. इसके बाद रात को खाना खाकर वह अपने छात्रावास के कमरे में सोने चला गया. गुरुवार सुबह जब वह नहीं उठा तो उसके साथ कमरे में रहने वाले छात्रों ने मुख्य वार्डन डी.के. यादव को सूचना दी. इसके बाद अक्षित को नए मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया. घटना की जानकारी मिलते ही छात्रावास और विश्वविद्यालय परिसर में चर्चा शुरू हो गई.

सर्पदंश से मौत का दावा, पोस्टमार्टम से खुलेगा राज

छात्रों के अनुसार, अक्षित को सांप ने काट लिया था और वह बेहोश हो गया था. छात्रों का आरोप है कि समय पर इलाज नहीं मिलने से उसकी जान चली गई. दूसरी ओर, मुख्य वार्डन डी.के. यादव ने सर्पदंश की संभावना से इनकार किया है. उनके अनुसार, सूचना मिलने के बाद वह और कुलपति करीब 15 मिनट के भीतर मौके पर पहुंच गए थे. इसके बाद छात्र को अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत की पुष्टि हुई. प्रशासन का कहना है कि मौत की वास्तविक वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगी.

वार्डन को हटाने और मुआवजे की मांग पर प्रदर्शन

घटना के बाद छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया. छात्रों का दावा है कि मुख्य वार्डन करीब एक घंटे की देरी से मौके पर पहुंचे. उनका यह भी आरोप है कि अक्षित के हाथ नीले पड़ने के बावजूद जांच के नाम पर एम्बुलेंस को विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर करीब 30 मिनट तक रोके रखा गया. हालांकि, इन आरोपों पर प्रशासन का पक्ष अलग है. नाराज छात्रों ने मुख्य वार्डन को हटाने और मृतक के परिवार को मुआवजा देने की मांग की है. फिलहाल, अक्षित की मौत के वास्तविक कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चलेगा. घटना ने विश्वविद्यालय परिसर में छात्र सुरक्षा और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं.

About the Authorदीप रंजन सिंह Content Producer

दीपरंजन सिंह लगभग एक दशक से पत्रकारिता के फिल्ड से जुड़े हुए हैं. वह अभी न्यूज18 हिंदी के राजस्थान डिजिटल डेस्क से जुड़े हैं, जहां वे बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले लगभग एक दशक से सक्रिय पत…

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October 09, 2026, 09:49 IST

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