सिर्फ 2 साल उम्र में प्रांश दगदी ने रचा इतिहास, 3 किलो वजन लेकर 60 मीटर स्केटिंग कर बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड

Last Updated:November 01, 2026, 18:21 IST
Pransh Dagdi World Record: अजमेर के नन्हे स्केटर प्रांश दगदी ने महज 2 साल 10 माह और 7 दिन की उम्र में विश्व रिकॉर्ड बनाकर सबको हैरान कर दिया. प्रांश ने 3 किलो वजन लेकर स्केटिंग करते हुए 60 मीटर की दूरी 1 मिनट 12 सेकंड में पूरी की.
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महज 2 साल 10 माह की उम्र में प्रांश दगदी ने रचा इतिहास
अजमेर: अजमेर शहर से प्रतिभा और हौसले की एक ऐसी अद्भुत मिसाल सामने आई है जिसने पूरे देश को अचंभित कर दिया है. यह साबित हो गया है कि प्रतिभा और कड़ी मेहनत कभी भी उम्र की मोहताज नहीं होती है. अजमेर के रहने वाले महज 2 साल, 10 महीने और 7 दिन के नन्हे स्केटर प्रांश दगदी ने स्केटिंग के क्षेत्र में एक असाधारण विश्व रिकॉर्ड बनाकर न सिर्फ अपने परिवार बल्कि पूरे देश और अजमेर का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित किया है.
प्रांश की इस दुर्लभ और प्रेरणादायक उपलब्धि के लिए उन्हें प्रतिष्ठित ‘बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स’ की ओर से आधिकारिक प्रमाण पत्र प्रदान किया गया है. इतनी कम उम्र में यह मुकाम हासिल करना अपने आप में एक मिसाल है, जिसकी चर्चा हर तरफ हो रही है.
बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज हुई उपलब्धिजारी किए गए आधिकारिक प्रमाण पत्र के अनुसार, नन्हे प्रांश ने स्केटिंग के दौरान वजन उठाकर एक निर्धारित समय में बेहद शानदार और हैरान कर देने वाला प्रदर्शन किया है. उन्होंने शरीर पर 3 किलोग्राम वजन के साथ 60 मीटर की दूरी को मात्र 1 मिनट 12 सेकंड के भीतर सफलतापवूर्क पूरा कर दिखाया. इस साहसिक और कठिन प्रदर्शन की रिकॉर्डिंग और अन्य साक्ष्यों को ‘बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स’ की वेरिफिकेशन कमेटी के पास भेजा गया था, जहां गहन जांच के बाद इस रिकॉर्ड को आधिकारिक स्वीकृति प्रदान की गई. प्रमाण पत्र पर रिकॉर्ड दर्ज होने की तारीख 14 अक्टूबर 2026 तथा रिकॉर्ड संख्या BWR/IND/2026/001604 अंकित है.
रोजाना 4 घंटे का कड़ा अभ्यास और परिवार का मिला मजबूत संबलअजमेर के वंडर वर्ल्ड प्ले स्कूल में अध्ययनरत नन्हे प्रांश दगदी, पिता सूरज दगदी और माता निर्मला बागड़ी के सुपुत्र हैं. प्रांश ने बहुत ही कम यानी महज 2 साल 2 महीने की उम्र से ही स्केटिंग सीखने की शुरुआत कर दी थी और पिछले 10 महीनों से वे लगातार इसका अभ्यास कर रहे हैं. उनकी दिनचर्या बेहद अनुशासित है; वे प्रतिदिन सुबह 4 से 6 बजे और शाम को 5 से 7 बजे तक यानी कुल 4 घंटे कड़ा स्केटिंग अभ्यास करते हैं. प्रांश की इस अद्भुत प्रतिभा को पहचानकर उनके परिवारजनों ने उन्हें वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने के लिए प्रेरित किया, जिसके बाद एक महीने तक उन्हें विशेष अभ्यास करवाया गया.
आत्मविश्वास और अनुशासन का प्रतीक बने प्रांशनन्हे प्रांश ने अपनी मेहनत, पक्के इरादे और अदम्य साहस के बल पर आखिरकार विश्व रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया. इतनी कम उम्र में इस स्तर का आत्मविश्वास और अनुशासन वाकई हैरान करने वाला है. ऐतिहासिक सफलता के बाद प्रांश के घर और पूरे इलाके में खुशी की लहर दौड़ गई है. हर कोई नन्हे उस्ताद को बधाई दे रहा है और उनके उज्जवल भविष्य की कामना कर रहा है. प्रांश की यह सफलता अन्य बच्चों और युवाओं के लिए भी प्रेरणा का बड़ा स्त्रोत बन गई है.
About the AuthorJagriti Dubey
मेरा नाम जागृति दुबे है. मीडिया और डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में पिछले 6 वर्षों से सक्रिय हूं. पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को मैंने वर्ष 2019 में GBN 24 न्यूज़ चैनल से इंटर्नशिप के साथ शुरुआत देकर एक पेशेव…
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Ajmer,Rajasthan
First Published :
November 01, 2026, 18:21 IST



