ग्रामीणों को मिला मृत मोर और जले हुए अवशेष, पुलिस जांच शुरू

Last Updated:November 01, 2026, 13:46 IST
National Bird Peacock Hunted in Jhalawar: झालावाड़ जिले के मनोहरथाना उपखंड के महेशपुरा गांव में राष्ट्रीय पक्षी मोर का शिकार करने का गंभीर मामला सामने आया है. ग्रामीणों को कब्रिस्तान के पास एक मृत मोर तथा अन्य मोरों के जले हुए अवशेष मिले. सूचना पर पहुंची दांगीपुरा थाना पुलिस ने अवशेषों को कब्जे में लेकर मनोहरथाना पशु चिकित्सालय में पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया. ग्रामीणों ने पुलिस और वन विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए शिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है.
ख़बरें फटाफट
National Bird Peacock Hunt: झालावाड़ के मनोहरथाना में राष्ट्रीय पक्षी मोर का शिकार, जले अवशेष मिलने से आक्रोशNational Bird Peacock Hunt: झालावाड़ के मनोहरथाना में राष्ट्रीय पक्षी मोर का शिकार, जले अवशेष मिलने से आक्रोश
झालावाड़: राजस्थान के झालावाड़ जिले के मनोहरथाना उपखंड क्षेत्र से एक बेहद गंभीर और चिंताजनक मामला सामने आया है. इलाके में इन दिनों राष्ट्रीय पक्षी मोर के शिकारी सक्रिय बने हुए हैं. ताजा मामला दांगीपुरा थाना क्षेत्र के महेशपुरा गांव का है, जहां ग्रामीणों को कब्रिस्तान के पास एक शिकार किया हुआ मृत मोर मिला. इस घटना के बाद से ही पूरे क्षेत्र के ग्रामीणों में भारी आक्रोश और रोष व्याप्त है.
कब्रिस्तान के आसपास तलाशी लेने पर ग्रामीणों को मौके से कई अन्य मृत मोरों के जले हुए अवशेष भी बरामद हुए हैं. ग्रामीणों ने इस घटना की सूचना तुरंत स्थानीय दांगीपुरा थाना पुलिस को दी. सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और स्थल का मुआयना किया. पुलिस ने मृत मोर के साथ-साथ मिले अन्य जले हुए अवशेषों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया के लिए मनोहरथाना के सरकारी पशु चिकित्सालय भिजवा दिया है.
शिकारी गिरोह सक्रिय, मांस पकाने का आरोपपूरे मामले में स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि पिछले कई दिनों से क्षेत्र में राष्ट्रीय पक्षी मोर के शिकारी बेखौफ होकर घूम रहे हैं. दूर-दराज के जंगलों और सुनसान इलाकों में मोर का शिकार किया जा रहा है. शिकारी शिकार के बाद मोरों के शवों को अपने साथ ले जाते हैं, वहीं कई बार जंगल में ही मोरों को जलाकर उनका मांस खा लेते हैं और बचे हुए अवशेषों को वहीं फेंक कर फरार हो जाते हैं.
वन विभाग और पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर सवालग्रामीणों ने वन विभाग और स्थानीय पुलिस प्रशासन पर घोर लापरवाही बरतने का सीधा आरोप लगाया है. ग्रामीणों का कहना है कि बार-बार शिकायत और सूचना देने के बाद भी संबंधित विभाग सतर्क नहीं हो रहे हैं, जिसके कारण शिकारियों के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं. यदि समय रहते कड़ी गश्त लगाई जाती तो राष्ट्रीय पक्षी के शिकार की ऐसी दर्दनाक घटनाओं को रोका जा सकता था.
सख्त कार्रवाई और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजारफिलहाल पुलिस और वन विभाग की संयुक्त टीम द्वारा राष्ट्रीय पक्षी मोर का पोस्टमार्टम करवाया जा रहा है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मोरों की मौत के वास्तविक कारणों और समय का पूरा खुलासा हो पाएगा. वहीं दूसरी ओर, आक्रोशित ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि इस घिनौने अपराध में शामिल शिकारियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए ताकि बेजुबान राष्ट्रीय पक्षियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके.
About the Authorvicky Rathore
Vicky Rathore (born July 25, 1994) is a multimedia journalist and digital content specialist currently working with Rajasthan. I have over 8 years of experience in digital media, where I specialize in cr…
और पढ़ेंLocation :
Jhalawar,Jhalawar,Rajasthan
First Published :
November 01, 2026, 13:46 IST



