‘हिंदू के खिलाफ काम कर रहीं आसुरी ताकतें’, रिजीम चेंज पर बोले मोहन भागवत- सत्ता परिवर्तन समस्या का हल नहीं

Last Updated:October 20, 2026, 10:57 IST
भागवत के मुताबिक, भारत सहित पूरी दुनिया में भद्रता, मांगल्य, सांस्कृतिक और मानवीय संस्कारों को नष्ट करने की आसुरी प्रतिज्ञा के साथ पश्चिम से एक आंधी चली है, जिससे दुनिया के तथाकथित प्रगतिशील देश भी त्रस्त और असहाय हैं.मोहन भागवत ने कहा कि पश्चिम से चली आंधी से बचकर रहना है.
नागपुर. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत ने भारत, हिंदू समाज और संघ को तोड़ने की योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि कुछ आसुरी ताकतें इसके लिए योजनाबद्ध तरीके से काम करती हैं और उनकी प्रकृति के कुछ लोग इसमें मदद करते हैं. उन्होंने कहा कि क्षुद्र सत्ता स्वार्थ और विवेकहीनता के कारण कुछ महत्वाकांक्षी नेता भी इसमें शामिल हो जाते हैं। भागवत के मुताबिक, भारत सहित पूरी दुनिया में भद्रता, मांगल्य, सांस्कृतिक और मानवीय संस्कारों को नष्ट करने की आसुरी प्रतिज्ञा के साथ पश्चिम से एक आंधी चली है, जिससे दुनिया के तथाकथित प्रगतिशील देश भी त्रस्त और असहाय हैं। रिजीम चेंज यानी सत्ता परिवर्तन के संदर्भ में उन्होंने कहा कि सत्ता बदलना समस्या का समाधान नहीं है.
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने 20 अक्टूबर को जोर देकर कहा कि संघ ने सदियों के संघर्ष के बीच सनातन और हिंदू धर्म को जीवंत और अडिग बनाए रखने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई है. आरएसएस प्रमुख ने ऐतिहासिक संदर्भों का जिक्र करते हुए कहा कि भारत पर हुए इस्लामी हमलों और विपरीत परिस्थितियों के दौर में हिंदू समाज को बिखरने से बचाने में संघ के निरंतर सांस्कृतिक और संगठनात्मक प्रयासों का बड़ा योगदान रहा है.
नागपुर के रेशिमबाग मैदान में आयोजित पारंपरिक विजयादशमी उत्सव को संबोधित करते हुए मोहन भागवत ने कहा कि संघ केवल एक संगठन नहीं, बल्कि विपरीत दौर में भी हिंदू संस्कृति, पहचान और आस्था की रक्षा करने वाला एक मजबूत सुरक्षा कवच बनकर उभरा है.
About the Authorराकेश रंजन कुमार
राकेश रंजन कुमार को डिजिटल पत्रकारिता में 10 साल से अधिक का अनुभव है. न्यूज़18 के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान, दैनिक जागरण, ज़ी न्यूज़, जनसत्ता और दैनिक भास्कर में काम किया है. वर्तमान में वह h…
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Nagpur,Maharashtra
First Published :
October 20, 2026, 10:44 IST



