NH-52 Four Lane Sikar | 402 Crore Road Project | Sikar Infrastructure Development | Rajasthan Highway Expansion | NH-52 Sikar Bypass Upgrade

Last Updated:January 10, 2026, 16:46 IST
NH-52 Four Lane Sikar: सीकर में बड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट शुरू होने जा रहा है जिसमें सीकर बाइपास से लक्ष्मणगढ़–फतेहपुर तक NH-52 को फोरलेन में विस्तारित किया जाएगा. इस परियोजना पर 402 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे, जिसका उद्देश्य ट्रैफिक सुधारना और यातायात को सुगम बनाना है. इससे बसों, ट्रकों और निजी वाहनों को यात्रा में समय की बचत होगी. स्थानीय व्यापार और कनेक्टिविटी को भी मजबूती मिलेगी, जिससे क्षेत्र का विकास और बढ़ेगा.
Sikar News: राजस्थान के शेखावाटी क्षेत्र के लोगों के लिए अच्छी खबर है. सीकर बाइपास से लक्ष्मणगढ़-फतेहपुर से जोड़ने वाले एनएच-52 का फोरलेन प्रोजेक्ट जल्द शुरू हो सकता है. यहां 39 किमी तक फोरलेन हाईवे बनाया जाएगा. इसका प्रस्ताव मिनिस्ट्री ऑफ रोड ट्रांसपोर्ट एंड हाईवे को भेजा जा चुका है. प्रस्ताव के अनुसार इस प्रोजेक्ट के लिए 402 करोड़ रुपए की लागत आने का अनुमान है. ऐसे में केंद्र सरकार की मंजूरी मिलते ही इस फोरलेन प्रोजेक्ट का काम शुरू हो जाएगा.

आपको बता दें कि अभी एनएच-52 पर सीकर बाइपास से कई किलोमीटर तक ट्रैफिक की समस्या अधिक रहती है. यहां बाइपास होने के बाद भी हर समय भारी वाहनों की आवाजाही के कारण जाम लगा रहता है. इसके अलावा एक्सीडेंट की स्थिति भी बनी रहती है. ऐसे में यह हाइवे फोरलेन बनने स्थानीय लोगों के साथ-साथ भारी वाहन चालकों को भी राहत मिलेगी. अभी सीकर बाइपास पर वाहनों की लंबी कतारें नजर आती हैं.

मोर्थ को भेजे प्रस्ताव के अनुसार इस फोरलाइन प्रोजेक्ट में सड़क सुरक्षा पर अधिक ध्यान दिया जाएगा. सड़क निर्माण के दौरान जगह जगह ट्रैफिक कंट्रोल डिवाइस, आधुनिक ड्रेनेज सिस्टम, जंक्शन इम्प्रूवमेंट, मोडियन हॉर्टीकल्चर और एवेन्यू प्लटिशन लगाए जाएंगे. सीकर में फोरलेन प्रोजेक्ट के अलावा यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए धोद व पालवास सहित कई रोड क्रॉसिंग एरिया में फ्लाईओवर, वीओपी (व्हीकुलर अंडरपास), बस-लेन-बे और पैसेंजर शेल्टर का भी प्रस्ताव भेजा गया है.
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आपको बता दें कि, इस प्रोजेक्ट का असर सीकर और जयपुर सहित आसपास के कई जिलों के व्यापार, उद्योग और पर्यटन पर भी पड़ेगा. फोरलेन बनने से माल परिवहन और भी अधिक आसान हो जाएगा. इससे व्यापारियों की लागत घट जाएगी. जिससे आसपास के क्षेत्र में व्यापारिक गतिविधियों में बढ़ोतरी होने की संभावना है. स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों के अनुसार सरकार से इस फोरलेन प्रोजेक्ट की लंबे समय से मांग की जा रही थी.

ऐसे में अब मिनिस्ट्री ऑफ रोड ट्रांसपोर्ट एंड हाईवे को रोड़ बनाने का प्रस्ताव भेजने के बाद उम्मीद है कि केंद्र सरकार इसे जल्द स्वीकृति देगी. मंजूरी मिलते ही टेंडर व निर्माण कार्य शुरू होने का रास्ता साफ हो जाएगा अगर सब कुछ योजना के मुताबिक रहा, तो 2026 में इस फोरलाइन निर्माण का कार्य शुरू कर दिया जाएगा और 2027 में एनएच-52 का यह हिस्सा शेखावाटी के विकास की रीढ़ साबित हो सकता है.

आपको बता दें कि, सीकर से निकलने वाला यह एनएच-52 हाइवे व्यापार और उद्योग के साथ-साथ धार्मिक पर्यटन के हिसाब से भी बहुत खास है. इस मार्ग से खाटूश्यामजी, जीणमाता, सालासर बालाजी व बीकानेर करणी माता जाने वाले यात्रियों की भी आवाजाही रहती है. सालासर बालाजी से खाटूश्याम जी मंदिर जाने वाले भक्तों को भी इसी रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है. ऐसे में बेहतर सड़क नेटवर्क से पर्यटकों की आवाजाही बढ़ने की उम्मीद है.
First Published :
January 10, 2026, 16:46 IST
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सीकर बाइपास से लक्ष्मणगढ़–फतेहपुर तक NH-52 बनेगा फोरलेन, 402 करोड़ खर्च



