ट्रैक्टर लगाकर किसानों ने रोके रास्ते, 35वें दिन भी महापड़ाव जारी, आपातकालीन वाहनों को छूट

Last Updated:October 14, 2026, 17:04 IST
Anupgarh Branch Farmers Protest: राजस्थान के खाजूवाला, बीकानेर और श्रीगंगानगर के अनूपगढ़ ब्रांच क्षेत्र में सिंचाई पानी की मांग को लेकर किसानों ने चक्काजाम शुरू करने का ऐलान किया है. घड़साना में किसानों ने ट्रैक्टर-ट्रॉलियां लगाकर कई मार्गों पर आवाजाही रोक दी. अनूपगढ़ ब्रांच के स्थायी समाधान की मांग पर 35वें दिन भी महापड़ाव जारी है. किसानों ने अनिश्चितकालीन आंदोलन की घोषणा की है. पुलिस-प्रशासन अलर्ट है.
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ट्रैक्टर-ट्रॉलियां लगाकर किसानों ने रोके रास्ते
बीकानेर: बीकानेर जिले के खाजूवाला और अनूपगढ़ क्षेत्र से किसानों के उग्र आंदोलन को लेकर एक बड़ी और अहम खबर सामने आ रही है. अनूपगढ़ शाखा नहर क्षेत्र में सिंचाई के पानी की मांग को लेकर किसानों का आंदोलन अब और अधिक तेज हो गया है. पिछले 35 दिनों से चल रहे क्रमिक महापड़ाव के बाद अब किसानों ने सरकार और प्रशासन के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का ऐलान करते हुए अनिश्चितकालीन चक्काजाम शुरू कर दिया है. इस बड़े आंदोलन के कारण क्षेत्र की सड़कों पर वाहनों की रफ्तार पूरी तरह थम गई है.
मिली जानकारी के अनुसार, अनूपगढ़ ब्रांच क्षेत्र के घड़साना और खाजूवाला सहित विभिन्न इलाकों में किसानों ने मंगलवार से सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया. खाजूवाला से अनूपगढ़ तक मुख्य मार्गों पर किसानों ने अपने ट्रैक्टर-ट्रॉलियां और अन्य भारी वाहन खड़े करके रास्ते पूरी तरह से जाम कर दिए हैं. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने एम्बुलेंस और अन्य आपातकालीन वाहनों को छोड़कर बाकी सभी प्रकार की व्यावसायिक और निजी वाहनों का आना-जाना बंद कर दिया है.
पुलिस बल और सुरक्षा एजेंसियों को तैनात कर दियाकिसानों की संयुक्त संघर्ष समिति ने कड़ा रुख अपनाते हुए दो टूक शब्दों में चेतावनी दी है कि जब तक सिंचाई पानी की समस्या का कोई समाधान नहीं होता, तब तक उनका यह आंदोलन जारी रहेगा. समिति के पदाधिकारियों का कहना है कि किसान जहां चाहेंगे, वहीं अपने स्तर पर सड़कों को पूरी तरह जाम रखेंगे. इस चक्काजाम की पूर्व चेतावनी के चलते स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक महकमा पूरी तरह से अलर्ट मोड है. किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए खाजूवाला, अनूपगढ़ और घड़साना क्षेत्र में भारी पुलिस बल और सुरक्षा एजेंसियों को तैनात कर दिया है.
किसानों का महापड़ाव लगातार जारीसिंचाई पानी की मांग को लेकर पिछले 35 दिनों से स्थानीय प्रशासन कार्यालयों के बाहर किसानों का महापड़ाव लगातार जारी है, लेकिन लंबे समय से कोई ठोस समाधान न निकलने के कारण किसानों का गुस्सा अब सड़कों पर फूट पड़ा है. किसानों का आरोप है कि समय पर पानी नहीं मिलने के कारण उनकी फसलें सूख रही हैं, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है. यही वजह है कि अब वे पीछे हटने को तैयार नहीं हैं.
सड़क पर चल रहा संग्राम और अधिक तेज इस बीच, स्थानीय जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी किसानों से लगातार बातचीत कर स्थिति को काबू करने और जाम खुलवाने के प्रयास में जुटे हैं. हालांकि, किसानों की मांग है कि जब तक लिखित रूप में पानी की पूरी आपूर्ति का आश्वासन नहीं मिलता, तब तक आंदोलन खत्म नहीं होगा. अब देखना यह होगा कि प्रशासन की सूझबूझ से किसानों की इन मांगों पर कोई व्यावहारिक समाधान निकलता है या आने वाले दिनों में यह सड़क पर चल रहा संग्राम और अधिक तेज होता है.
About the AuthorJagriti Dubey
मेरा नाम जागृति दुबे है. मीडिया और डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में पिछले 6 वर्षों से सक्रिय हूं. पत्रकारिता के प्रति अपने जुनून को मैंने वर्ष 2019 में GBN 24 न्यूज़ चैनल से इंटर्नशिप के साथ शुरुआत देकर एक पेशेव…
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Bikaner,Rajasthan
First Published :
October 14, 2026, 17:04 IST



