National

मानसून का असली धमाल अभी बाकी, बंगाल की खाड़ी में नया सिस्‍टम – imd weather today aaj kaisa rahega mausam new low pressure in bay of bengal heavy rain

IMD Weather Today: देश के कई हिस्सों में मानसून सक्रिय बना हुआ है. अगले कुछ दिनों तक मध्य भारत, पूर्वी और पूर्वोत्तर राज्यों में भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है. मौसम विभाग के अनुसार, इस सप्ताह कहीं-कहीं भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है. अगले दो दिनों के दौरान पूर्वी राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है. मौसम विभाग (IMD) ने बताया कि 13 अगस्त के आसपास उत्तरी बंगाल की खाड़ी और उससे सटे पश्चिम बंगाल के तटों पर एक नया कम दबाव का क्षेत्र बन सकता है. इसके प्रभाव से 13 अगस्त से पश्चिम बंगाल, ओडिशा, झारखंड, छत्तीसगढ़ और बिहार में बारिश की गतिविधियों में तेजी आने की संभावना है. इससे इन राज्यों में भारी बारिश के नए दौर की शुरुआत हो सकती है. दिल्‍ली-NCR में मौसम कमोबेश स्थिर बना रहेगा. हल्‍की से बहुत हल्‍की बारिश होने की संभावना है.

मौसम विभाग के मुताबिक, पिछले 24 घंटों के दौरान उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और ओडिशा में बहुत भारी बारिश दर्ज की गई. इन क्षेत्रों में 12 से 20 सेंटीमीटर तक बारिश हुई. इसके अलावा पूर्वी राजस्थान, पश्चिम बंगाल, बिहार, मध्य महाराष्ट्र, असम, केरल और दक्षिण कर्नाटक में 7 से 11 सेंटीमीटर तक भारी बारिश दर्ज की गई. IMD के अनुसार, मानसून ट्रफ का पश्चिमी सिरा समुद्र तल पर अपनी सामान्य स्थिति के आसपास बना हुआ है, जबकि इसका पूर्वी सिरा सामान्य स्थिति से दक्षिण में है. दक्षिण गंगा के मैदानी इलाकों वाले पश्चिम बंगाल और उससे सटे उत्तरी ओडिशा के ऊपर बना कम दबाव का क्षेत्र अब उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश और उससे सटे छत्तीसगढ़ के ऊपर स्थित है.

कहां कब होगी बारिश

मौसम विभाग ने कहा कि 11 अगस्त के आसपास उत्तरी बंगाल की खाड़ी और उससे सटे पश्चिम बंगाल-बांग्लादेश तट के पास नया चक्रवाती परिसंचरण विकसित हो सकता है. इसके बाद 13 अगस्त के आसपास इसी क्षेत्र में कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है. 15 अगस्त तक हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और उत्तराखंड में व्यापक बारिश की संभावना है. इस दौरान उत्तराखंड में कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ आंधी और बिजली गिरने की आशंका भी जताई गई है. 10 अगस्त को उत्तराखंड और 10-11 अगस्त को हिमाचल प्रदेश तथा पूर्वी राजस्थान में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश हो सकती है. पंजाब में 10-11 और 13-14 अगस्त, जबकि हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में 10-11 तथा 13 अगस्त को बारिश की संभावना है. पूर्वी उत्तर प्रदेश में 13-14 अगस्त के दौरान व्यापक बारिश हो सकती है.

मध्य भारत में अगले दो दिन सबसे ज्यादा असर

पूर्वी और पश्चिमी मध्य प्रदेश तथा विदर्भ में 11 अगस्त तक कई स्थानों पर बारिश होने की संभावना है. छत्तीसगढ़ में 10 अगस्त और फिर 13-15 अगस्त के दौरान बारिश का दौर सक्रिय रह सकता है. छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और विदर्भ में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश होने की आशंका है. पश्चिमी मध्य प्रदेश में 9-10 अगस्त और 11 अगस्त को भी भारी बारिश हो सकती है.

पूर्वी और पूर्वोत्तर राज्यों में भी बढ़ेगी बारिश

पश्चिम बंगाल और झारखंड में 15 अगस्त तक व्यापक बारिश की संभावना है. ओडिशा में 10 और 13-15 अगस्त को बारिश का दौर तेज रह सकता है. बिहार में 13-15 अगस्त के दौरान व्यापक बारिश की संभावना है. पश्चिम बंगाल, झारखंड, बिहार और ओडिशा में 13 अगस्त के बाद भारी बारिश का असर बढ़ सकता है. पूर्वोत्तर में अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय तथा नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में भी बारिश जारी रहने की संभावना है. कई राज्यों में 13 अगस्त तक बीच गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका है. अरुणाचल प्रदेश, असम और नागालैंड में कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश भी हो सकती है.

दक्षिण और पश्चिम में भी मानसून सक्रिय

कोंकण और गोवा में 15 अगस्त तक व्यापक बारिश की संभावना है. मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा में भी बारिश का दौर जारी रहेगा. गुजरात क्षेत्र में 10-12 अगस्त के दौरान व्यापक बारिश हो सकती है और 11 अगस्त को कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है. दक्षिण भारत में तटीय कर्नाटक, केरल और माहे में 15 अगस्त तक व्यापक बारिश होने की संभावना है. तटीय कर्नाटक, केरल और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है. केरल, माहे, लक्षद्वीप और तमिलनाडु में 10 अगस्त को तेज हवाओं के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका है. इन क्षेत्रों में हवा की गति 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे और झोंकों के साथ 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है. मौसम विभाग ने अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कई हिस्सों में भी समुद्र की स्थिति खराब रहने की चेतावनी दी है. ऐसे में मछुआरों को संबंधित समुद्री क्षेत्रों में जाने से बचने की सलाह दी गई है.

Source link

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

Uh oh. Looks like you're using an ad blocker.

We charge advertisers instead of our audience. Please whitelist our site to show your support for Nirala Samaj