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डायरेक्टर के पास नहीं थे पैसे, किराए के घर में हुई शूटिंग, राइटर भी नशे में धुत, 9 मिनट में लिखी गजल बनी अमर

Last Updated:July 08, 2026, 13:10 IST

यश चोपड़ा की फिल्म सिलसिला चर्चित फिल्म थी. इस फिल्म के असिस्टेंट ने आगे चलकर खुद की फिल्म बनाने का तय किया. नया नवेला डायरेक्टर फिल्म बनाने तो निकल पड़ा लेकिन जेब में उतने पैसे नहीं थे.

डायरेक्टर ने भी एक खूबसूरत लवस्टोरी बनाने के लिए नामी चेहरों को कास्ट करने का विचार किया. वह बखूबी जानते थे कि फिल्म के लिए गानों की भी अहमियत होती है. ऐसे में वह जावेद अख्तर जैसे नामी राइटर से गाना लिखवाना चाहते थे. अब कम पैसों में वह फिल्म कैसे बनाए और गाना कैसे लिखवाते… ये एक बड़ी दुविधा थी.

दरअसल सिलसिला के चौथे असिस्टेंट रमन कुमार ने अपनी फिल्म बनाने का सोचा. साल 1982 में उन्होंने साथ साथ फिल्म बनाई. जिसमें उन्होंने दिप्ति नवल और फारुख शेख जैसे सितारों को कास्ट किया. इस फिल्म का बजट काफी लो था.

जब वह फिल्म बनवा रहे थे तो उनकी दिलीतमन्ना थी कि जावेद अख्तर इस फिल्म के लिए एक गीत लिख दें. कई बार उन्होंने राइटर से दरख्वास्त भी की. जावेद अख्तर भी रोज हां तो कह रहे थे लेकिन उन्हें गीत लिखने का वक्त नहीं मिल रहा था.

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ऐसे में एक दिन रमन कुमार रात में फिर से जावेद अख्तर को मनाने के लिए पहुंच गए. उन दिनों जावेद अख्तर खूब शराब पिया करते थे. उस दिन भी वह 8 पेग शराब पी चुके थे.

यूं तो रमन कुमार की ट्रेन थीं और उन्हें काम के सिलसिले में कहीं निकलना था. लेकिन वह नशे में चूर जावेद अख्तर को गाना लिखने के लिए भी कहते थे. उस दिन राइटर ने भी कलम और कागज निकाला और 9 मिनट के अंदर एक गाना लिखकर दे दिया.

जावेद अख्तर को भी उस वक्त बिल्कुल भी इस बात का इल्म नहीं था कि छोटे बजट की साथ साथ फिल्म का ये गाना यूं अमर हो जाएगा. दरअसल नशे में जावेद अख्तर ने ‘तुमको देखा तो ख्याल आया’ लिखा था.

‘तुमको देखा तो ख्याल आया’ एक गजल थी जिसे जगजीत सिंह और चित्रा ने गाया था. ये गाना उस वक्त हर किसी की जुबान पर चढ़ गया. फिल्म के लिए भी ये गाना काम आया.

साथ साथ फिल्म की बात करें तो ये 1982 में रिलीज हुई थी जिसे रमन कुमार ने ही लिखा और डायरेक्ट किया. इसे दिलीप धवन ने प्रोड्यूस किया था. फिल्म के सारे गाने जावेद अख्तर ने लिखे थे तो कुलदीप सिंह ने म्यूजिक दिया था.

रमन कुमार की साथ साथ को बनाने के लिए बजट बहुत कम था. उन्होंने फिल्म को शूट करने के लिए एक अपार्टमेंट किराए पर लिया था. ताकि कम से कम पैसों में वह शूटिंग पूरी कर सकें. बॉक्स ऑफिस पर ये फिल्म एवरेज साबित हुई थी.

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